
Rajasthan Eco Tourism : मानसून के मौसम में राजस्थान का प्राकृतिक सौंदर्य अपने चरम पर होता है, और अब पर्यटक इस खूबसूरती का आनंद जंगल की गोद में रात बिताकर भी ले सकेंगे। उदयपुर संभाग के वन विभाग ने 13 अगस्त से इको टूरिज्म (Eco-Tourism) सीजन की शुरुआत करने का फैसला किया है। इस बार टूर पैकेज को पहले से ज्यादा रोमांचक और सुविधाजनक बनाया गया है। वन विभाग द्वारा जारी नए शेड्यूल में न केवल दिनभर की जंगल सैर शामिल है, बल्कि अब “नाइट स्टे” (Night Stay) का भी प्रावधान कर दिया गया है, जिससे पर्यटक अब जंगलों की रात की नीरवता और प्राकृतिक वातावरण का भी प्रत्यक्ष अनुभव कर सकेंगे।
🌲 पहली बार ‘नाइट स्टे’ की अनुमति
Kumbhalgarh forest night stay booking : वन संरक्षक सीसीएफ सेडूराम यादव के निर्देशों पर इस बार इको टूरिज्म में बड़ा बदलाव किया गया है। पहले जहां केवल दिनभर की सैर और शाम तक वापसी होती थी, वहीं अब पर्यटक कुछ चयनित स्थानों पर रात भी ठहर सकेंगे। इससे जंगल प्रेमियों और एडवेंचर टूरिज्म के शौकीनों को एक नया अनुभव मिलेगा। इस योजना के तहत पर्यटकों को रात भर जंगलों के बीच विश्राम, कैम्पिंग जैसा एहसास और स्थानीय भोजन का स्वाद लेने का अवसर मिलेगा।
🚌 छह वन्यजीव अभयारण्यों की यात्रा होगी शामिल
Jungle Safari Night Stay Rajasthan : इको टूरिज्म सीजन में इस बार उदयपुर संभाग के 6 प्रमुख अभयारण्यों को टूर में शामिल किया गया है:
- कुंभलगढ़ अभयारण्य
- फुलवारी की नाल
- सीतामाता अभयारण्य
- बस्सी अभयारण्य
- रावली टॉडगढ़ अभयारण्य
- जयसमंद व बाघदड़ा
इसके अलावा, विशेष रूप से कुछ प्राकृतिक जलप्रपातों को भी टूर डेस्टिनेशन में शामिल किया गया है, जैसे:
- गोरमघाट झरना
- भीलबेरी झरना
- मेनाल झरना (पहली बार शामिल)
🍛 टूर पैकेज में क्या-क्या रहेगा शामिल?
Eco tour packages : पर्यटकों के लिए बनाए गए टूर पैकेज में केवल यात्रा ही नहीं, बल्कि भोजन, चाय, जंगल सफारी, एंट्री फीस और रात्रि ठहराव की सुविधाएं भी जोड़ी गई हैं। पैकेज दो प्रकार के हैं:
- एक दिवसीय टूर (Day Tour)
- दो दिन + एक रात (Night Stay Included)
Kumbhalgarh safari tour दोनों पैकेज में ब्रेकफास्ट, लंच, ईवनिंग टी, डिनर, सफारी और एंट्री टिकट्स शामिल हैं। यानी पर्यटक को अलग से कोई भुगतान नहीं करना होगा। रणकपुर जैसे स्थानों पर पर्यटकों को ओपन जिप्सी (Open Jeep Safari) में जंगल की सैर कराई जाएगी।

📅 जानिए इको टूर का शेड्यूल (Tour Calendar)
वन विभाग द्वारा निर्धारित टूर शेड्यूल इस प्रकार है:
| तारीख | डेस्टिनेशन |
|---|---|
| 13 अगस्त | मेनाल झरना, बस्सी अभयारण्य |
| 17 अगस्त | फुलवारी की नाल |
| 22 अगस्त | गोरमघाट |
| 24 अगस्त | भीलबेरी झरना |
| 27 अगस्त | मेनाल झरना |
| 29 अगस्त | गोरमघाट |
📌 टूर स्थान और पैकेज शुल्क
Forest tourism in Rajasthan : वन विभाग द्वारा जारी पैकेज रेट नीचे दिए गए हैं:
| स्थान | एक दिन का शुल्क | रात्रि स्टे सहित दो दिन का शुल्क |
|---|---|---|
| फुलवारी की नाल | ₹1845 | ₹4840 |
| झूमर बावड़ी – बाघदड़ा | ₹1635 | — |
| कुंभलगढ़ अभयारण्य | ₹1740 | ₹4840 |
| रणकपुर | ₹1740 (सफारी अलग से) | — |
| रावली टॉडगढ़ अभयारण्य | ₹1845 | ₹4950 |
| गोरमघाट | ₹1845 | — |
| भीलबेरी | ₹1845 | — |
| सीतामाता अभयारण्य | ₹1845 | ₹4950 |
| बस्सी अभयारण्य | ₹1845 | ₹4950 |
| मेनाल झरना + बस्सी | ₹2100 | — |
सभी शुल्क में यात्रा, भोजन, प्रवेश शुल्क, गाइड, सफारी आदि शामिल हैं। अतिरिक्त व्यक्तिगत खर्च पर्यटक को स्वयं वहन करना होगा।



