
Iran Israel war 2026 update : इजराइल–अमेरिका और ईरान के बीच जारी जंग का आज चौथा दिन है और हालात लगातार गंभीर होते जा रहे हैं। इस बीच पाकिस्तान में स्थित अमेरिकी दूतावास (US Embassy) ने Iran Israel war 2026 update सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए सभी वीज़ा अपॉइंटमेंट अस्थायी रूप से रद्द कर दिए हैं। यह फैसला इस्लामाबाद के अलावा लाहौर और कराची स्थित दफ्तरों पर भी लागू होगा। अमेरिकी मिशन ने स्पष्ट किया है कि Iran Israel war 2026 update 6 मार्च तक सभी नियमित कांसुलर सेवाएं (Consular Services) बंद रहेंगी।
कराची में प्रदर्शन के बाद सुरक्षा कड़ी
रविवार को कराची में अमेरिकी कॉन्सुलेट के बाहर उग्र प्रदर्शन हुआ था। यह प्रदर्शन उस खबर के बाद भड़का, जिसमें दावा किया गया था कि ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई अमेरिका और इजराइल के संयुक्त हमलों में मारे गए हैं। प्रदर्शनकारियों ने दूतावास परिसर की बाहरी दीवार को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की। हालात बेकाबू होने पर सुरक्षाकर्मियों को फायरिंग करनी पड़ी, जिसमें कम से कम 10 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि पाकिस्तान में कुल 23 लोगों की जान जाने की खबर सामने आई है।
रॉयटर्स के मुताबिक, दूतावास की सुरक्षा में तैनात अमेरिकी सैनिकों ने भी आत्मरक्षा में गोलियां चलाईं। हालांकि यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि कितनी मौतें सीधे गोलीबारी से हुईं।

ट्रम्प का बयान: “सबसे बड़ा हमला बाकी”
Iran death toll latest : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने White House में दिए बयान में अमेरिकी नागरिकों को Middle East से जल्द से जल्द निकलने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि ईरान के खिलाफ अभियान अभी खत्म नहीं हुआ है और “सबसे बड़ा हमला” अभी शेष है। ट्रम्प के अनुसार यह युद्ध 4 से 5 सप्ताह तक चल सकता है, लेकिन परिस्थितियों के अनुसार इसकी अवधि बढ़ भी सकती है।
ईरान में तबाही: 742 की मौत, 750 से अधिक घायल
Strait of Hormuz closed news : अल-जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका और इजराइल ने मिलकर ईरान के 1000 से अधिक सैन्य और रणनीतिक ठिकानों को निशाना बनाया है। शुरुआती 30 घंटों में ही 2000 से अधिक बम गिराए गए। मानवाधिकार समूहों का दावा है कि अब तक 742 लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें 176 बच्चे शामिल हैं। वहीं 750 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं।
28 फरवरी को शुरू हुई इस सैन्य कार्रवाई के पहले दिन ही ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई मारे गए थे। दो दिन बाद उनकी पत्नी मंसूरेह खोझस्तेह बघेरजादेह ने भी इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद, वैश्विक तेल आपूर्ति पर असर
US consulate Karachi firing incident : ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने घोषणा की है कि उसने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को बंद कर दिया है। यह समुद्री मार्ग विश्व तेल आपूर्ति का अहम केंद्र है। भारत का लगभग 50% कच्चा तेल इसी मार्ग से होकर आता है। IRGC ने चेतावनी दी है कि यदि कोई जहाज इस रास्ते से गुजरने की कोशिश करेगा तो उसे रोका या निशाना बनाया जा सकता है।
खाड़ी देशों में भारतीयों की चिंता
2024 के आंकड़ों के अनुसार Gulf Cooperation Council (GCC) के देशों—सऊदी अरब, UAE, कतर, कुवैत, ओमान और बहरीन—में 90 लाख से अधिक भारतीय रहते हैं। इनमें से लगभग 43 लाख भारतीय केवल UAE में हैं। युद्ध की स्थिति को देखते हुए भारतीय समुदाय में भी चिंता का माहौल है, क्योंकि इन देशों की अर्थव्यवस्था में भारतीय बड़ी भूमिका निभाते हैं और भारी मात्रा में Remittance भारत भेजते हैं।
मिडिल ईस्ट में बढ़ते हमले
- सऊदी अरब की राजधानी रियाद में अमेरिकी दूतावास पर दो ड्रोन से हमला हुआ, हालांकि कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ।
- कुवैत ने दावा किया है कि उसने 178 बैलिस्टिक मिसाइल और 384 ड्रोन को इंटरसेप्ट किया।
- इजराइली सेना (IDF) ने बेरूत और तेहरान में कई ठिकानों पर हमले किए।
- इराक के एरबिल में अमेरिकी सैनिकों के ठहरने वाले होटल पर ड्रोन हमला हुआ।
- कुवैत में अमेरिकी F-15E फाइटर जेट गलती से एयर डिफेंस सिस्टम द्वारा गिरा दिए गए, हालांकि पायलट सुरक्षित हैं।
संयुक्त राष्ट्र की चिंता
UNESCO ने आरोप लगाया है कि ईरान के एक प्राथमिक विद्यालय पर बमबारी की गई, जिसमें 180 से अधिक लोगों की मौत हुई। संगठन ने इसे अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून (International Humanitarian Law) का उल्लंघन बताया है।
बातचीत से इनकार
ईरान के शीर्ष राष्ट्रीय सुरक्षा अधिकारी अली लारीजानी ने कहा है कि अब अमेरिका के साथ किसी भी प्रकार की बातचीत नहीं होगी। उन्होंने आरोप लगाया कि ट्रम्प प्रशासन ने पूरे मिडिल ईस्ट को अस्थिर कर दिया है और “America First” नीति अब “Israel First” में बदल चुकी है।



