
Rain Alert : राजस्थान में इस बार मानसून ने जबरदस्त रूप दिखाया है। राज्य के कई जिलों में बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। कहीं मकान गिरने से जान गई, तो कहीं सड़कों पर नावें चलने जैसी स्थिति बन गई। माउंट आबू में सेल्फी ले रहे एक पर्यटक की खाई में गिरकर मौत हो गई, वहीं सीकर में युवक डूब गया। श्रीगंगानगर में तेज बारिश के कारण सड़क बह गई और धौलपुर में नदियों के उफान से गांवों का संपर्क कट गया। बीकानेर, हनुमानगढ़, चूरू और गंगानगर जिलों में मूसलधार वर्षा के कारण जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। राजस्थान के हिल स्टेशन माउंट आबू में शुक्रवार को एक बड़ा हादसा हो गया। गुजरात के अहमदाबाद निवासी 49 वर्षीय विपिन पटेल अपने दो मित्रों के साथ आरना हनुमानजी मंदिर के पास घूमने गया था। वह सड़क किनारे खड़े होकर झरने के पास सेल्फी ले रहा था, तभी उसका संतुलन बिगड़ गया और वह 300 फीट गहरी खाई में जा गिरा। मौके पर पहुंची पुलिस और रेस्क्यू टीम ने काफी मशक्कत के बाद उसका शव निकाला। यह हादसा एक बार फिर लोगों को ‘Selfie Safety’ के प्रति सचेत कर गया।
सीकर में कुंड में डूबने से युवक की मौत
Rajasthan ka Mosam : सीकर जिले के गोकुलपुरा थाना क्षेत्र में नागकुंड में नहाते समय 22 वर्षीय युवक नरेश की डूबने से मौत हो गई। वह अपने दोस्तों के साथ घूमने गया था। नरेश गहराई की ओर चला गया, जहां उसका संतुलन बिगड़ गया और वह पानी में डूब गया। गोताखोरों और पुलिस की मदद से काफी देर बाद शव बरामद हुआ। श्रीगंगानगर जिले में लगातार हो रही भारी बारिश से सूरतगढ़-छतरगढ़ रोड पर स्थित खारबारा सड़क बह गई। इससे दोनों ओर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह से बंद हो गई। जिला मुख्यालय स्थित सदर थाना और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र समेजा कोठी में पानी घुस गया। थाने में फरियादियों और पुलिसकर्मियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। हनुमानगढ़ जिले के उदासर गांव में कच्चे मकान की छत गिरने से चार साल की बच्ची की मौत हो गई। बच्ची के पिता भी हादसे में घायल हुए हैं। जिले के कलेक्टरेट और एसपी कार्यालय परिसर तक पानी में डूबे हुए नजर आए। नगर पालिका के कर्मचारी लगातार जल निकासी में जुटे हैं, मगर हालात अभी भी बिगड़े हुए हैं।
धौलपुर में पार्वती नदी उफान पर
Aaj ka Mosam : धौलपुर जिले के मनिया थाना क्षेत्र में रानोली रपट पर पार्वती नदी के उफान के बावजूद ट्रक निकालने की कोशिश जानलेवा साबित हुई। एक मिनी ट्रक पानी में बह गया। ड्राइवर और क्लीनर वाहन के साथ बह गए। जबकि ठेकेदार और मजदूर समय रहते कूद गए और उन्हें सुरक्षित निकाल लिया गया। चूरू जिले में बारिश के कारण कई कच्चे मकान धराशायी हो गए। दूधवाखारा थाना क्षेत्र के लालासर गांव में एक ही परिवार के तीन भाइयों के मकान पूरी तरह गिर गए। गनीमत रही कि हादसे के समय सभी सदस्य बाहर थे। नागौर के जसनगर में लूणी नदी के उफान पर होने के कारण नेशनल हाईवे-458 एक बार फिर बंद करना पड़ा, जिससे नागौर का पाली और ब्यावर से संपर्क टूट गया।
सूरवाल बांध ओवरफ्लो
Rain Storm Alert : सवाई माधोपुर जिले में हुई भारी बारिश से सूरवाल बांध ओवरफ्लो हो गया। धनोली गांव पूरी तरह जलमग्न हो गया। यहां एक व्यक्ति की मृत्यु के बाद उसका अंतिम संस्कार तीन फीट पानी में खड़े होकर करना पड़ा। गांव का श्मशान घाट भी बाढ़ की चपेट में आ गया। टोंक जिले के बीसलपुर बांध में बढ़ते जलस्तर को देखते हुए उसके चार गेट खोल दिए गए हैं। हर गेट से लगभग 12020 क्यूसेक पानी बनास नदी में छोड़ा जा रहा है। इसी तरह कोटा बैराज के गेट भी खोल दिए गए हैं। इससे चंबल नदी के आसपास के गांवों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। मौसम विभाग ने 2 अगस्त को राजस्थान के पूर्वी जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। अलवर, भरतपुर, करौली, धौलपुर और दौसा में येलो अलर्ट घोषित किया गया है। वहीं जयपुर, कोटा, अजमेर और बीकानेर संभागों में आगामी दिनों में मौसम के साफ रहने की संभावना जताई गई है।
स्कूल-कॉलेज बंद, छात्रवृत्ति और परीक्षा पर असर
Heavy Rain Alert : भारी बारिश को देखते हुए कोटा, हनुमानगढ़ और बीकानेर सहित 11 जिलों में 2 अगस्त को स्कूलों में छुट्टी घोषित की गई है। सरकारी और निजी संस्थानों में अवकाश रहेगा। हालांकि शिक्षक और अन्य स्टाफ को उपस्थित रहना होगा। कई कोचिंग सेंटर भी बंद कर दिए गए हैं, जिससे छात्रवृत्ति योजनाओं और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों को दिक्कतें हो रही हैं।
| क्रम संख्या | जिला | छुट्टी की तिथि |
|---|---|---|
| 1 | झालावाड़ | 2 अगस्त |
| 2 | बारां | 2 अगस्त |
| 3 | टोंक | 2 अगस्त |
| 4 | डूंगरपुर (डींग)* | 2 अगस्त |
| 5 | जैसलमेर | 2 अगस्त |
| 6 | बीकानेर | 2 अगस्त |
| 7 | नागौर | 2 अगस्त |
| 8 | श्रीगंगानगर | 2 अगस्त |
| 9 | कोटपूतली-बेहरोड़ | 2 अगस्त |
| 10 | हनुमानगढ़ | 2 अगस्त |
| 11 | कोटा | 2 अगस्त |
प्रशासन की तैयारी और हेल्पलाइन नंबर
श्रीगंगानगर प्रशासन ने राहत कार्यों के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। जिला कंट्रोल रूम समेत सभी उपखंडों में अलग-अलग नंबर सक्रिय किए गए हैं, जिन पर जलभराव, मकान ढहने, या किसी भी आपदा की सूचना दी जा सकती है।
जिला स्तरीय कंट्रोल रूम: 0154-2440988
सूरतगढ़: 01509-220438
गंगानगर: 0154-2445086
श्रीकरणपुर: 01501-228434
अनूपगढ़: 01498-252900
पदमपुर: 01505-232023
विजयनगर: 01498-230015
घड़साना: 01506-251600
रायसिंहनगर: 01507-220131
सादुलशहर: 01503-222038

रिकॉर्ड तोड़ बारिश
राज्य में 1 जून से 31 जुलाई तक औसतन 216.4 मिमी बारिश होती है, लेकिन इस वर्ष अब तक 410.3 मिमी वर्षा दर्ज की जा चुकी है। यानी औसत से 90% अधिक वर्षा हो चुकी है। जुलाई 2025 में कुल 285 मिमी वर्षा हुई, जो पिछले 69 वर्षों में दूसरी सबसे ज्यादा बारिश है। इससे पहले 1956 में 308 मिमी बारिश दर्ज की गई थी।
24 घंटे की बारिश रिपोर्ट (1 अगस्त 2025)
- गोलूवाला (हनुमानगढ़): 156 मिमी
- गंगानगर शहर: 116 मिमी
- सूरतगढ़: 80 मिमी
- पीलीबंगा: 80 मिमी
- घड़साना: 81 मिमी
- लालगढ़: 65 मिमी
- हिंदूमलकोट: 55 मिमी
- अनूपगढ़: 42 मिमी
- नौरंगदेसर: 30 मिमी
- सरदारशहर (चूरू): 43 मिमी
बिजली संकट, अस्पतालों की हालत खराब
हनुमानगढ़, नोहर और समेजा कोठी जैसे इलाकों में बिजली आपूर्ति ठप है। कई इलाकों में 15 से 18 घंटे से बिजली नहीं आई। अस्पतालों में मरीजों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पानी अस्पतालों के कमरों तक घुस गया है, जिससे चिकित्सा सेवाएं बाधित हो रही हैं। पार्वती, चंबल और बनास नदियों का जलस्तर बढ़ रहा है। बांधों से लगातार पानी छोड़े जाने के कारण अगले कुछ दिनों में निचले इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति बन सकती है। SDRF और सेना की टीमें प्रभावित क्षेत्रों में पहुंच चुकी हैं।
🌧️ 2 अगस्त 2025 – येलो अलर्ट वाले जिले:
- भरतपुर
- अलवर
- दौसा
- करौली
- धौलपुर
🌧️ 3 अगस्त 2025 – येलो अलर्ट वाले जिले:
- अलवर
- भरतपुर
- धौलपुर
🌧️ 4 अगस्त 2025 – अलर्ट के दो स्तर:
🔶 ऑरेंज अलर्ट (भारी बारिश की संभावना):
- धौलपुर
- करौली
💛 येलो अलर्ट (हल्की से मध्यम बारिश की संभावना):
- भरतपुर
- अलवर
- दौसा
- सवाई माधोपुर
🌧️ 5 अगस्त 2025 – येलो अलर्ट वाले जिले:
- भरतपुर
- धौलपुर



