
Rajasthan Weather Update : राजस्थान में मौसम ने एक बार फिर करवट लेना शुरू कर दिया है। अरब सागर में बने डिप्रेशन सिस्टम के प्रभाव से राज्य के कई हिस्सों में मौसम में बदलाव की संभावना है। मौसम विभाग ने उदयपुर, कोटा और अजमेर संभाग के कई जिलों में हल्की से मध्यम और कुछ स्थानों पर भारी बारिश का अनुमान जताया है। इसके साथ ही तेज हवाओं और मेघगर्जन के साथ बिजली चमकने की भी आशंका है। मौसम विशेषज्ञों ने किसानों और कृषि उपज मंडियों के प्रशासकों को सलाह दी है कि वे खुले में रखी फसलों और अनाज को तत्काल सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करें, ताकि बारिश और तेज हवाओं से होने वाले नुकसान से बचा जा सके।
बारिश का यलो अलर्ट: प्रभावित होने वाले जिले
Rajasthan Rain Alert : मौसम विभाग ने आज 9 जिलों के लिए बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। इनमें बूंदी, कोटा, बारां, झालावाड़, चित्तौड़गढ़, प्रतापगढ़, डूंगरपुर, बांसवाड़ा और उदयपुर शामिल हैं। इन क्षेत्रों में अगले कुछ घंटों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, जबकि कुछ स्थानों पर भारी बारिश भी दर्ज की जा सकती है। मौसम केंद्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि अरब सागर में एक डिप्रेशन सिस्टम सक्रिय हो गया है, जो धीरे-धीरे और मजबूत हो रहा है। इसके अलावा, बंगाल की खाड़ी में भी एक अन्य डिप्रेशन सिस्टम बन रहा है, जो आने वाले दिनों में और ताकतवर होकर साइक्लोन या गंभीर साइक्लोन का रूप ले सकता है।
इन दोनों सिस्टम के अलावा, उत्तर भारत में 27 अक्टूबर से एक वेस्टर्न डिस्टरबेंस भी सक्रिय होने जा रहा है। इन तीनों मौसमी सिस्टमों के संयुक्त प्रभाव से राजस्थान में 26 अक्टूबर से मौसम में व्यापक बदलाव देखने को मिलेगा। खासकर उदयपुर, कोटा और अजमेर संभाग के जिलों में मेघगर्जन के साथ तेज बारिश और आंधी चलने की संभावना है। कुछ स्थानों पर बिजली चमकने और गरजने की घटनाएं भी हो सकती हैं।

ठंडी हवाओं से बढ़ेगी सर्दी
Rajasthan Rain Forecast Today : मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, आज से उत्तरी हवाएं तेज होने की संभावना है, जो राज्य के उत्तरी हिस्सों में सर्दी को और बढ़ा देंगी। खासकर बीकानेर, जयपुर, सीकर, झुंझुनूं, चूरू, गंगानगर, हनुमानगढ़, नागौर और अलवर जैसे जिलों में इन ठंडी हवाओं का प्रभाव स्पष्ट रूप से देखा जाएगा। इन हवाओं के कारण तापमान में और गिरावट आएगी, जिससे सर्दी का अहसास और गहरा होगा।
सीकर रहा सबसे ठंडा, बाड़मेर में गर्मी
Udaipur Rain News पिछले 24 घंटों की बात करें तो राजस्थान में सुबह और शाम के समय हल्की ठंडी हवाएं चलीं, जबकि दिन में तेज धूप के कारण गर्मी का अहसास रहा। शनिवार को सीकर राज्य का सबसे ठंडा स्थान रहा, जहां न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके बाद दौसा में न्यूनतम तापमान 14.1 डिग्री सेल्सियस रहा।
वहीं, दिन के समय सबसे अधिक गर्मी बाड़मेर में दर्ज की गई, जहां अधिकतम तापमान 37.1 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। इस तरह, राज्य में एक ओर सर्दी का प्रभाव बढ़ रहा है, तो दूसरी ओर कुछ क्षेत्रों में दिन के समय गर्मी का असर भी बरकरार है।.
इन जिलों में बारिश का अलर्ट
26 अक्टूबर को बारिश की चेतावनी: मौसम विभाग ने 26 अक्टूबर को राजस्थान के कुछ जिलों में बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। प्रभावित जिले हैं: बूंदी, कोटा, बारां, झालावाड़, चित्तौड़गढ़, प्रतापगढ़, डूंगरपुर, बांसवाड़ा और उदयपुर। 27 अक्टूबर को बारिश का अलर्ट: 27 अक्टूबर को अजमेर, टोंक, सवाई माधोपुर, पाली, जालोर, सिरोही, उदयपुर, डूंगरपुर, बांसवाड़ा, चित्तौड़गढ़, प्रतापगढ़, राजसमंद, भीलवाड़ा, बूंदी, कोटा, बारां और डालावाड़ा में बारिश की संभावना जताई गई है। 28 अक्टूबर को बारिश की चेतावनी: 28 अक्टूबर को भी अजमेर, टोंक, सवाई माधोपुर, पाली, जालोर, सिरोही, उदयपुर, डूंगरपुर, बांसवाड़ा, चित्तौड़गढ़, प्रतापगढ़, राजसमंद, भीलवाड़ा, बूंदी, कोटा, बारां और डालावाड़

किसानों के लिए सलाह
Rajasthan ka Mosam : मौसम में बदलाव को देखते हुए विशेषज्ञों ने किसानों से अपील की है कि वे अपनी फसलों को बारिश और तेज हवाओं से बचाने के लिए तत्काल कदम उठाएं। खुले में रखे अनाज, जैसे गेहूं, चावल, और अन्य फसलों को जल्द से जल्द ढककर सुरक्षित स्थानों पर ले जाएं। इसके अलावा, जिन क्षेत्रों में फसलें अभी खेतों में हैं, वहां ड्रेनेज सिस्टम को दुरुस्त करने की सलाह दी गई है, ताकि बारिश का पानी खेतों में जमा न हो और फसलों को नुकसान न पहुंचे।

मौसम का असर और भविष्यवाणी
मौसम विभाग ने अनुमान जताया है कि अगले 48 घंटों में मौसम का यह बदला हुआ मिजाज और तीव्र हो सकता है। खासकर दक्षिणी और दक्षिण-पूर्वी राजस्थान के जिलों में बारिश का प्रभाव अधिक रहेगा। साथ ही, उत्तरी राजस्थान में ठंडी हवाओं के कारण रात और सुबह के समय तापमान में और कमी देखी जा सकती है।
मौसम विशेषज्ञों ने यह भी चेतावनी दी है कि बिजली चमकने और तेज हवाओं के कारण कुछ क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति और सड़क यातायात प्रभावित हो सकता है। इसलिए, लोगों को सावधानी बरतने और मौसम की ताजा जानकारी पर नजर रखने की सलाह दी गई है।

