
Free Ration Scheme राजस्थान में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना (NFSA) से जुड़े लाखों परिवारों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। लंबे समय से जिन परिवारों के राशन कार्ड में नए सदस्यों के नाम जुड़ नहीं पा रहे थे, अब उनके लिए प्रक्रिया दोबारा शुरू कर दी गई है। सरकार ने विभागीय पोर्टल पर Online Application की सुविधा बहाल कर दी है, जिससे पात्र परिवार अपने छूटे हुए सदस्यों के नाम आसानी से जुड़वा सकेंगे।
दरअसल, कई परिवारों में बच्चों के जन्म, विवाह के बाद बहू के आगमन या अन्य कारणों से नए सदस्य जुड़े, लेकिन उनका नाम राशन कार्ड में शामिल नहीं हो पाने से उन्हें खाद्य सुरक्षा योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा था। अब इस नई व्यवस्था के तहत ऐसे सभी पात्र सदस्य निर्धारित प्रक्रिया के माध्यम से योजना में जोड़े जा सकेंगे।
पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन की सुविधा
NFSA Rajasthan update today : जारी निर्देशों के अनुसार, परिवार का कोई भी वयस्क सदस्य विभागीय पोर्टल पर लॉगिन कर आवेदन कर सकता है। आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल है और इसे सरल बनाने के लिए जनआधार (Jan Aadhaar) API से लिंक किया गया है। नए सदस्य का विवरण दर्ज करते ही जनआधार के माध्यम से उसकी पहचान और परिवार से संबंध का सत्यापन किया जाएगा।
यदि नए सदस्य के नाम पर LPG Gas Connection है, तो उसकी LPG ID भी आवेदन फॉर्म में दर्ज करनी होगी। इससे पात्रता की जांच में पारदर्शिता बनी रहेगी और किसी प्रकार की त्रुटि की संभावना कम होगी।

किस स्तर पर होगा अनुमोदन?
Ration card me naam kaise jode : ऑनलाइन आवेदन जमा होने के बाद संबंधित दस्तावेजों और पात्रता की जांच जिला रसद अधिकारी (District Supply Officer), विकास अधिकारी (Development Officer) या अधिशासी अधिकारी (Executive Officer) के स्तर पर की जाएगी। सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद ही संबंधित सदस्य का नाम राशन कार्ड में आधिकारिक रूप से जोड़ दिया जाएगा। इस व्यवस्था का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि केवल पात्र व्यक्तियों को ही योजना का लाभ मिले और किसी भी प्रकार की फर्जी प्रविष्टि को रोका जा सके।
ई-केवाईसी कराना होगा अनिवार्य
Ration card eKYC kaise kare : सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि नए जोड़े गए सदस्यों के लिए e-KYC कराना अनिवार्य होगा। नाम जुड़ने के बाद 90 दिनों के भीतर ई-केवाईसी की प्रक्रिया पूरी करनी होगी। यदि निर्धारित समय में e-KYC नहीं कराई गई, तो लाभ मिलने में बाधा आ सकती है। ई-केवाईसी प्रक्रिया भी ऑनलाइन माध्यम से की जा सकती है। इससे लाभार्थियों को अनावश्यक रूप से ई-मित्र केंद्रों या सरकारी कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। विभाग का कहना है कि पूरी प्रक्रिया को Paperless और Transparent बनाया गया है।
क्यों थी जरूरत इस फैसले की?
गौरतलब है कि काफी समय से राशन कार्ड में नए सदस्यों के नाम जोड़ने की सुविधा बंद थी। इससे हजारों परिवार प्रभावित हो रहे थे। खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में, जहां परिवारों में बच्चों की संख्या अधिक होती है या विवाह के बाद सदस्य बढ़ते हैं, वहां यह समस्या गंभीर थी। कई परिवारों को कम राशन मिल रहा था, जिससे उन्हें आर्थिक और खाद्य संकट का सामना करना पड़ रहा था।
सरकार के इस निर्णय से अब ऐसे परिवारों को बड़ी राहत मिलेगी। पात्र सदस्यों के नाम जुड़ने से उन्हें प्रति व्यक्ति निर्धारित मात्रा में अनाज और अन्य खाद्य सामग्री मिल सकेगी।
पारदर्शिता और जनसुविधा पर जोर
विभाग ने स्पष्ट किया है कि इस नई व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य आमजन को सुविधा प्रदान करना और सिस्टम में पारदर्शिता बढ़ाना है। सभी जिला रसद अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने अधीनस्थ प्रवर्तन स्टाफ को इस प्रक्रिया का प्रशिक्षण दें, ताकि आवेदन निस्तारण में किसी प्रकार की देरी न हो। साथ ही, इस व्यवस्था का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के भी निर्देश जारी किए गए हैं, ताकि अधिक से अधिक पात्र परिवार इस सुविधा का लाभ उठा सकें।
कैसे करें आवेदन? (Step by Step Process)
- NFSA Ration online Apply : विभागीय पोर्टल पर जाएं।
- Jan Aadhaar नंबर के माध्यम से लॉगिन करें।
- नए सदस्य का विवरण भरें।
- आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें।
- LPG ID (यदि लागू हो) दर्ज करें।
- आवेदन Submit करें और Reference Number सुरक्षित रखें।
आवेदन की स्थिति (Application Status) भी पोर्टल पर ऑनलाइन देखी जा सकती है।
किन्हें मिलेगा लाभ?
- जिन परिवारों में हाल ही में बच्चे का जन्म हुआ है।
- जिनकी शादी के बाद नया सदस्य परिवार में शामिल हुआ है।
- जिनका नाम पहले किसी तकनीकी कारण से नहीं जुड़ पाया था।
पात्रता की जांच के बाद ही नाम जोड़ा जाएगा, इसलिए सही जानकारी देना अनिवार्य है।
योजना से क्या मिलेगा फायदा?
राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के तहत पात्र परिवारों को प्रति सदस्य प्रति माह निर्धारित मात्रा में गेहूं, चावल और अन्य खाद्यान्न रियायती दरों पर उपलब्ध कराया जाता है। नए सदस्यों के नाम जुड़ने से परिवार को पूर्ण लाभ मिलेगा और राशन की मात्रा भी बढ़ेगी। इस फैसले से खासकर आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (Economically Weaker Section) को राहत मिलेगी। बढ़ती महंगाई के दौर में यह कदम आमजन के लिए सहायक साबित होगा।
