
PM Kisan 21st Installment Date : देशभर के लाखों किसानों के लिए अच्छी खबर है। केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत 21वीं किस्त का वितरण अब किसी भी दिन शुरू हो सकता है। यदि आप भी इस योजना के लाभार्थी हैं और बेचैन होकर अपने बैंक खाते की ओर टकटकी लगा रहे हैं, तो पहले यह सुनिश्चित कर लें कि आपकी ओर से कोई चूक तो नहीं हुई है। एक छोटी सी त्रुटि भी आपको इस महत्वपूर्ण वित्तीय सहायता से दूर कर सकती है। आइए, इस खबर को विस्तार से समझते हैं कि योजना के लाभ कैसे सुनिश्चित किए जाएं, कब आएगी 21वीं किस्त और किन बातों का ध्यान रखना जरूरी है।
योजना का संक्षिप्त परिचय
PM Kisan Samman Nidhi 21st Kist Update : पीएम किसान सम्मान निधि योजना, जिसे संक्षेप में PM Kisan Yojana के नाम से जाना जाता है, को केंद्र सरकार ने फरवरी 2019 में शुरू किया था। इसका मुख्य उद्देश्य छोटे और सीमांत किसानों को उनकी खेती-बाड़ी की जरूरतों के लिए आर्थिक सहायता प्रदान करना है। योजना के तहत पात्र किसानों को प्रतिवर्ष 6,000 रुपये की सहायता दी जाती है, जो तीन समान किस्तों—प्रत्येक 2,000 रुपये की—में वितरित की जाती हैं। ये किस्तें आमतौर पर चार-चार महीने के अंतराल पर जारी होती हैं, जैसे अप्रैल-जुलाई, अगस्त-नवंबर और दिसंबर-मार्च के चक्र में।
यह योजना न केवल किसानों की तत्काल वित्तीय आवश्यकताओं जैसे बीज, खाद, दवाओं की खरीदारी को पूरा करती है, बल्कि उन्हें साहूकारों के चंगुल से भी मुक्त करती है। अब तक सरकार ने 20 किस्तें सफलतापूर्वक वितरित की हैं, जिससे करोड़ों किसानों के जीवन में सकारात्मक बदलाव आया है। लेकिन 21वीं किस्त का इंतजार अब जोर पकड़ चुका है, खासकर उन किसानों के लिए जो अभी तक इसका लाभ नहीं उठा पाए हैं।

21वीं किस्त कब आएगी?
PM Kisan Beneficiary Status Link : पिछली, यानी 20वीं किस्त को अगस्त 2025 में जारी किया गया था, जिसमें करीब 9.7 करोड़ किसानों के खातों में कुल 20,840 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए गए थे। उसके चार महीने पूरे होने के बाद अब नवंबर 2025 का महीना आ गया है। सरकारी सूत्रों और मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 21वीं किस्त का वितरण नवंबर के पहले या दूसरे सप्ताह में शुरू होने की पूरी संभावना है। कुछ विशेषज्ञों का अनुमान है कि यह बिहार विधानसभा चुनावों से ठीक पहले, यानी 6 और 11 नवंबर को होने वाले मतदान से पहले ही जारी हो सकती है, ताकि किसान भाइयों को तत्काल राहत मिल सके।
हालांकि, चुनावी मॉडल कोड ऑफ कंडक्ट (Model Code of Conduct) के कारण थोड़ी देरी संभव है, लेकिन पहले से स्वीकृत योजनाओं के भुगतान में कोई रुकावट नहीं आएगी। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने हाल ही में इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि सत्यापन प्रक्रिया तेजी से चल रही है, और केवल पात्र लाभार्थियों को ही राशि मिलेगी। यह वितरण डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से होगा, जो पारदर्शिता और दक्षता सुनिश्चित करता है।
ये सामान्य गलतियां आपको लाभ से दूर कर सकती हैं: सावधानी बरतें
PM Kisan New Update 2025 : यदि आप योजना का लाभ उठाना चाहते हैं, तो अपनी ओर से कोई कोताही न बरतें। कई किसान अनजाने में ऐसी गलतियां करते हैं, जो उनके नाम को लाभार्थी सूची से हटा देती हैं। यहां कुछ प्रमुख त्रुटियां हैं, जिन्हें तुरंत सुधारना जरूरी है:
- ई-केवाईसी (e-KYC) की अनदेखी: योजना के तहत ई-केवाईसी अनिवार्य है। यदि आपने अभी तक आधार नंबर, बायोमेट्रिक या OTP के माध्यम से यह प्रक्रिया पूरी नहीं की है, तो आपका भुगतान रुक सकता है। लाखों किसान अभी भी इसकी प्रतीक्षा में हैं।
- भू-सत्यापन (Land Verification) में देरी: अपनी भूमि के रिकॉर्ड को अपडेट और सत्यापित कराना आवश्यक है। यदि भूमि मालिकाना हक में कोई विसंगति है या राज्य सरकार के राजस्व विभाग से सत्यापन नहीं हुआ, तो लाभ रुक जाएगा।
- आधार लिंकिंग का अभाव: आधार कार्ड को बैंक खाते और मोबाइल नंबर से लिंक न करना एक बड़ी भूल है। बिना आधार के DBT प्रक्रिया विफल हो जाती है।
- मोबाइल नंबर की निष्क्रियता: योजना से जुड़े मोबाइल नंबर को सक्रिय रखें। यदि नंबर बंद हो गया है या सिम खो गया है, तो OTP प्राप्ति में समस्या हो सकती है, जिससे सारा प्रक्रिया प्रभावित होता है।
- बैंक विवरणों में त्रुटि: बैंक खाते का IFSC कोड, अकाउंट नंबर या नाम में कोई गलती हो तो राशि वापस आ जाती है। हमेशा विवरणों की दोबारा जांच करें।
इन गलतियों से बचने के लिए तुरंत PM Kisan पोर्टल पर लॉगिन करें या नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाएं। विशेषज्ञों का कहना है कि नवंबर से पहले ये कदम उठाने से आपकी 21वीं किस्त सुरक्षित हो जाएगी।
किन राज्यों के किसानों को पहले ही मिल चुका है लाभ
सितंबर 2025 में कई राज्यों में भारी बारिश, बाढ़ और भूस्खलन जैसी प्राकृतिक आपदाओं ने किसानों को भारी नुकसान पहुंचाया। केंद्र सरकार ने त्वरित राहत के लिए इन राज्यों को प्राथमिकता दी और 21वीं किस्त का अग्रिम वितरण किया। यहां मुख्य राज्य हैं:
- हिमाचल प्रदेश: सितंबर के अंतिम सप्ताह में जारी, जहां बाढ़ से हजारों किसान प्रभावित हुए।
- पंजाब: भारी वर्षा से फसलें बर्बाद होने पर तत्काल सहायता।
- उत्तराखंड: भूस्खलन प्रभावित किसानों को विशेष राहत।
- जम्मू-कश्मीर: 7 अक्टूबर 2025 को 8.55 लाख किसानों को 171 करोड़ रुपये ट्रांसफर, जिसमें 85,000 से अधिक महिला किसान शामिल हैं। कुल मिलाकर, इस केंद्र शासित प्रदेश को अब तक 4,052 करोड़ रुपये का लाभ मिल चुका है।
ये वितरण कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से किए गए, जो सरकार की संवेदनशीलता को दर्शाता है। बाकी राज्यों के लिए सामान्य वितरण नवंबर में होगा।

स्टेटस कैसे चेक करें? घर बैठे आसान तरीका
PM Kisan Yojana DBT Status Check क्या आप उत्सुक हैं कि आपकी किस्त क्रेडिट हो गई है या नहीं? चिंता न करें, यह प्रक्रिया बेहद सरल है। आधिकारिक वेबसाइट www.pmkisan.gov.in पर जाएं और निम्नलिखित चरण अपनाएं:
- होमपेज पर “Beneficiary Status” विकल्प पर क्लिक करें।
- अपना आधार नंबर या बैंक अकाउंट नंबर दर्ज करें।
- कैप्चा कोड भरें और “Get Data” बटन दबाएं।
- स्क्रीन पर आपका लाभार्थी स्टेटस, अंतिम भुगतान की तारीख और राशि की जानकारी दिख जाएगी।
यदि कोई समस्या हो, तो हेल्पलाइन नंबर 155261 या 011-24300606 पर संपर्क करें। ऐप के माध्यम से भी स्टेटस चेक किया जा सकता है, जो किसानों के लिए सुविधाजनक है।
