
Rajsamand Accident : राजसमंद में बेटे के साथ बाइक पर पीहर जा रही एक महिला की जान सिर्फ इसलिए चली गई क्योंकि सड़क पर बना स्पीड ब्रेकर ‘अंधा’ था — न कोई संकेतक, न पेंट की सफेद पट्टी और न ही कोई चेतावनी बोर्ड। स्पीड ब्रेकर पर बाइक के जंप करते ही महिला संतुलन खो बैठी और सड़क पर गिरते ही करीब 10 फीट तक फिसलती चली गई। सिर में गंभीर चोट लगने से महिला अचेत हो गई और बाद में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। इस पूरी घटना का VIDEO अब सामने आया है, जिसने हादसे की भयावहता को और स्पष्ट कर दिया है। यह हादसा 25 जनवरी की दोपहर करीब 1 बजे कुंवारिया तहसील के बड़लिया गांव में हुआ। महिला जागरण कार्यक्रम में शामिल होने के बाद अपने पीहर पिता से मिलने जा रही थी। घर से निकलने के महज 7 किलोमीटर बाद ही यह दुर्भाग्यपूर्ण हादसा हो गया।
Rajsamand road accident news today : जानकारी के अनुसार, गोगाथला (राजसमंद) निवासी रतन कुमावत (35) अपनी मां हमेरी बाई (50) पत्नी गोपी लाल और 6 वर्षीय बेटे के साथ 24 जनवरी को इंदौर (मध्यप्रदेश) से गांव आया था। गांव में भैंरूनाथ मंदिर में आयोजित जागरण कार्यक्रम में परिवार ने भाग लिया। पूजा-अर्चना और धोक लगाने के बाद अगले दिन महिला ने अपने पीहर भांसोल (राजसमंद) जाकर पिता से मिलने की इच्छा जताई। 25 जनवरी को दोपहर के समय रतन अपनी मां और बेटे को लेकर बाइक से भांसोल के लिए निकला। जैसे ही वे बड़लिया गांव के पास पहुंचे, सड़क पर बने एक अंधे स्पीड ब्रेकर पर बाइक उछल गई। अचानक आए झटके से महिला का संतुलन बिगड़ गया और वह पीछे से सड़क पर गिर पड़ी।गिरते ही वह करीब 10 फीट तक घिसटती चली गई। सिर में गंभीर चोट लगने से वह तुरंत अचेत हो गई।
बेटा 10 मीटर आगे जाकर रुका, दौड़कर मां के पास पहुंचा
Blind speed breaker accident : हादसे के समय बाइक चला रहा बेटा रतन करीब 10 मीटर (लगभग 30 फीट) आगे जाकर बाइक रोक पाया। उसे समझ में आते ही वह घबराकर दौड़ते हुए वापस मां के पास पहुंचा। तब तक आसपास मौजूद ग्रामीण भी मौके पर एकत्रित हो चुके थे। घटना के दौरान वहां मौजूद एक बुजुर्ग व्यक्ति ने महिला के पास गिरा मोबाइल और डॉक्यूमेंट्स सुरक्षित रखे और महिला को संभालने का प्रयास किया। देखते ही देखते वहां भीड़ जमा हो गई।
निजी वाहन से अस्पताल पहुंचाया, लेकिन नहीं बच सकी जान
Rajsamand news today : स्थानीय लोगों की मदद से महिला को तुरंत निजी वाहन के जरिए राजसमंद स्थित एंजल हॉस्पिटल ले जाया गया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर देखते हुए उसे अन्नंता हॉस्पिटल रेफर कर दिया गया। डॉक्टरों ने काफी प्रयास किए, लेकिन सिर में गहरी चोट और अत्यधिक ब्लीडिंग के कारण महिला ने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। परिजनों के लिए यह घटना किसी सदमे से कम नहीं थी। कुछ ही समय पहले हंसी-खुशी मंदिर में पूजा कर रही महिला अब जिंदगी की जंग हार चुकी थी।
‘अंधा’ स्पीड ब्रेकर बना मौत का कारण
स्थानीय लोगों और कुमावत समाज के पूर्व अध्यक्ष बाबूलाल कुमावत ने बताया कि यह स्पीड ब्रेकर पूरी तरह ‘ब्लाइंड’ है। यहां न तो कोई चेतावनी बोर्ड लगाया गया है, न सफेद पेंट की पट्टी है और न ही रिफ्लेक्टर या संकेतक। वाहन चालकों को दूर से यह पता ही नहीं चलता कि आगे स्पीड ब्रेकर है। उन्होंने बताया कि इसी स्पीड ब्रेकर की वजह से अब तक 36 से अधिक लोग घायल हो चुके हैं। कई बार शिकायतें भी की गईं, लेकिन जिम्मेदार विभाग ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की।
PWD अधिकारी बोले – जानकारी मिली है, निरीक्षण करेंगे
PWD के एईएन हिम्मत सालवी ने कहा कि स्पीड ब्रेकर की स्थिति ठीक नहीं है और उन्हें इस बारे में अभी जानकारी मिली है। जल्द ही मौके पर जाकर निरीक्षण किया जाएगा और आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

पीहर में पिता से मिलने की इच्छा बनी आखिरी यात्रा
बेटे रतन कुमावत ने बताया कि परिवार का प्लान 25 जनवरी को इंदौर लौटने का था, लेकिन मां ने पीहर जाकर पिता से मिलने की बात कही। इसी इच्छा को पूरा करने के लिए वे बाइक से निकले थे। अगले दिन 26 जनवरी को इंदौर लौटना था, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। महिला का परिवार लंबे समय से इंदौर में रह रहा है। पति गोपी लाल (52) हलवाई का काम करते हैं। बेटा रतन ज्वेलरी व्यवसाय से जुड़ा है, जबकि छोटा बेटा भोपाल में चिकित्सा विभाग में कार्यरत है।
VIDEO ने दिखाया हादसे का सच
घटना का जो VIDEO सामने आया है, उसमें साफ दिखाई देता है कि स्पीड ब्रेकर दूर से नजर नहीं आता। बाइक के जंप होते ही महिला पीछे की ओर उछलती है और सड़क पर गिर जाती है। यह दृश्य बेहद दर्दनाक है और सड़क सुरक्षा के इंतजामों पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
