
Brahmin Bada Nagda Samaj : ब्राम्हण बड़ा नागदा समाज कल्याण संस्थान की प्रतिनिधि सभा का वार्षिक अधिवेशन रविवार, 31 अगस्त को उदयपुर के निम्बार्क शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय में आयोजित हुआ। इस भव्य आयोजन की अध्यक्षता संस्थान के अध्यक्ष डॉ. भगवती प्रकाश शर्मा ने की। कार्यक्रम में मुख्य संरक्षक के रूप में एमपीयूएटी के पूर्व कुलपति डॉ. उमाशंकर शर्मा, शिक्षाविद् धर्मनारायण नागदा, वरिष्ठ साहित्यकार माधव नागदा, और महामंत्री डॉ. नारायणलाल जोशी सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ, जिसने समारोह को एक पवित्र और प्रेरणादायी शुरुआत प्रदान की।
अपने अध्यक्षीय संबोधन में डॉ. भगवती प्रकाश शर्मा ने उपस्थित प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षा और संस्कार किसी भी सभ्य समाज के निर्माण की आधारशिला हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि समाज के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा, नैतिकता, और परहित की विचारधारा का होना अनिवार्य है। डॉ. शर्मा ने ब्राम्हण बड़ा नागदा समाज के गौरवशाली और प्राचीन इतिहास को रेखांकित किया, जिसने राजतंत्र काल में भी अपनी उपलब्धियों से समाज को समृद्ध किया। उन्होंने प्रतिनिधियों को संस्थान के उद्देश्यों के प्रति जागरूक रहने और सामाजिक कल्याण के लिए सक्रिय योगदान देने की शपथ दिलाई।
संस्थान के संरक्षक और एमपीयूएटी के पूर्व कुलपति डॉ. उमाशंकर शर्मा ने अपने स्वागत उद्बोधन में संस्थान के लक्ष्यों और प्रयासों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि संस्थान युवाओं के सुनहरे भविष्य के निर्माण और सामाजिक विकास के लिए हर संभव प्रयास करता रहेगा। डॉ. शर्मा ने समाज के प्रति संस्थान की प्रतिबद्धता को दोहराते हुए कहा कि यह संगठन हमेशा अपने दायित्वों का निर्वहन करेगा।
वरिष्ठ साहित्यकार माधव नागदा ने प्रतिनिधियों से सकारात्मक सोच के साथ सामाजिक उत्थान के लिए कार्य करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यदि सभी लोग एकजुट होकर संस्थान के उद्देश्यों के लिए कार्य करेंगे, तो निश्चित रूप से अपेक्षित परिणाम प्राप्त होंगे। वहीं, महामंत्री डॉ. नारायणलाल जोशी ने संस्थान की आचार संहिता और संरचनात्मक ढांचे पर विस्तार से जानकारी दी, जिससे प्रतिनिधियों को संगठन की कार्यप्रणाली को समझने में मदद मिली।
सामुदायिक विकास और सामाजिक कल्याण

Bada Nagda Samaj Kalyan Sansthan meeting news संस्थान के संरक्षक और शिक्षाविद् धर्मनारायण नागदा ने आगामी समय में प्रस्तावित विकासात्मक गतिविधियों का खाका प्रस्तुत किया। इनमें सामुदायिक भवन निर्माण, मेधावी छात्र-छात्राओं के लिए छात्रवृत्ति और सम्मान समारोह, स्वास्थ्य सेवाएं, खेल प्रतियोगिताएं, विधवा और परित्यक्त महिलाओं को आर्थिक सहायता, और सामूहिक विवाह जैसे महत्वपूर्ण कार्य शामिल हैं। उन्होंने प्रतिनिधियों से अपील की कि वे सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ इन योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में योगदान दें। इन पहलों का उद्देश्य समाज के हर वर्ग को सशक्त बनाना और सामाजिक एकता को बढ़ावा देना है।
विभिन्न गावों से आए प्रतिनिधियों का योगदान

Udaipur social welfare convention इस अवसर पर सीसारमा, बुझड़ा, भाटोली, पायड़ा, पीपलवास, सरसुनिया, बोदियाना, देलवास, लाल मादड़ी, लखावली, बेदला, घणोली, नवानिया, मोरझाई जैसे गांवों से आए प्रतिनिधियों ने अपने विचार और सुझाव साझा किए। इन सुझावों में सामाजिक विकास, शिक्षा, और समुदाय की बेहतरी के लिए कई रचनात्मक विचार शामिल थे। कोषाध्यक्ष भंवरलाल पाठक ने पिछले एक वर्ष का वित्तीय लेखा-जोखा प्रस्तुत किया, जिससे संस्थान की पारदर्शिता और जवाबदेही स्पष्ट हुई।

स्वागत और समापन
Madhav Nagda speech Brahmin Samaj convention कार्यक्रम में इंजीनियर हरिकान्त भट्ट ने सभी प्रतिनिधियों का तिलक लगाकर और रोली बांधकर पारंपरिक स्वागत किया। समारोह का संचालन पन्नालाल नागदा ने कुशलतापूर्वक किया, जबकि लीलाधर व्यास ने अंत में सभी के प्रति आभार व्यक्त किया। विशिष्ट अतिथियों ओमप्रकाश नागदा, उपाध्यक्ष लज्जाशंकर नागदा, और हिम्मतलाल नागदा ने भी अपने उद्बोधन में सामाजिक विकास और एकता पर बल दिया।




