
NSC certificate : राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (National Saving Certificate – NSC) भारत सरकार (Government of India) के वित्त मंत्रालय (Ministry of Finance) के आर्थिक मामलों के विभाग (Department of Economic Affairs) द्वारा शुरू की गई एक सुरक्षित और विश्वसनीय बचत योजना (Savings Scheme) है। इसका मुख्य उद्देश्य (Objective) व्यक्तियों (Individuals) में दीर्घकालिक बचत (Long-Term Savings) की आदत को बढ़ावा देना और उनके पैसे को एक सुरक्षित निवेश (Secure Investment) के रूप में संरक्षित (Protected) करना है।
इस योजना के तहत, कोई भी व्यक्ति (Individual) न्यूनतम 1,000 रुपये से निवेश (Investment) शुरू कर सकता है। इसके बाद, आप 100 रुपये के गुणकों (Multiples of 100) में अपनी इच्छानुसार राशि (Amount) जमा कर सकते हैं। इस योजना में कोई अधिकतम जमा सीमा (Maximum Deposit Limit) नहीं है, जिससे यह निवेशकों (Investors) को अपनी जरूरतों (Needs) के अनुसार निवेश करने की पूरी छूट (Flexibility) देती है। जमा की गई राशि (Deposited Amount) को 5 साल की अवधि (Tenure) के लिए रखा जाता है, और परिपक्वता (Maturity) के बाद आपको अपनी मूल राशि (Principal Amount) के साथ-साथ ब्याज (Interest) भी प्राप्त होता है। यह योजना उन लोगों के लिए एकदम सही (Perfect) है जो जोखिम (Risk) से बचना चाहते हैं और एक सुनिश्चित रिटर्न (Guaranteed Return) की उम्मीद रखते हैं।
NSC योजना के तहत खाता प्रकार (Types of Accounts Under NSC Scheme)
NSC interest rate NSC योजना में कई प्रकार के खाते (Account Types) खोले जा सकते हैं, जो निवेशकों (Investors) को उनकी जरूरतों (Requirements) के अनुसार विकल्प (Options) प्रदान करते हैं:
- एकल धारक खाता (Single Holder Type Account):
यह खाता केवल एक व्यक्ति (Single Individual) के नाम पर खोला जा सकता है। कोई भी वयस्क (Adult) अपने नाम पर यह खाता खोल सकता है। इसके अलावा, यह खाता नाबालिग (Minor) या मानसिक रूप से अक्षम व्यक्ति (Person of Unsound Mind) की ओर से उनके अभिभावक (Guardian) द्वारा भी खोला जा सकता है। 10 वर्ष या उससे अधिक आयु (Age 10 or Above) के नाबालिग (Minors) भी स्वयं (Themselves) यह खाता खोल सकते हैं। इस खाते में सारा नियंत्रण (Control) एक ही व्यक्ति (Single Holder) के पास होता है। - संयुक्त ए-प्रकार खाता (Joint A-Type Account):
यह खाता अधिकतम तीन वयस्कों (Up to Three Adults) के नाम पर संयुक्त रूप से (Jointly) खोला जा सकता है। इस खाते में परिपक्वता राशि (Maturity Amount) सभी खाताधारकों (Account Holders) को संयुक्त रूप से (Jointly) या उत्तरजीवियों (Survivors) को दी जाती है। इसका मतलब है कि अगर किसी खाताधारक (Holder) की मृत्यु (Death) हो जाती है, तो बाकी जीवित खाताधारक (Surviving Holders) या उनके उत्तरजीवी (Nominee) राशि (Amount) प्राप्त कर सकते हैं। इस खाते का संचालन (Operation) सभी धारकों (Holders) की सहमति (Mutual Consent) से होता है। - संयुक्त बी-प्रकार खाता (Joint B-Type Account):
यह खाता भी अधिकतम तीन वयस्कों (Up to Three Adults) के नाम पर संयुक्त रूप से (Jointly) खोला जा सकता है। हालांकि, इसमें थोड़ा अंतर (Difference) है। इस खाते में परिपक्वता राशि (Maturity Amount) किसी भी एक खाताधारक (Any One Holder) या उत्तरजीवियों (Survivors) को दी जा सकती है। यानी, अगर एक खाताधारक (Holder) की मृत्यु (Death) हो जाती है, तो बाकी जीवित खाताधारक (Surviving Holders) या उनके उत्तरजीवी (Nominee) पूरी राशि (Entire Amount) प्राप्त कर सकते हैं, भले ही खाते में अन्य धारकों (Other Holders) का हिस्सा (Share) हो।
इस तरह, NSC योजना निवेशकों (Investors) को अपनी जरूरतों (Needs) और प्राथमिकताओं (Preferences) के अनुसार खाता चुनने की सुविधा (Flexibility) देती है। यह योजना भारतीय नागरिकों (Indian Citizens) के लिए एक सुरक्षित और भरोसेमंद बचत विकल्प (Reliable Savings Option) प्रदान करती है।
NSC योजना का परिचय (Overview of NSC Scheme)
यहां NSC योजना की मुख्य विशेषताओं (Key Features) को एक टेबल (Table) के रूप में समझते हैं:
| विशेषता (Feature) | विवरण (Details) |
|---|---|
| योजना का नाम (Scheme Name) | राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC) |
| न्यूनतम निवेश (Minimum Investment) | 1,000 रुपये |
| परिपक्वता अवधि (Maturity Period) | 5 वर्ष |
| ब्याज दर (Interest Rate) | वर्तमान में 7.7% प्रति वर्ष (As of 2025) |
| जोखिम प्रोफाइल (Risk Profile) | कम जोखिम (Low Risk) |
| कर लाभ (Tax Benefit) | धारा 80C के तहत 1.5 लाख रुपये तक की छूट |
यह योजना उन लोगों के लिए एकदम सही (Perfect) है जो अपने पैसे को सुरक्षित (Secure) रखते हुए एक सुनिश्चित रिटर्न (Guaranteed Return) की उम्मीद रखते हैं।
NSC योजना के फायदे (Benefits of NSC Scheme)
राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC) योजना कई तरह के फायदे (Benefits) प्रदान करती है, जो इसे एक आकर्षक निवेश विकल्प (Attractive Investment Option) बनाते हैं:
- आकर्षक ब्याज दर (Attractive Interest Rate):
NSC योजना में वर्तमान में (As of 2025) 7.7% की ब्याज दर (Interest Rate) दी जा रही है, जो वार्षिक रूप से संयोजित (Compounded Annually) होती है। हालांकि, इस ब्याज (Interest) का भुगतान परिपक्वता (Maturity) के समय एकमुश्त (Lump Sum) किया जाता है। इससे निवेशकों (Investors) को एक बड़ा रिटर्न (Substantial Return) मिलता है। - कोई अधिकतम जमा सीमा नहीं (No Maximum Deposit Limit):
इस योजना में निवेश (Investment) की कोई ऊपरी सीमा (Upper Limit) नहीं है। आप अपनी वित्तीय क्षमता (Financial Capacity) और जरूरतों (Needs) के अनुसार जितनी चाहें उतनी राशि (Amount) जमा कर सकते हैं। यह लचीलापन (Flexibility) इसे सभी प्रकार के निवेशकों (Investors) के लिए उपयुक्त (Suitable) बनाता है। - 5 साल की परिपक्वता अवधि (5-Year Maturity Period):
NSC योजना की परिपक्वता अवधि (Maturity Period) 5 साल है। इस दौरान आपका निवेश (Investment) पूरी तरह से सुरक्षित (Secure) रहता है, और परिपक्वता (Maturity) के बाद आपको अपनी मूल राशि (Principal Amount) के साथ-साथ ब्याज (Interest) भी प्राप्त होता है। यह अवधि (Tenure) दीर्घकालिक बचत (Long-Term Savings) के लिए आदर्श (Ideal) है। - ऋण सुविधा (Loan Facility):
आप अपने NSC प्रमाणपत्र (NSC Certificates) को बैंकों (Banks) या वित्तीय संस्थानों (Financial Institutions) में गिरवी (Pledge) रखकर लोन (Loan) प्राप्त कर सकते हैं। यह सुविधा (Facility) आपको जरूरत (Need) पड़ने पर तुरंत नकदी (Cash) उपलब्ध कराती है, जबकि आपका निवेश (Investment) सुरक्षित (Secure) रहता है। - कर लाभ (Tax Benefit):
NSC योजना में निवेश (Investment) पर आयकर अधिनियम (Income Tax Act) की धारा 80C (Section 80C) के तहत 1.5 लाख रुपये तक की छूट (Tax Deduction) मिलती है। यह कर लाभ (Tax Benefit) निवेशकों (Investors) को अपनी टैक्स देनदारी (Tax Liability) कम करने में मदद करता है।
पात्रता मानदंड (Eligibility Criteria for NSC Scheme)
NSC योजना में निवेश (Investment) करने के लिए कुछ पात्रता मानदंड (Eligibility Criteria) निर्धारित किए गए हैं, जो इस प्रकार हैं:
- भारत का निवासी (Resident of India):
इस योजना का लाभ केवल भारत के निवासी (Indian Residents) ही उठा सकते हैं। यह योजना भारतीय नागरिकों (Indian Citizens) को दीर्घकालिक बचत (Long-Term Savings) का एक सुरक्षित विकल्प (Secure Option) प्रदान करने के लिए बनाई गई है। - नाबालिग और विशेष जरूरत वाले व्यक्ति (Minors and Persons with Special Needs):
10 वर्ष या उससे अधिक आयु (Age 10 or Above) के नाबालिग (Minors) और मानसिक रूप से अक्षम व्यक्ति (Persons of Unsound Mind) भी इस योजना में निवेश (Investment) कर सकते हैं। हालांकि, ऐसे मामलों में उनके अभिभावक (Guardians), जैसे माता-पिता (Parents) या कानूनी अभिभावक (Legal Guardian), उनके नाम पर खाता (Account) खोल सकते हैं और संचालित (Operate) कर सकते हैं। - न्यूनतम आयु (Minimum Age for Minors):
नाबालिगों (Minors) के लिए न्यूनतम आयु (Minimum Age) 10 वर्ष निर्धारित की गई है। इसका मतलब है कि केवल 10 साल या उससे अधिक उम्र के बच्चे (Children) ही स्वयं (Themselves) इस योजना में खाता (Account) खोल सकते हैं।
जमा और खाता संबंधी नियम (Deposit and Account Rules)
- न्यूनतम और अधिकतम जमा राशि (Minimum and Maximum Deposit):
इस योजना में न्यूनतम जमा राशि (Minimum Deposit) 1,000 रुपये है। इसके बाद, आप 100 रुपये के गुणकों (Multiples of 100) में जमा (Deposit) कर सकते हैं, जैसे 1,100 रुपये, 1,200 रुपये, आदि। इस योजना में कोई अधिकतम जमा सीमा (Maximum Deposit Limit) नहीं है, जिससे आप अपनी क्षमता (Capacity) के अनुसार जितना चाहें उतना निवेश (Investment) कर सकते हैं। - खातों की संख्या (Number of Accounts):
एक व्यक्ति (Individual) इस योजना के तहत एक से अधिक खाते (Multiple Accounts) खोल सकता है। यह सुविधा (Facility) आपको अपनी निवेश राशि (Investment Amount) को अलग-अलग खातों (Accounts) में बांटने (Distribute) की छूट (Flexibility) देती है।
परिपक्वता और भुगतान (Maturity and Payment)
- 5 साल की परिपक्वता अवधि (5-Year Maturity Period):
इस योजना में जमा की गई राशि (Deposited Amount) 5 साल की अवधि (Tenure) के बाद परिपक्व (Mature) होती है। जमा की तारीख (Deposit Date) से 5 साल पूरे होने पर आप अपनी मूल राशि (Principal Amount) और उस पर अर्जित ब्याज (Accrued Interest) प्राप्त कर सकते हैं। - परिपक्वता मूल्य (Maturity Value):
अगर आप 1,000 रुपये का निवेश (Investment) करते हैं, तो 5 साल बाद (At Maturity) यह राशि (Amount) 7.7% की ब्याज दर (Interest Rate) पर बढ़कर 1,400.54 रुपये हो जाती है। अगर आपने इससे अधिक राशि (Higher Amount) जमा की है, तो परिपक्वता मूल्य (Maturity Value) उसी अनुपात (Proportion) में बढ़ेगा। - पूर्णांक की गणना (Rounding Off):
परिपक्वता मूल्य (Maturity Value) की गणना (Calculation) में अगर राशि (Amount) में दशमलव (Decimal) होता है, तो उसे निकटतम रुपये (Nearest Rupee) में पूर्णांकित (Rounded Off) किया जाता है। उदाहरण के लिए, 1,400.54 रुपये को 1,401 रुपये माना जाएगा, जबकि 1,400.44 रुपये को 1,400 रुपये माना जाएगा। 50 पैसे या उससे अधिक (50 Paise or More) को 1 रुपये में बदला जाता है, और 50 पैसे से कम (Less than 50 Paise) को नजरअंदाज (Ignored) किया जाता है। - वार्षिक ब्याज प्रमाणपत्र (Annual Interest Certificate):
अगर आपको अपने निवेश (Investment) पर अर्जित ब्याज (Earned Interest) का प्रमाणपत्र (Certificate) चाहिए, तो आप डाकघर (Post Office) से अनुरोध (Request) कर सकते हैं। डाकघर (Post Office) आपको वार्षिक ब्याज (Annual Interest) का प्रमाणपत्र (Certificate) जारी करेगा, जिसे आप आयकर रिटर्न (Income Tax Return) या अन्य जरूरतों (Needs) के लिए उपयोग (Use) कर सकते हैं।
NSC योजना के लिए जरूरी दस्तावेज (Documents Required for NSC Scheme)
राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC) योजना में खाता (Account) खोलने के लिए आपको कुछ जरूरी दस्तावेज (Essential Documents) जमा करने होंगे। ये दस्तावेज (Documents) आपकी पहचान (Identity), पता (Address), और आयु (Age) को सत्यापित (Verify) करने के लिए जरूरी हैं। आइए, इनकी सूची (List) पर नजर डालते हैं:
- पासपोर्ट साइज फोटो (Passport Size Photograph):
आवेदक (Applicant) को हाल ही में खींचा गया एक पासपोर्ट साइज फोटो (Recent Passport Size Photo) जमा करना होगा। - आधार कार्ड (Aadhaar Card):
आधार कार्ड (Aadhaar Card) एक वैध पहचान पत्र (Valid Identity Proof) के रूप में स्वीकार किया जाता है। यह आपकी पहचान (Identity) और पते (Address) को सत्यापित (Verify) करने में मदद करता है। - पैन कार्ड (PAN Card):
पैन कार्ड (PAN Card) भी एक महत्वपूर्ण पहचान प्रमाण (Identity Proof) के रूप में जमा करना होगा। यह आयकर (Income Tax) से संबंधित जानकारी (Details) के लिए जरूरी है। - आयु का प्रमाण (Proof of Age):
आयु (Age) को सत्यापित (Verify) करने के लिए जन्म प्रमाणपत्र (Birth Certificate) जमा करना अनिवार्य (Mandatory) है। यह खास तौर पर नाबालिगों (Minors) के लिए जरूरी है। - पहचान और पते का प्रमाण (Identity and Address Proof):
पहचान (Identity) और पते (Address) को सत्यापित (Verify) करने के लिए निम्नलिखित दस्तावेज (Documents) में से कोई एक जमा किया जा सकता है: - पासपोर्ट (Passport)
- ड्राइविंग लाइसेंस (Driving License)
- मतदाता पहचान पत्र (Voter ID Card)
- राज्य सरकार (State Government) के अधिकारी द्वारा हस्ताक्षरित नरेगा जॉब कार्ड (NREGA Job Card)
- राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (National Population Register) द्वारा जारी पत्र (Letter with Name and Address)
इन दस्तावेजों (Documents) को जमा करने के बाद आप आसानी से NSC योजना में खाता (Account) खोल सकते हैं।
NSC योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया (How to Apply for NSC Scheme – Offline Process)
राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC) योजना में निवेश (Investment) करने के लिए आवेदन प्रक्रिया (Application Process) को ऑफलाइन (Offline) तरीके से पूरा किया जा सकता है। आइए, इस प्रक्रिया को चरणबद्ध (Step-by-Step) तरीके से समझते हैं:
- नजदीकी डाकघर या बैंक शाखा में जाएं (Visit the Nearest Post Office or Bank Branch):
सबसे पहले, आपको अपने नजदीकी डाकघर (Post Office) या किसी नामित बैंक शाखा (Designated Bank Branch) में जाना होगा, जहां से आप आवेदन प्रक्रिया (Application Process) शुरू कर सकते हैं। - आवेदन फॉर्म प्राप्त करें या डाउनलोड करें (Obtain or Download the Application Form):
डाकघर (Post Office) या बैंक (Bank) से आवेदन फॉर्म (Application Form) प्राप्त करें। इसके अलावा, आप भारत सरकार (Government of India) की आधिकारिक वेबसाइट (Official Website) से भी इस फॉर्म को डाउनलोड (Download) कर सकते हैं। - आवेदन फॉर्म भरें और दस्तावेज संलग्न करें (Fill the Form and Attach Documents):
आवेदन फॉर्म (Application Form) को सावधानीपूर्वक (Carefully) और पूरी तरह (Completely) भरें। इसके साथ ही, सभी जरूरी दस्तावेज (Required Documents) जैसे पहचान प्रमाण (Identity Proof), पते का प्रमाण (Address Proof), और जन्म प्रमाणपत्र (Birth Certificate) (अगर नाबालिग के लिए आवेदन हो) को संलग्न (Attach) करें। - घोषणा और नामांकन विवरण भरें (Fill Declaration and Nomination Details):
फॉर्म में घोषणा (Declaration) और नामांकन (Nomination) से संबंधित जानकारी (Details) भरना अनिवार्य (Mandatory) है। इसमें आपको यह बताना होगा कि आपकी अनुपस्थिति (Absence) में राशि (Amount) किसे दी जानी चाहिए। - प्रारंभिक राशि के साथ फॉर्म जमा करें (Submit the Form with Initial Deposit):
फॉर्म (Form) को सभी दस्तावेजों (Documents) के साथ डाकघर (Post Office) या बैंक (Bank) में जमा करें। इसके साथ ही, आपको न्यूनतम 1,000 रुपये की प्रारंभिक जमा राशि (Initial Deposit) भी जमा करनी होगी। - पावती प्राप्त करें (Receive Acknowledgment):
आवेदन प्रक्रिया (Application Process) पूरी होने के बाद, आपको एक पावती (Acknowledgment) दी जाएगी। यह पावती (Acknowledgment) इस बात का प्रमाण (Proof) होगी कि आपका NSC खाता (NSC Account) सफलतापूर्वक शुरू (Opened) हो गया है। यह भविष्य में संदर्भ (Reference) के लिए भी उपयोगी (Useful) होगी।
खाते का समय से पहले बंद होना (Premature Closure of NSC Account)
सामान्य तौर पर, राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC) खाता (Account) परिपक्वता (Maturity) से पहले बंद (Closed) नहीं किया जा सकता। हालांकि, कुछ विशेष परिस्थितियों (Exceptional Circumstances) में खाते को समय से पहले बंद (Premature Closure) करने की अनुमति (Permission) दी जाती है:
- खाताधारक की मृत्यु (Death of Account Holder):
अगर एकल खाताधारक (Single Holder) या संयुक्त खाते (Joint Account) के सभी खाताधारकों (All Holders) की मृत्यु (Death) हो जाती है, तो खाता समय से पहले बंद (Prematurely Closed) किया जा सकता है। - गिरवी द्वारा जब्ती (Forfeiture by Pledge):
अगर खाता (Account) गिरवी (Pledged) रखा गया हो और किसी राजपत्रित अधिकारी (Gazetted Officer) द्वारा इसे जब्त (Forfeited) किया जाता है, तो खाता समय से पहले बंद (Prematurely Closed) किया जा सकता है। यह प्रक्रिया योजना के नियमों (Scheme Rules) के अनुसार होनी चाहिए। - न्यायालय का आदेश (Court Order):
अगर न्यायालय (Court) द्वारा खाता बंद (Account Closure) करने का आदेश (Order) दिया जाता है, तो इसे समय से पहले बंद (Prematurely Closed) किया जा सकता है।
समय से पहले बंद करने पर भुगतान (Payment on Premature Closure)
- 1 साल से पहले (Before 1 Year):
अगर खाता (Account) जमा की तारीख (Deposit Date) से 1 साल के भीतर बंद (Closed) किया जाता है, तो केवल मूल राशि (Principal Amount) ही वापस (Returned) की जाएगी। इस स्थिति में कोई ब्याज (Interest) नहीं दिया जाएगा। - 1 साल के बाद लेकिन 3 साल से पहले (After 1 Year but Before 3 Years):
अगर खाता (Account) 1 साल के बाद लेकिन 3 साल से पहले बंद (Closed) किया जाता है, तो मूल राशि (Principal Amount) पर डाकघर बचत खाता (Post Office Savings Account) की ब्याज दर (Interest Rate) के अनुसार ब्याज (Interest) दिया जाएगा। यह ब्याज (Interest) केवल उन महीनों (Months) के लिए होगा, जितने समय तक खाता खुला (Active) रहा।
खाते का स्थानांतरण (Transfer of NSC Account)
राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC) खाता (Account) एक व्यक्ति (Individual) से दूसरे व्यक्ति (Another Individual) को स्थानांतरित (Transferred) किया जा सकता है, लेकिन इसके लिए कुछ शर्तें (Conditions) और परिस्थितियां (Circumstances) निर्धारित की गई हैं:
- एकल खाताधारक की मृत्यु (Death of Single Holder):
अगर एकल खाताधारक (Single Holder) की मृत्यु (Death) हो जाती है, तो खाता (Account) की राशि (Amount) उनके कानूनी उत्तराधिकारियों (Legal Heirs) या नामितियों (Nominees) को हस्तांतरित (Transferred) कर दी जाएगी। - संयुक्त खाते में सभी खाताधारकों की मृत्यु (Death of All Holders in Joint Account):
अगर संयुक्त खाते (Joint Account) के सभी खाताधारकों (All Holders) की मृत्यु (Death) हो जाती है, तो राशि (Amount) कानूनी उत्तराधिकारियों (Legal Heirs) या नामितियों (Nominees) को दी जाएगी। - न्यायालय का आदेश (Court Order):
अगर न्यायालय (Court) द्वारा खाता (Account) किसी अन्य व्यक्ति (Another Person) को हस्तांतरित (Transfer) करने का आदेश (Order) दिया जाता है, तो यह प्रक्रिया (Process) उसी के अनुसार होगी। - गिरवी रखने पर (On Pledging):
अगर खाता (Account) गिरवी (Pledged) रखा गया हो और किसी आधिकारिक प्रक्रिया (Official Process) के तहत जब्त (Forfeited) किया जाता है, तो खाता (Account) गिरवी धारक (Pledgee) के नाम पर हस्तांतरित (Transferred) किया जाएगा। - संयुक्त खाते में किसी एक खाताधारक की मृत्यु (Death of One Holder in Joint Account):
अगर संयुक्त खाते (Joint Account) में किसी एक खाताधारक (One Holder) की मृत्यु (Death) हो जाती है, तो खाता (Account) जीवित खाताधारक (Surviving Holder) के नाम पर या अन्य शर्तों (Conditions) के अनुसार हस्तांतरित (Transferred) किया जाएगा।
खाताधारक की मृत्यु पर भुगतान (Payment on Death of Account Holder)
NSC योजना में खाताधारक (Account Holder) की मृत्यु (Death) की स्थिति में भुगतान (Payment) के लिए कुछ नियम (Rules) निर्धारित किए गए हैं:
- एकल या संयुक्त खाताधारक की मृत्यु (Death of Single or Joint Holder):
अगर एकल खाताधारक (Single Holder) या संयुक्त खाते (Joint Account) के सभी खाताधारकों (All Holders) की मृत्यु (Death) हो जाती है, तो खाते (Account) में बची राशि (Remaining Amount) योजना के दिशानिर्देशों (Guidelines) के अनुसार पात्र व्यक्ति (Eligible Person) को दी जाएगी। यह राशि (Amount) मृतक (Deceased) के कानूनी उत्तराधिकारियों (Legal Heirs) या नामितियों (Nominees) को दी जाती है। - नामांकन का प्रभाव (Effect of Nomination):
अगर मृत्यु (Death) के समय नामांकन (Nomination) प्रभावी (Active) है, तो नामित व्यक्ति (Nominee) को राशि (Amount) प्राप्त करने के लिए डाकघर (Post Office) में एक आवेदन (Application) देना होगा। इस आवेदन (Application) के साथ खाताधारक (Holder) की मृत्यु का प्रमाण (Death Certificate) और, अगर अन्य नामित व्यक्ति (Other Nominee) की भी मृत्यु (Death) हो गई है, तो उनका मृत्यु प्रमाण (Death Certificate) भी जमा करना होगा। - नामांकित व्यक्तियों के बीच राशि का वितरण (Distribution Among Nominees):
अगर दो या अधिक नामित व्यक्ति (Multiple Nominees) जीवित (Alive) हैं, तो राशि (Amount) उनके बीच खाताधारक (Holder) द्वारा नामांकन (Nomination) के समय तय अनुपात (Specified Proportion) में बांटी (Distributed) जाएगी। अगर अनुपात (Proportion) तय नहीं किया गया है, तो राशि (Amount) सभी जीवित नामित व्यक्तियों (Surviving Nominees) को बराबर (Equally) बांट दी जाएगी। - नामांकित व्यक्ति की मृत्यु (Death of Nominee):
अगर किसी नामित व्यक्ति (Nominee) की मृत्यु (Death) हो जाती है, तो उनका हिस्सा (Share) बाकी जीवित नामित व्यक्तियों (Surviving Nominees) के बीच उनके अनुपात (Proportion) के अनुसार बांट (Distributed) दिया जाएगा। - नाबालिग नामांकित व्यक्ति (Minor Nominee):
अगर नामित व्यक्ति (Nominee) नाबालिग (Minor) है, तो भुगतान (Payment) खाताधारक (Holder) द्वारा नियुक्त व्यक्ति (Appointed Person) को किया जाएगा। अगर ऐसा कोई व्यक्ति (Person) नियुक्त (Appointed) नहीं किया गया है, तो भुगतान (Payment) नाबालिग (Minor) के अभिभावक (Guardian) को दिया जाएगा।
जब नामांकन प्रभावी नहीं है (When Nomination is Not Active)
अगर खाताधारक (Holder) की मृत्यु (Death) के समय कोई नामांकन (Nomination) प्रभावी (Active) नहीं है, तो निम्नलिखित प्रक्रिया (Process) अपनाई जाती है:
- 6 महीने के भीतर दस्तावेज जमा करें (Submit Documents Within 6 Months):
मृत्यु (Death) के 6 महीने के भीतर डाकघर (Post Office) में वसीयत का प्रोबेट (Probate of Will), उत्तराधिकार प्रमाणपत्र (Succession Certificate), या भारतीय उत्तराधिकार अधिनियम, 1925 (Indian Succession Act, 1925) के तहत प्राप्त उत्तराधिकार प्रमाणपत्र (Succession Certificate) जमा करना होगा। - 5 लाख रुपये से कम की राशि (Amount Less Than 5 Lakh):
अगर खाते (Account) में राशि (Amount) 5 लाख रुपये से कम है, तो डाकघर (Post Office) या संबंधित प्राधिकारी (Authority) निम्नलिखित दस्तावेजों (Documents) के साथ दावेदार (Claimant) को भुगतान (Payment) कर सकता है: - मृत्यु प्रमाणपत्र (Death Certificate)
- पासबुक (Passbook), जमा रसीद (Deposit Receipt), या खाता विवरण (Account Statement) (मूल रूप में)
- शपथ पत्र (Affidavit)
- अस्वीकरण पत्र (Letter of Disclaimer)
- क्षतिपूर्ति बांड (Bond of Indemnity)
- 5 लाख रुपये से अधिक की राशि (Amount More Than 5 Lakh):
अगर राशि (Amount) 5 लाख रुपये से अधिक है, तो डाकघर (Post Office) भुगतान (Payment) तभी करेगा, जब दावेदार (Claimant) न्यायालय (Court) से प्राप्त उत्तराधिकार प्रमाणपत्र (Succession Certificate) जमा करेगा। इसके लिए जरूरी दस्तावेज (Required Documents) हैं: - दावा प्रपत्र (Claim Form)
- पासबुक (Passbook), जमा रसीद (Deposit Receipt), या खाता विवरण (Account Statement) (मूल रूप में)
- खाताधारक (Holder) का मृत्यु प्रमाणपत्र (Death Certificate)
राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC) योजना एक सुरक्षित (Secure) और भरोसेमंद (Reliable) निवेश विकल्प (Investment Option) है, जो भारतीय डाकघर (India Post) के माध्यम से दीर्घकालिक बचत (Long-Term Savings) को बढ़ावा देती है। 7.7% की आकर्षक ब्याज दर (Interest Rate), कोई अधिकतम जमा सीमा (No Maximum Deposit Limit) नहीं, और धारा 80C (Section 80C) के तहत कर लाभ (Tax Benefit) इस योजना को निवेशकों (Investors) के लिए एक शानदार विकल्प (Great Choice) बनाते हैं। अगर आप अपने पैसे को सुरक्षित (Secure) रखते हुए एक सुनिश्चित रिटर्न (Guaranteed Return) की उम्मीद रखते हैं, तो NSC योजना आपके लिए एकदम सही (Perfect) है।



