
Rajasthan SIR voter list : राजस्थान में विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) के तहत मतदाता सूची की ड्राफ्ट प्रकाशित कर दी गई है। इस प्रक्रिया में चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं। राज्य की 200 विधानसभा सीटों में करीब 8 लाख 28 हजार से ज्यादा वोटर्स ऐसे पाए गए हैं, जो साल 2002 की मतदाता सूची में अपने या अपने माता-पिता के नाम की मैपिंग नहीं करवा सके। निर्वाचन आयोग का कहना है कि यह प्रक्रिया मतदाता सूची को पारदर्शी और त्रुटिरहित बनाने के उद्देश्य से की जा रही है, ताकि फर्जी, डुप्लीकेट और अपात्र नामों को हटाया जा सके। बारां जिले की अंता विधानसभा सीट पर अभी भी SIR का काम जारी है। यहां मतदाता सूची को अंतिम रूप देने से पहले दस्तावेज सत्यापन और दावों की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। प्रशासन का कहना है कि शेष मतदाताओं को भी जल्द नोटिस देकर प्रक्रिया पूरी करवाई जाएगी।
जयपुर के बगरू में सबसे ज्यादा बिना मैपिंग वाले वोटर्स
Special Intensive Revision Rajasthan : विधानसभावार आंकड़ों पर नजर डालें तो जयपुर जिले की बगरू विधानसभा सबसे ऊपर है।
- कुल वोटर्स: 3,82,506
- बिना मैपिंग वाले वोटर्स: 31,420
- प्रतिशत: 8.21%
यह आंकड़ा दर्शाता है कि शहरी और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में भी बड़ी संख्या में मतदाता दस्तावेजी प्रक्रिया पूरी नहीं कर पाए।
निम्बाहेड़ा सबसे बेहतर स्थिति में
Voter list mapping issue Rajasthan : इसके उलट चित्तौड़गढ़ जिले की निम्बाहेड़ा विधानसभा मैपिंग के मामले में सबसे आगे रही।
- कुल वोटर्स: 2,81,710
- बिना मैपिंग: सिर्फ 145 वोटर्स
- प्रतिशत: 0.05%
यह क्षेत्र SIR के क्रियान्वयन में एक उदाहरण के रूप में सामने आया है।
24 जिलों में 10 हजार से ज्यादा वोटर्स बिना मैपिंग
Rajasthan election voter verification : राज्य के 41 जिलों में से 24 जिले ऐसे हैं, जहां 10 हजार या उससे ज्यादा वोटर्स मैपिंग नहीं करवा पाए हैं। इनमें प्रमुख जिले हैं: डीडवाना-कुचामन, ब्यावर, खैरथल-तिजारा, कोटपूतली-बहरोड़, झालावाड़, बारां, कोटा, भीलवाड़ा, उदयपुर, सिरोही, जालोर, पाली, अजमेर, टोंक, धौलपुर, भरतपुर, अलवर, सीकर, झुंझुनूं, चूरू, बीकानेर, हनुमानगढ़, गंगानगर और जोधपुर। जयपुर जिले में अकेले ही यह संख्या 1 लाख से ज्यादा बताई जा रही है।

जोधपुर में 56 हजार से ज्यादा वोटर्स को देना होगा सबूत
Voter ID document verification : जोधपुर की 8 विधानसभा सीटों में 56,736 वोटर्स ऐसे हैं, जो अपने या अपने माता-पिता के नाम का मिलान पुरानी मतदाता सूची से नहीं करवा सके। इन सभी को अब निर्वाचन आयोग द्वारा तय 13 में से किसी एक पहचान दस्तावेज को पेश करना होगा, अन्यथा उनका नाम मतदाता सूची से हट सकता है।
SIR में 41.98 लाख से ज्यादा नाम हटाए गए
Rajasthan draft voter list update : ड्राफ्ट सूची के अनुसार, राजस्थान में 41 लाख 98 हजार से ज्यादा वोटर्स के नाम ASD (Absent, Shifted, Dead) श्रेणी में हटाए गए हैं।
- 4,57,930 वोटर्स: ट्रेस नहीं हो पाए या अनुपस्थित
- 24,39,681 वोटर्स: स्थायी रूप से स्थानांतरित
- 8,78,707 वोटर्स: मृत घोषित
- 3,44,981 वोटर्स: डुप्लीकेट एंट्री (एक से अधिक जगह नाम)
जिनकी मैपिंग नहीं हुई, उन्हें क्या करना होगा?
जिन मतदाताओं की मैपिंग पूरी नहीं हो सकी है, उन्हें निर्वाचन आयोग की ओर से नोटिस जारी किए जा रहे हैं।
- 7 फरवरी तक पहचान दस्तावेज प्रस्तुत कर सकते हैं
- 14 फरवरी को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित होगी
- ASD श्रेणी में हटाए गए वोटर्स 15 जनवरी 2026 तक दावा-आपत्ति दर्ज करा सकते हैं
अगर तय 13 दस्तावेजों में से कोई एक भी मान्य दस्तावेज प्रस्तुत कर दिया गया, तो मतदाता का नाम सूची से नहीं हटेगा। राजस्थान में SIR: 8.28 लाख वोटर्स नहीं करा सके मैपिंग, बगरू में सबसे ज्यादा मामले



