
India Pakistan War : ‘ऑपरेशन सिंदूर’ (Operation Sindoor) के बाद आज उत्तर प्रदेश में पहला जुमे का दिन बेहद खास रहा। लखनऊ, वाराणसी, कानपुर, प्रयागराज, और अन्य प्रमुख शहरों में जुमे की नमाज के बाद मुस्लिम समुदाय ने पाकिस्तान के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किए। सड़कों पर ‘पाकिस्तान मुर्दाबाद’ और ‘भारत माता की जय’ के नारे गूंजे। प्रदर्शनकारियों ने एक स्वर में कहा कि वे भारतीय सेना के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हैं और पाकिस्तान के कायराना आतंकी हमलों का कड़ा विरोध करते हैं।
लखनऊ में इस्लामिक सेंटर ऑफ इंडिया के चेयरमैन मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली (Maulana Khalid Rashid Farangi Mahali) ने तिरंगा झंडा लहराते हुए कहा, “भारत का मुस्लिम समुदाय देश की एकता और अखंडता के साथ मजबूती से खड़ा है। हम आतंकवाद के खिलाफ हैं और भारतीय सेना का हर कदम पर समर्थन करते हैं।”
इसी बीच, ज्योतिष्पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने मेरठ में अपने अगले दो महीनों के सभी कार्यक्रम रद्द करने की घोषणा की। उन्होंने कहा, “देश की सुरक्षा और सेना का सम्मान सर्वोपरि है। जरूरत पड़ी तो मैं स्वयं सेना के साथ कंधे से कंधा मिलाकर सहयोग करूंगा। हम देश की विजय के लिए विशेष धार्मिक अनुष्ठान भी आयोजित करेंगे।”
दूसरी ओर, सिंधु जल संधि (Indus Water Treaty) के मामले में पाकिस्तान को वर्ल्ड बैंक से करारा झटका लगा है। वर्ल्ड बैंक के अध्यक्ष अजय बंगा ने स्पष्ट किया कि इस संधि के विवाद में वर्ल्ड बैंक किसी भी तरह का हस्तक्षेप नहीं करेगा। उन्होंने कहा:
“1960 में भारत और पाकिस्तान के बीच हुई सिंधु जल संधि में वर्ल्ड बैंक की भूमिका केवल मध्यस्थ की थी। मौजूदा गतिरोध को सुलझाने में हमारा कोई दखल नहीं होगा।”
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल 2025 को हुए आतंकी हमले, जिसमें 26 लोगों की जान गई थी, के बाद भारत ने इस संधि को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया था।
पाकिस्तान और भारत के बीच बढ़ते तनाव को देखते हुए उत्तर प्रदेश पुलिस को हाई अलर्ट पर रखा गया है। होटल, रेलवे स्टेशन, बस अड्डे, मंदिर, मस्जिद, और अन्य भीड़भाड़ वाली जगहों पर सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। लखनऊ में पुलिस कर्मियों की सभी छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं, और जो कर्मी पहले से छुट्टी पर हैं, उन्हें तुरंत ड्यूटी जॉइन करने के आदेश जारी किए गए हैं।
अयोध्या के श्री राम मंदिर, मथुरा के श्रीकृष्ण जन्मस्थान, और काशी विश्वनाथ मंदिर जैसे प्रमुख धार्मिक स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था को और कड़ा कर दिया गया है। इन स्थानों पर भारी संख्या में पुलिस और अर्धसैनिक बल तैनात किए गए हैं। हर आने-जाने वाले व्यक्ति की सघन जांच की जा रही है। इसके अलावा, लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) और संजय गांधी पोस्टग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (SGPGI) जैसे बड़े चिकित्सा संस्थानों को आपातकालीन स्थिति के लिए अलर्ट मोड पर रखा गया है।
मध्य वायु कमान के सात वायुसेना स्टेशनों को भी हाई अलर्ट पर रखा गया है। भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त कर दिया गया है। महराजगंज और बलरामपुर जैसे सीमावर्ती जिलों में नेपाल से सटे गांवों की ड्रोन से निगरानी की जा रही है। सीमा पार से आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की पहचान पत्र (ID) की जांच अनिवार्य कर दी गई है।
बैंक अध्यक्ष का बयान
sindhu jal sandhi : वर्ल्ड बैंक के अध्यक्ष अजय बंगा शुक्रवार को अपनी टीम के साथ लखनऊ पहुंचे। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की और उत्तर प्रदेश में हो रहे विकास कार्यों की जमकर सराहना की। बंगा ने कहा, “12 साल बाद यूपी लौटकर ऐसा लग रहा है जैसे मैं अपने घर आया हूं। मेरी ससुराल यूपी में है, और मैं हर क्षेत्र में बदलाव देख रहा हूं। योगी आदित्यनाथ में दूरदृष्टि, दृढ़ता, और ऊर्जा का अनूठा संगम है।”
सिंधु जल संधि के निलंबन पर बंगा ने दोहराया कि वर्ल्ड बैंक का काम केवल प्रक्रिया को सुगम बनाना है। उन्होंने मीडिया में चल रही अटकलों को खारिज करते हुए कहा, “यह गलत है कि वर्ल्ड बैंक इस विवाद में हस्तक्षेप करेगा।” बंगा ने लखनऊ के चिनहट ब्लॉक में टेकहोम राशन प्लांट (THR Unit) का दौरा किया और महिला स्वयं सहायता समूहों के साथ संवाद किया।
वाराणसी और कानपुर में देशभक्ति का जज्बा
latest news india pakistan war : अयोध्या से सांसद अवधेश प्रसाद ने भारतीय सेना की तारीफ करते हुए कहा, “हमारी सेना का इतिहास गौरवशाली रहा है। विश्व भर में लोग भारतीय सेना की वीरता और शौर्य का लोहा मानते हैं। हमें पूरा विश्वास है कि हमारी सेना न केवल पाकिस्तान को मुंहतोड़ जवाब देगी, बल्कि 48 घंटे के भीतर उसके सभी आतंकी ठिकानों को नेस्तनाबूद कर देगी। कानपुर में जुमे की नमाज के बाद मुस्लिम समुदाय ने सड़कों पर उतरकर ‘पाकिस्तान मुर्दाबाद’ के नारे लगाए। लोगों ने एकजुट होकर कहा, “हम अपनी सेना और सरकार के साथ हैं। आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई होनी चाहिए।” स्थानीय मौलवियों और सामाजिक नेताओं ने भी सेना के साहस और ऑपरेशन सिंदूर की सराहना की।
ऑपरेशन सिंदूर: पृष्ठभूमि और महत्व
update on india pakistan war ‘ऑपरेशन सिंदूर’ भारतीय सेना द्वारा 7 मई 2025 को शुरू किया गया एक सटीक सैन्य अभियान था, जिसके तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में नौ आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया। यह अभियान पहलगाम आतंकी हमले का जवाब था, जिसमें 26 लोग मारे गए थे। ऑपरेशन को भारतीय सेना, वायुसेना, और नौसेना के संयुक्त प्रयासों से अंजाम दिया गया, और इसे 25 मिनट में पूरा किया गया।
उत्तर प्रदेश में इस ऑपरेशन के बाद देशभक्ति का अभूतपूर्व उत्साह देखने को मिला। लखनऊ, वाराणसी, और प्रयागराज जैसे शहरों में लोग सड़कों पर उतरे, तिरंगा लहराया, और मिठाइयां बांटकर सेना की वीरता का जश्न मनाया। मुस्लिम समुदाय के नेताओं, जैसे मौलाना यासूब अब्बास और मुफ्ती मेराज अहमद कादरी, ने भी सेना के इस कदम का स्वागत किया और आतंकवाद के खिलाफ एकजुटता का संदेश दिया।
सिंधु जल संधि का निलंबन: क्या है माजरा?
indian pakistan news सिंधु जल संधि 1960 में भारत और पाकिस्तान के बीच हुई थी, जिसके तहत सिंधु नदी और उसकी सहायक नदियों का पानी दोनों देशों के बीच बांटा गया। भारत ने पहलगाम हमले के बाद इस संधि को निलंबित करने का फैसला लिया, जिससे पाकिस्तान में हड़कंप मच गया। पाकिस्तानी मीडिया के अनुसार, चिनाब और झेलम जैसी नदियों में पानी का स्तर तेजी से घट रहा है, जिससे वहां की 80% कृषि प्रभावित हो सकती है।
वर्ल्ड बैंक ने इस मामले में तटस्थ रहने का फैसला लिया है, जिसे भारत के लिए एक कूटनीतिक जीत माना जा रहा है। भारत का कहना है कि आतंकवाद को बढ़ावा देने वाले देश के साथ कोई समझौता नहीं हो सकता।
‘ऑपरेशन सिंदूर’ और सिंधु जल संधि के निलंबन ने न केवल पाकिस्तान को कड़ा संदेश दिया है, बल्कि उत्तर प्रदेश में भी देशभक्ति और एकजुटता की नई मिसाल कायम की है। मुस्लिम समुदाय का सेना के पक्ष में खुलकर सामने आना और शंकराचार्य जैसे धार्मिक नेताओं का समर्थन इस बात का प्रमाण है कि भारत आतंकवाद के खिलाफ एकजुट है। यूपी पुलिस और प्रशासन की सतर्कता यह सुनिश्चित कर रही है कि तनाव के इस दौर में प्रदेश में शांति और सुरक्षा बनी रहे।



