
Senior Citizen Savings Scheme: बचत हमारे जीवन का एक अहम हिस्सा है। चाहे कोई भी उम्र हो, जीवन में कभी भी अचानक पैसों की जरूरत पड़ सकती है। ऐसे में सही समय पर की गई सेविंग भविष्य में बड़ा सहारा बनती है। इसी जरूरत को ध्यान में रखते हुए सरकार ने वरिष्ठ नागरिकों (60 वर्ष या उससे अधिक उम्र के) के लिए एक खास योजना शुरू की है — Senior Citizen Savings Scheme। आइए जानते हैं इस स्कीम से जुड़ी सभी जरूरी बातें और इसमें मिलने वाला ब्याज कितना है।
सीनियर सिटीजन सेविंग स्कीम: सुरक्षित निवेश का शानदार विकल्प
Senior Citizen Savings Scheme, जिसे संक्षेप में SCSS भी कहा जाता है, खासतौर पर उन बुजुर्ग नागरिकों के लिए लाई गई है जो अपने बुढ़ापे को आर्थिक रूप से सुरक्षित बनाना चाहते हैं।
देश का कोई भी वरिष्ठ नागरिक इस स्कीम में निवेश कर सकता है और बेहतर ब्याज दर का लाभ उठा सकता है। इस योजना के तहत आप न्यूनतम 1,000 रुपये से लेकर अधिकतम 30 लाख रुपये तक का निवेश कर सकते हैं।
- योजना की मैच्योरिटी अवधि 5 वर्ष तय की गई है।
- अगर आप चाहें तो इस अवधि को 3 साल तक और बढ़ा सकते हैं।
- इस योजना में निवेश करने पर धारा 80C के तहत 1.5 लाख रुपये तक के निवेश पर इनकम टैक्स में छूट भी मिलती है।
- विशेष बात यह भी है कि 55 से 60 वर्ष की उम्र के वे व्यक्ति जिन्होंने Voluntary Retirement (स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति) ली है, वे भी इस योजना में निवेश के पात्र हैं।
SCSS Interest Rate 2025 : कितना ब्याज मिलता है Senior Citizen Savings Scheme में?
SCSS Interest Rate 2025 : वर्तमान समय में Senior Citizen Savings Scheme पर 8.2% सालाना ब्याज दर मिल रही है। यह ब्याज दर कई बैंकों की Fixed Deposit (FD) स्कीम्स से भी ज्यादा है, जो इसे वरिष्ठ नागरिकों के लिए और भी आकर्षक विकल्प बनाती है।
इस योजना में तिमाही (Quarterly) आधार पर ब्याज का भुगतान किया जाता है, यानी हर तीन महीने पर आपको ब्याज की रकम आपके खाते में ट्रांसफर कर दी जाती है।
ध्यान दें: सरकार समय-समय पर ब्याज दरों की समीक्षा करती है, इसलिए निवेश करने से पहले लेटेस्ट ब्याज दर जरूर चेक कर लें।
Senior Citizen Savings Scheme में निवेश कैसे शुरू करें?
अगर आप इस योजना में निवेश करना चाहते हैं, तो यह प्रक्रिया बहुत ही आसान है।
आप अपने नजदीकी Bank या Post Office में जाकर Senior Citizen Savings Scheme के तहत आवेदन कर सकते हैं। योजना में खाता खोलने के लिए आपको कुछ आवश्यक दस्तावेजों की जरूरत होगी, जिनमें शामिल हैं:
- आधार कार्ड (Aadhar Card)
- पैन कार्ड (PAN Card)
- आयु प्रमाण पत्र (Age Proof Certificate)
- निवास प्रमाण पत्र (Address Proof)
- पासपोर्ट साइज फोटोग्राफ्स (Passport Size Photos)
सभी दस्तावेजों के साथ भरे हुए फॉर्म को जमा करने के बाद आपका खाता खुल जाएगा और आप अपनी पसंद के अनुसार राशि का निवेश कर सकते हैं।
Post Office Senior Citizen Scheme : इस स्कीम के प्रमुख लाभ
- उच्च ब्याज दर: 8.2% का आकर्षक रिटर्न।
- नियमित आय: तिमाही आधार पर ब्याज का भुगतान।
- टैक्स बेनिफिट: धारा 80C के तहत टैक्स में छूट।
- सुरक्षित निवेश: सरकारी गारंटी के साथ सुरक्षित फंडिंग।
- लचीलापन: 5 साल के बाद 3 साल तक बढ़ाने का विकल्प।
Senior Citizen Savings Scheme उन वरिष्ठ नागरिकों के लिए एक बेहतरीन बचत योजना है, जो अपने जीवन के इस पड़ाव पर सुनिश्चित और सुरक्षित आमदनी चाहते हैं। अगर आप भी अपने बुजुर्ग माता-पिता या स्वयं के लिए निवेश का सुरक्षित विकल्प ढूंढ़ रहे हैं, तो SCSS एक भरोसेमंद और फायदेमंद योजना हो सकती है। जल्द ही अपने नजदीकी बैंक या पोस्ट ऑफिस जाकर इस स्कीम का लाभ उठाइए और अपने भविष्य को आर्थिक रूप से सशक्त बनाइए।
Senior Citizen Saving Scheme eligibility : पात्रता
- उम्र सीमा
- इस योजना में केवल वे व्यक्ति निवेश कर सकते हैं जिनकी आयु 60 वर्ष या उससे अधिक हो चुकी है।
- स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति (Voluntary Retirement)
- यदि कोई व्यक्ति सरकारी सेवा, रक्षा सेवा या किसी कंपनी से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति (VRS) ले चुका है और उसकी आयु 55 वर्ष से 60 वर्ष के बीच है, तो वह भी इस योजना में निवेश कर सकता है।
- VRS लेने के बाद 1 महीने के भीतर ही SCSS में खाता खुलवाना अनिवार्य होता है।
- रक्षा सेवा से रिटायर व्यक्ति
- रक्षा क्षेत्र से सेवानिवृत्त (Defense Retirees) व्यक्ति, यदि वे सभी अन्य शर्तें पूरी करते हैं, तो वे 50 वर्ष की आयु के बाद भी इस योजना में निवेश कर सकते हैं।
- निवासी भारतीय (Resident Indians)
- केवल भारतीय नागरिक (Resident Indians) ही इस योजना में निवेश करने के पात्र हैं।
- NRIs (Non-Resident Indians) और HUFs (Hindu Undivided Families) इस योजना के लिए पात्र नहीं हैं।
- संयुक्त खाता (Joint Account)
- कोई भी वरिष्ठ नागरिक अपने जीवनसाथी (spouse) के साथ संयुक्त खाता (Joint Account) खोल सकता है।
- इसमें पहला नाम (Primary Account Holder) वरिष्ठ नागरिक का ही होना चाहिए।
- न्यूनतम और अधिकतम निवेश सीमा
- इस योजना में कम से कम 1,000 रुपये और अधिकतम 30 लाख रुपये तक निवेश किया जा सकता है।
- निवेश की राशि एकमुश्त (lump sum) जमा करनी होती है।

Senior Citizen Savings Scheme (SCSS) खाता कैसे खोलें? (How to Open SCSS Account)
- योग्यता जांचें (Check Eligibility)
- सबसे पहले सुनिश्चित करें कि आपकी उम्र 60 वर्ष या उससे अधिक है, या फिर आप 55 से 60 वर्ष के बीच के वॉलंटरी रिटायरमेंट (VRS) प्राप्त व्यक्ति हैं।
- नजदीकी बैंक या पोस्ट ऑफिस चुनें (Select Bank or Post Office)
- SCSS खाता खोलने के लिए आप किसी भी अधिकृत बैंक (जैसे SBI, HDFC, ICICI आदि) या पोस्ट ऑफिस (Post Office) में जा सकते हैं।
- आवेदन फॉर्म प्राप्त करें (Get the Application Form)
- बैंक या पोस्ट ऑफिस से Senior Citizen Savings Scheme का आवेदन फॉर्म लें।
- कई बैंक और पोस्ट ऑफिस की वेबसाइट से भी फॉर्म डाउनलोड किया जा सकता है।
- जरूरी दस्तावेज तैयार रखें (Keep Required Documents Ready)
आपको आवेदन के साथ निम्न दस्तावेज लगाने होंगे:- आधार कार्ड (Aadhaar Card)
- पैन कार्ड (PAN Card)
- आयु प्रमाण पत्र (Proof of Age) — जैसे जन्म प्रमाण पत्र या पेंशन दस्तावेज।
- निवास प्रमाण पत्र (Address Proof)
- पासपोर्ट साइज फोटो (Passport Size Photographs)
- यदि आप वॉलंटरी रिटायरमेंट के बाद खाता खोल रहे हैं, तो VRS दस्तावेज भी लगेंगे।
- निवेश राशि का भुगतान करें (Deposit the Investment Amount)
- खाते के साथ एकमुश्त (lump sum) न्यूनतम ₹1,000 से लेकर अधिकतम ₹30 लाख तक जमा करें।
- भुगतान नकद, चेक या ड्राफ्ट के माध्यम से किया जा सकता है।
- फॉर्म और दस्तावेज जमा करें (Submit Form and Documents)
- भरे हुए फॉर्म के साथ सभी जरूरी दस्तावेज और निवेश राशि बैंक या पोस्ट ऑफिस में जमा करें।
- खाता खुलने की पुष्टि करें (Confirmation of Account Opening)
- फॉर्म व दस्तावेजों के सत्यापन के बाद आपका SCSS खाता खुल जाएगा।
- आपको एक पासबुक (Passbook) या खाता प्रमाण पत्र (Account Certificate) प्रदान किया जाएगा जिसमें खाता विवरण दर्ज होता है।
- ब्याज भुगतान की जानकारी लें (Understand Interest Payment)
- SCSS में तिमाही आधार पर (Quarterly) ब्याज का भुगतान होता है, जो आपके बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिया जाता है।
