
Mosam : राजस्थान में इन दिनों गर्मी अपने उग्र और प्रचंड रूप में नजर आ रही है। तपती धूप और लू की तीखी हवाओं ने पूरे प्रदेश को अपनी चपेट में ले लिया है, जिससे जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। कई शहरों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस (Celsius) को पार कर चुका है, और कुछ स्थानों पर तो यह 47 डिग्री सेल्सियस से भी अधिक दर्ज किया गया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राज्य के 11 प्रमुख जिलों में लू (Heatwave) को लेकर चेतावनी जारी की है, जिसमें येलो, ऑरेंज और रेड अलर्ट शामिल हैं। यह स्थिति न केवल असहज है, बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी गंभीर खतरा पैदा कर रही है।
भीषण गर्मी का कहर
Rajasthan ka Mosam : प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में गर्मी ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहता है, क्योंकि लोग लू के डर से घरों से बाहर निकलने से कतराने लगे हैं। बाजार, दुकानें और सार्वजनिक स्थान दिन के समय लगभग सुनसान हो जाते हैं। स्कूलों और कार्यालयों में भी गर्मी का असर साफ दिखाई दे रहा है। कई लोग दिन में ठंडे पेय पदार्थों और घरेलू उपायों का सहारा ले रहे हैं, ताकि इस तीव्र गर्मी से बचा जा सके।
मौसम विभाग के अनुसार, श्रीगंगानगर में अधिकतम तापमान 47.3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जो इस मौसम का सबसे गर्म दिन साबित हुआ। वहीं, माउंट आबू एकमात्र ऐसी जगह रही, जहां अधिकतम तापमान 31.0 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 19.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो अन्य शहरों की तुलना में काफी सुहावना है। इस गर्मी ने न केवल शहरी क्षेत्रों, बल्कि ग्रामीण इलाकों को भी अपनी चपेट में ले लिया है, जहां बिजली कटौती और पानी की कमी ने लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं।
मौसम विभाग का अलर्ट: येलो, ऑरेंज और रेड
Rain Alert : मौसम विभाग ने गर्मी और लू की गंभीरता को देखते हुए विभिन्न जिलों के लिए अलग-अलग स्तर की चेतावनियां जारी की हैं।
- येलो अलर्ट: अलवर, भरतपुर, बूंदी, धौलपुर, झुंझुनूं, कोटा और जैसलमेर में मध्यम स्तर की लू की स्थिति बनी हुई है। इन क्षेत्रों में लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
- ऑरेंज अलर्ट: बीकानेर और चूरू में गंभीर लू की स्थिति को देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। यहां तापमान 45 डिग्री सेल्सियस से अधिक रहने की संभावना है।
- रेड अलर्ट: हनुमानगढ़ और श्रीगंगानगर में सबसे गंभीर स्थिति है, जहां रेड अलर्ट लागू है। इन जिलों में लू का प्रभाव अत्यधिक खतरनाक स्तर पर है, और लोगों को विशेष रूप से सतर्क रहने की हिदायत दी गई है।
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच बाहर निकलने से बचें, पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं और हल्के रंग के ढीले कपड़े पहनें। बच्चों और बुजुर्गों को विशेष देखभाल की सलाह दी गई है, क्योंकि वे लू से अधिक प्रभावित हो सकते हैं।
गर्मी का प्रभाव और चुनौतियां
Weather Update : इस तीव्र गर्मी ने न केवल लोगों के स्वास्थ्य को प्रभावित किया है, बल्कि कई अन्य क्षेत्रों पर भी इसका गहरा असर पड़ा है।
- स्वास्थ्य: लू के कारण डिहाइड्रेशन, हीट स्ट्रोक और अन्य गर्मी से संबंधित बीमारियों के मामले बढ़ रहे हैं। अस्पतालों में मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है।
- कृषि: गर्मी और पानी की कमी ने फसलों पर प्रतिकूल प्रभाव डाला है, विशेष रूप से उन क्षेत्रों में जहां सिंचाई की सुविधा सीमित है।
- बिजली और पानी: कई इलाकों में बिजली कटौती और पानी की कमी ने लोगों की परेशानियां बढ़ा दी हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में यह समस्या और भी गंभीर है।
- पर्यटन: गर्मी के कारण पर्यटक स्थलों पर भीड़ कम हो रही है, हालांकि माउंट आबू जैसे ठंडे स्थान अभी भी आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।
16-17 जून से राहत की उम्मीद
मौसम विभाग के वैज्ञानिक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि अगले 2-3 दिनों तक उत्तर-पश्चिमी राजस्थान में भीषण लू की स्थिति बनी रहेगी। पूर्वी राजस्थान में अगले 4-5 दिनों तक तापमान 45-46 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है। फिलहाल बारिश (Rainfall) की कोई संभावना नहीं है, जिससे गर्मी से तत्काल राहत की उम्मीद कम है।
हालांकि, 16-17 जून के बाद मौसम में बदलाव के संकेत मिल रहे हैं। बंगाल की खाड़ी से आने वाली नम पूर्वी हवाओं का आंशिक प्रभाव पूर्वी राजस्थान में देखने को मिल सकता है। इससे तापमान में कमी और हल्की बारिश की संभावना बन रही है। यह बारिश न केवल गर्मी से राहत देगी, बल्कि किसानों और आम लोगों के लिए भी वरदान साबित हो सकती है।

सावधानियां और सुझाव
मौसम विभाग और स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को इस गर्मी से बचने के लिए कई सुझाव दिए हैं:
- दोपहर के समय अनावश्यक रूप से बाहर न निकलें।
- पर्याप्त मात्रा में पानी, नींबू पानी, ओआरएस और अन्य हाइड्रेटिंग पेय पदार्थों का सेवन करें।
- हल्के रंग के सूती कपड़े पहनें और सिर को ढककर रखें।
- घरों में पंखे, कूलर या एयर कंडीशनर का उपयोग करें, यदि संभव हो।
- बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों की विशेष देखभाल करें।
13 जून को इन जिलों में येलो अलर्ट
- तारीख: 13 जून, 2025 को बारिश की संभावना।
- प्रभावित क्षेत्र: कोटा, बारां और झालावाड़ जिले।
- अलर्ट: मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है।
राजस्थान में मानसून कब आएगा
जयपुर, 10 जून 2025: राजस्थान में इस साल मानसून की एंट्री को लेकर भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने नया अपडेट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार, मानसून इस बार तय समय से पहले राजस्थान में दस्तक दे सकता है। अनुमान है कि 18 से 20 जून के बीच मानसून प्रदेश में प्रवेश करेगा, जो सामान्य तारीख 25 जून से 5 से 7 दिन पहले है। आईएमडी ने पहले ही इस मानसून सीजन में सामान्य से अधिक बारिश की भविष्यवाणी की है और अल नीनो की स्थिति को खारिज कर दिया है, जो कम बारिश का कारण बनती है।
मौसम विभाग ने बताया कि मानसून ने पहले ही 24 मई को केरल में दस्तक दे दी थी, जो सामान्य तारीख 1 जून से 8 दिन पहले है। यह 16 साल बाद पहली बार हुआ है कि मानसून इतनी जल्दी केरल पहुंचा हो। इससे पहले 2009 में मानसून 23 मई को केरल पहुंचा था। अभी मानसून बंगाल की खाड़ी के दक्षिणी हिस्से, निकोबार द्वीप समूह और अंडमान सागर में सक्रिय है। पछुआ हवाओं का प्रभाव बढ़ने और ‘आउटगोइंग लॉन्गवेव रेडिएशन’ (ओएलआर) में कमी के कारण बादल छाने की स्थिति बनी है, जो मानसून के तेजी से आगे बढ़ने का संकेत है। rajasthan mein mansun kab aaega
पिछले छह सालों के आंकड़ों पर नजर डालें तो राजस्थान में मानसून की एंट्री का सामान्य समय 25 जून रहा है। साल 2024 और 2023 में मानसून 25 जून को, 2022 में 30 जून को, 2021 में 18 जून को, 2020 और 2019 में 24 जून को पहुंचा था। इस बार समय से पहले एंट्री के संकेतों ने किसानों और आम लोगों में उम्मीद जगाई है। हालांकि, हाल के दिनों में प्री-मानसून बारिश ने कुछ जिलों में राहत दी है, लेकिन पूरे प्रदेश को मानसून का इंतजार है। राजस्थान में मानसून की जल्द दस्तक से झमाझम बारिश की उम्मीद
आईएमडी के मुताबिक, मानसून आमतौर पर 8 जुलाई तक पूरे देश में फैल जाता है और 17 सितंबर से उत्तर-पश्चिम भारत से वापसी शुरू करता है। राजस्थान में मानसून के जल्दी आने से खेती-किसानी को फायदा होने की उम्मीद है, लेकिन विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि ज्यादा बारिश से बाढ़ का खतरा भी बढ़ सकता है। लोगों को सलाह दी जा रही है कि वे मौसम की स्थिति पर नजर रखें और जरूरी तैयारियां करें।
Aaj ka Temprature : राजस्थान के प्रमुख शहरों का तापमान
| शहर | अधिकतम तापमान | न्यूनतम तापमान |
|---|---|---|
| अजमेर | 42.3 | 29.6 |
| अलवर | 44.4 | 28 |
| जयपुर | 43.8 | 31.8 |
| पिलानी | 44.4 | 26.5 |
| सीकर | 42 | 28 |
| कोटा | 45.4 | 34.8 |
| चित्तौड़गढ़ | 44.9 | 28.1 |
| उदयपुर | 41.8 | 28.5 |
| बाड़मेर | 44.7 | 28.6 |
| जैसलमेर | 45 | 26.5 |
| जोधपुर | 43.6 | 30 |
| बीकानेर | 45.8 | 30.6 |
| चूरू | 45.6 | 28.6 |
| गंगानगर | 47.3 | 31.2 |
| नागौर | 42.7 | 29.4 |
| हनुमानगढ़ | 44.2 | 29.1 |
| झालौर | 40.3 | 29.1 |
| फतेहपुर | 43.3 | 26.3 |
| टोंक | 43.9 | 30.5 |
| बूंदी | 43.5 | 28.1 |
| पाली | 41.5 | 27.7 |



