Rain Alert : प्रदेश में रिमझिम से तेज बारिश के बीच राजसमंद शहर के साथ जिलेभर में सोमवार तड़के से झमाझम बारिश के चलते चौतरफा पानी ही पानी कर दिया। बनास नदी उफान पर बहने लगी, तो बाघेरी बांध पर एकाएक पानी बढ़ने से तीन फीट की चादर चलने लग गई, जबकि मचींद में भारी बारिश के चलते मचींद धुणी का नाल के बहाव में कार बह गई और बस स्टैंड पर बैंक सहित दुकानों में पानी घुस गया। बाघेरी मचींद का रास्ता ही अवरुद्ध हो गया। आमेट में चन्द्रभागा नदी भी चल पड़ी और देवगढ़ के स्वादड़ी में पुलिया टूट गया। रात में सर्वाधिक बारिश देवगढ़ में 114 एमएम हुई, जबकि सुबह कुंभलगढ़ व गोगुंदा क्षेत्र में भारी बारिश के चलते बनास नदी उफान पर आ गई। रास्ते में नालों के पानी से खारी फीडर भी चलने लग गई, जिसमें मुंडोल के पास फीडर में 4 फीट पानी चल रहा है। बडारड़ा, मोरचणा व मोखमपुरा तक दो से तीन फीट पानी भरा होने से हाइवे पर आवाजाही अवरुद्ध है और कई वाहन बंद पड़ गए।
Bageri naka : जल संसाधन विभाग राजसमंद के कनिष्ठ अभियंता राकेश भट्ट ने बताया कि देवगढ़ में सर्वाधिक 114 मिमी बारिश दर्ज की गई, जिससे क्षेत्र के बांध और जलाशयों में तीव्र जल आवक हो रही है। राजसमंद जिले में लगातार हो रही भारी बारिश के चलते प्रमुख जल स्रोतों में बाघेरी नाका बांध का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। बाघेरी नाका बांध पर सुबह 6 बजे एक फीट की चादर चल रही थी, जो 9:30 बजे तक बढ़कर डेढ़ फीट और 11:40 बजे तक सवा तीन फीट तक पहुंच गई। इस बांध से बहता अतिरिक्त पानी बनास नदी के माध्यम से नंदसमंद बांध तक पहुंचता है, जिससे नंदसमंद बांध के भी छलकने की संभावना प्रबल हो गई है। उल्लेखनीय है कि बाघेरी नाका बांध की कुल भराव क्षमता 311.68 एमसीएफटी है और इसका अधिकतम गेज स्तर 32.80 फीट निर्धारित है। यह बांध जिले के 346 गांवों के लिए पेयजल आपूर्ति का मुख्य स्रोत है, जिससे इसकी महत्ता और भी बढ़ जाती है। अब तक यह बांध कुल 18 बार छलक चुका है, और इस वर्ष 8 दिन पूर्व भी इसका जलस्तर ओवरफ्लो की स्थिति में पहुंच गया था। लगातार हो रही बारिश और तेज जल आवक के कारण स्थानीय प्रशासन और ग्रामीणों में सतर्कता बढ़ गई है। सुरक्षा की दृष्टि से जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं ताकि किसी प्रकार की अनहोनी से बचा जा सके। आमेट में मुसलाधार बारिश होने से चन्द्रभागा नदी भी चल पड़ी।
राजसमंद जिले में तहसीलवार बारिश की स्थिति
| तहसील | बारिश (मिमी) |
|---|---|
| देवगढ़ | 114 |
| आमेट | 63 |
| कुंभलगढ़ | 57 |
| नाथद्वारा | 46 |
| राजसमंद | 32 |
| भीम | 24 |
| देलवाड़ा | 11 |
| गढ़बोर | 40 |
| रेलमगरा | 23 |
| कुंवारिया | 39 |
| खमनोर | 54 |
| लावासरदारगढ़ | 23 |
| गिलूंड | 08 |
मचींद में कारे बही, घरो में घुसा पानी

Mosam : खमनोर क्षेत्र के मचींद गांव में सोमवार सुबह मूसलाधार बारिश ने कहर बरपाया। सुबह 6 बजे के आसपास अचानक आए सैलाब ने गांव को नदी की तरह बदल दिया। सुथारों के मोहल्ले में सड़कों पर 4 से 5 फीट तक पानी बहने लगा, जिसके तेज बहाव में भंवर लाल सुथार की मारुति स्विफ्ट और गणेश लाल सुथार की मारुति जेन कार बह गईं। गांव के उपसरपंच पंकज सोनी ने बताया कि इस मोहल्ले में करीब 30 घर हैं, और सभी घरों के बाहर पानी जमा हो गया। बारिश के कारण गांव की राशन दुकान, स्थानीय बैंक और कई अन्य दुकानों में पानी घुस गया, जिससे सामान को भारी नुकसान हुआ। ग्रामीणों ने खुद को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया और बारिश के थमने का इंतजार कर रहे हैं। प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य शुरू कर दिए हैं, लेकिन जलभराव के कारण बचाव कार्यों में बाधा आ रही है।
कुंभलगढ़ में छह घंटे की बारिश, खेत बना झरना

Weather Update : कुंभलगढ़ क्षेत्र में सोमवार तड़के 3 बजे से शुरू हुई बारिश सुबह 9 बजे तक लगातार जारी रही। छह घंटे की इस मूसलाधार बारिश ने शहर के कई हिस्सों में जलभराव की स्थिति पैदा कर दी। सड़कों पर पानी का तेज बहाव होने से राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। ओड़ा गांव में एक अनोखा दृश्य देखने को मिला, जहां एक खेत में जमा पानी अचानक झरने की तरह तेज बहाव के साथ बाहर निकलने लगा। इस प्राकृतिक नजारे ने स्थानीय लोगों का ध्यान आकर्षित किया, लेकिन जलभराव के कारण आवागमन में बाधा उत्पन्न हुई। बनोकड़ा गांव के तालाब में जलस्तर बढ़ने से पुलिया पर पानी बहने लगा, जिसके कारण यातायात पूरी तरह ठप हो गया। स्थानीय प्रशासन ने लोगों से पुलिया से दूर रहने और सावधानी बरतने की अपील की है।
उफान बनास नदी, आधा दर्जन रास्ते अवरुद्ध

Banas River : गोगुंदा व कुंभलगढ़ क्षेत्र में सोमवार सुबह भारी बारिश के चलते बाघेरी बांध पर सवा तीन की चादर चल रही है। इस कारण बाघेरी से मचींद भी सुरक्षा की दृष्टि से बंद कर दिया। इसके चलते मोलेला खमनोर, खमनोर से मलीदा व फतेहपुर वाले मार्ग भी बंद हो गए। इधर, बनास नदी में रास्ते से भी पानी वेग से बहने लगा। मोही से राज्यावास मार्ग पुल भी पानी बह रहा है। यही स्थिति आमेट क्षेत्र में चंद्रभागा नदी की है, जहां वेवर महादेव मंदिर जाने की सड़क जलमग्न हो गई। कुंभलगढ़ से उदयपुर मार्ग पर ओडा पुलिया पर सर्वाधिक पानी आने से आवागमन बाधित है और सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस तैनात है।
फोरलेन पर पानी, लग गया जाम

Rajsamand ka Mosam : गोमती उदयपुर फोरलेन पर भारी बारिश के चलते मोखमपुरा, मोरचणा, रामेश्वर महादेव मंदिर के सामने, बडारड़ा व पीपरड़ा में जगह जगह पानी भर गया। कई वाहनों में पानी चले जाने से बंद हो गए, जिसकी वजह से खास तौर से दुपहिया व चार पहिया वाहन चालकों को काफी परेशानी हुई।
तालेड़ी नदी का पानी घरों में
भारी बारिश के चलते तालेड़ी नदी में जगह जगह अतिक्रमण और बाड़ो का निर्माण होने से पानी का बहाव अवरुद्ध हो गया। इस कारण रामेश्वर महादेव मंदिर से लेकर टीवीएस सर्कल तक जगह जगह पानी कई घरों में घुस गया। कई जगह बाड़ृे और कॉलोनियां व सड़क पर भी पानी भरा हुआ है। इसी तरह राजसमंद शहर के अंदरुनी इलाके में कलालवाटी राजनगर, मालीवाड़ा, रेगर मोहल्ला, कांकरोली के चौपाटी छतिरयां, हस्तिनापुर इलाके में भी आधा आधा फीट पानी भर गया, जिसकी वजह से लोगों को आवागमन में काफी परेशानी हुई।



