
राजसमंद: Digital prahari program : डिजिटल युग में तेजी से बढ़ रहे साइबर अपराधों और ऑनलाइन ठगी की घटनाओं को देखते हुए राजसमंद पुलिस ने युवाओं को जागरूक और तकनीकी रूप से सक्षम बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की है। पुलिस विभाग राजसमन्द और कॅरियर संस्थान के सहयोग से देवगढ़ उपखंड में डिजिटल प्रहरी प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया जा रहा है, जिसके माध्यम से युवाओं को साइबर सुरक्षा, ऑनलाइन सुरक्षा और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दी जाएंगी।
cyber security training for youth Rajsamand : इस कार्यक्रम के पोस्टर का विमोचन मंगलवार को कार्यालय जिला पुलिस अधीक्षक, राजसमंद में किया गया। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक ममता गुप्ता, करियर संस्थान की अध्यक्ष भावना पालीवाल, संस्थान की जिला प्रभारी मीनल पालीवाल तथा भावना सुखवाल उपस्थित रहीं। सभी ने इस पहल को वर्तमान समय की आवश्यकता बताते हुए इसे समाज के लिए उपयोगी कदम बताया। राजसमंद पुलिस द्वारा शुरू की गई इस पहल का उद्देश्य युवाओं को डिजिटल दुनिया में सुरक्षित रहने के लिए प्रशिक्षित करना है। वर्तमान समय में इंटरनेट और सोशल मीडिया का उपयोग तेजी से बढ़ा है, लेकिन इसके साथ ही साइबर अपराधों की घटनाएं भी लगातार सामने आ रही हैं। कई लोग ऑनलाइन ठगी, फर्जी कॉल, फेक लिंक और सोशल मीडिया फ्रॉड का शिकार हो रहे हैं। ऐसे में पुलिस विभाग का यह प्रयास युवाओं को जागरूक करने के साथ-साथ उन्हें डिजिटल सुरक्षा के प्रति जिम्मेदार बनाने का काम करेगा। राजसमन्द साइबर थाने के प्रोग्रामर खैरुल वसीम ने बताया की यह प्रशिक्षण 14 मार्च से प्रारम्भ होगा और सात दिनों तक चलेगा। इसमें भाग लेने के लिए न्यूनतम योग्यता दसवीं पास रखी गई है, ताकि अधिक से अधिक युवा इस कार्यक्रम का लाभ उठा सकें। प्रशिक्षण पूर्ण करने वाले प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र भी प्रदान किया जाएगा। प्रशिक्षण का आयोजन कॅरियर ज्ञान केंद्र, देवगढ़ में किया जाएगा, यहां पुलिस विभाग के विशेषज्ञों द्वारा युवाओं को साइबर सुरक्षा और डिजिटल जागरूकता से जुड़े विभिन्न विषयों पर प्रशिक्षण दिया जाएगा।

ये सीखेंगे प्रशिक्षण में
AI training program in Deogarh : डिजिटल प्रहरी प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को कई महत्वपूर्ण विषयों पर प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसमें साइबर सुरक्षा और ऑनलाइन ठगी से बचाव के तरीके, सोशल मीडिया का सुरक्षित उपयोग, फर्जी कॉल और संदिग्ध लिंक की पहचान, डिजिटल फ्रॉड से बचने के उपाय, इंटरनेट का सुरक्षित उपयोग और साइबर अपराध होने पर शिकायत करने की प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी जाएगी। इसके अलावा प्रतिभागियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मूलभूत जानकारी और उसके उपयोग के बारे में भी बताया जाएगा।
युवा बनेंगे डिजिटल प्रहरी
Rajsamand cyber awareness program : इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवाओं को डिजिटल रूप से जागरूक बनाना है। प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद प्रतिभागी अपने क्षेत्र और समाज में लोगों को साइबर अपराधों से बचने के लिए जागरूक करेंगे और डिजिटल सुरक्षा से जुड़ी जानकारी साझा करेंगे। इस प्रकार वे अपने क्षेत्र में एक डिजिटल प्रहरी के रूप में कार्य करेंगे और साइबर अपराधों के प्रति लोगों को सचेत करेंगे।
digital safety training Rajasthan : वर्तमान समय में साइबर अपराध तेजी से बढ़ रहे हैं और इनसे बचाव के लिए जागरूकता बेहद जरूरी है। डिजिटल प्रहरी कार्यक्रम युवाओं को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इसके माध्यम से युवा न केवल स्वयं सुरक्षित रहेंगे बल्कि समाज में भी लोगों को डिजिटल अपराधों से बचाव के लिए जागरूक कर सकेंगे



