
Operation Sindoor : पाकिस्तान का शेयर बाजार बुधवार को उस समय हिल गया, जब भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में आतंकी ठिकानों पर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत सटीक हमला किया। इस हमले के बाद पाकिस्तान स्टॉक एक्सचेंज का प्रमुख सूचकांक KSE100 दिन की शुरुआत में 6,560.82 अंकों की भारी गिरावट के साथ 107,007.68 पर खुला, जो 5.78% की कमी थी। दिन के अंत तक यह सूचकांक 3,559 अंक नीचे 110,009 पर बंद हुआ, जो 3.3% की गिरावट दर्शाता है। यह घटना न केवल पाकिस्तान की आर्थिक स्थिति पर सवाल उठाती है, बल्कि भारत-पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के आर्थिक प्रभाव को भी उजागर करती है।
pakistan share market today : ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने न केवल आतंकी ढांचों को निशाना बनाया, बल्कि पाकिस्तान के शेयर बाजार को भी झटका दिया। भारत-पाकिस्तान तनाव, मूडीज की चेतावनी और आर्थिक अनिश्चितता ने निवेशकों का विश्वास डगमगा दिया है। जैसे-जैसे दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है, पाकिस्तान की आर्थिक स्थिति और नाजुक होती जा रही है।
नौ कारोबारी सत्रों में 4.1% की गिरावट
Pakistan Stock Market : पाकिस्तान की ब्रोकरेज फर्म टॉपलाइन सिक्योरिटीज के अनुसार, भारत के संभावित हमले की अनिश्चितता के कारण पिछले नौ कारोबारी सत्रों में KSE100 ने अपनी वैल्यू का 4.1% हिस्सा खो दिया। मंगलवार को भी बाजार लाल निशान में बंद हुआ था, भले ही स्टेट बैंक ऑफ पाकिस्तान ने ब्याज दरों में 100 आधार अंकों की कटौती की थी। ब्रोकरेज फर्म अरिफ हबीब लिमिटेड ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया कि मंगलवार को KSE100 533.73 अंक नीचे बंद हुआ। यह गिरावट भारत-पाकिस्तान सीमा पर चल रहे तनाव और मूडीज की चेतावनी के कारण थी, जिसमें कहा गया था कि बढ़ता तनाव पाकिस्तान की आर्थिक स्थिरता को प्रभावित कर सकता है।
‘ऑपरेशन सिंदूर’: भारत का सटीक हमला
KSE100 Crash : भारत के रक्षा मंत्रालय ने बुधवार को एक आधिकारिक बयान में बताया कि भारतीय सशस्त्र बलों ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत पाकिस्तान और PoK में आतंकी ढांचों को निशाना बनाया। मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि इन ठिकानों से भारत के खिलाफ आतंकी हमले की योजना बनाई और अंजाम दी जा रही थी। यह कार्रवाई 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए बर्बर आतंकी हमले के जवाब में थी, जिसमें 25 भारतीय और एक नेपाली नागरिक मारे गए थे। रक्षा मंत्रालय ने यह भी कहा कि हमले में किसी भी पाकिस्तानी सैन्य सुविधा को निशाना नहीं बनाया गया।
मूडीज की चेतावनी: आर्थिक स्थिरता पर खतरा
India PoK Strike : रेटिंग एजेंसी मूडीज ने अपनी रिपोर्ट में चेतावनी दी कि भारत-पाकिस्तान के बीच बढ़ता तनाव पाकिस्तान की आर्थिक वृद्धि पर नकारात्मक असर डालेगा और सरकार के वित्तीय समेकन के प्रयासों को बाधित करेगा। इससे पाकिस्तान की बाहरी वित्तपोषण तक पहुँच प्रभावित हो सकती है और विदेशी मुद्रा भंडार पर दबाव बढ़ सकता है। 9 मई को अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) की कार्यकारी बोर्ड पाकिस्तानी अधिकारियों के साथ 1.3 बिलियन डॉलर के नए क्रेडिट लाइन और 7 बिलियन डॉलर के मौजूदा बेलआउट पैकेज की समीक्षा के लिए बैठक करेगी। इस बीच, पाकिस्तान की आर्थिक स्थिति पहले से ही नाजुक बनी हुई है।
स्टेट बैंक ऑफ पाकिस्तान की दर कटौती नाकाफी
Moody’s Pakistan Warning : मंगलवार को स्टेट बैंक ऑफ पाकिस्तान ने अपनी प्रमुख ब्याज दर को 100 आधार अंक घटाकर 11% कर दिया। इस कटौती के बाद KSE100 में 900 अंकों से अधिक की उछाल देखी गई, लेकिन यह उत्साह जल्द ही ठंडा पड़ गया और सूचकांक 500 अंक से अधिक नीचे बंद हुआ। पाकिस्तान बिजनेस काउंसिल के सीईओ एहसान मलिक ने दैनिक अखबार ‘डॉन’ को बताया कि यह कटौती नाकाफी थी, खासकर तब जब आयात बढ़ने से व्यापार घाटा बढ़ रहा है। उन्होंने भू-राजनीतिक तनाव, व्यापार अनिश्चितता और विनिमय दर पर दबाव का हवाला देते हुए ब्याज दर को एकल अंक में लाने की माँग की।

पाकिस्तान चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष आतिफ इकराम शेख ने कहा कि उद्योग 500 आधार अंकों की कटौती की उम्मीद कर रहा था, ताकि ब्याज दर 7% तक पहुँच सके। कराची चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष मुहम्मद जावेद बिलवानी ने बताया कि अप्रैल में पाकिस्तान की मुद्रास्फीति दर 0.30% थी, जबकि ब्याज दर इससे कहीं अधिक थी। उन्होंने भारत (6%) और बांग्लादेश (10%) जैसे पड़ोसी देशों की नीतिगत दरों से तुलना करते हुए कहा कि पाकिस्तानी उद्योग उच्च उधार लागत से जूझ रहे हैं।
ऐतिहासिक रुझान: पुलवामा और उरी का असर
टॉपलाइन सिक्योरिटीज के अनुसार, 14 फरवरी 2019 को कश्मीर के पुलवामा में CRPF के काफिले पर हुए आतंकी हमले, जिसमें 40 जवान शहीद हुए थे, के बाद KSE100 में 2% की गिरावट आई थी। 26 फरवरी 2019 को भारतीय वायुसेना के बालाकोट हमले के बाद यह सूचकांक 1.40% नीचे था। हालांकि, 2016 में उरी आतंकी हमले के जवाब में भारत की कार्रवाई के बाद KSE100 में बढ़त देखी गई थी।
अन्य आर्थिक दबाव
पाकिस्तान के पंजाब सिंचाई विभाग के एक अधिकारी ने मंगलवार को आरोप लगाया कि भारत ने चेनाब नदी के 90% जल प्रवाह को रोक दिया है, जिससे कृषि और उद्योग पर असर पड़ सकता है। SIA इक्विटीज की एक रिपोर्ट में बताया गया कि मई के ऐतिहासिक रुझानों के अनुसार, 2010 से KSE100 में आठ बार मंदी और सात बार तेजी देखी गई है।



