Skip to content
July 13, 2026
  • Home
  • तकनीकी
    • ऑटो
    • मोबाइल
  • क्राइम/हादसे
    • अजब गजब
  • फाइनेंस
    • बैंक
    • कमाई टिप्स
  • मौसम
    • स्वास्थ्य
  • बायोग्राफी
  • सरकारी योजना
    • शिक्षा
    • भर्ती
  • विविध
    • देश-दुनिया
    • इतिहास / साहित्य
    • Jaivardhan TV
  • धार्मिक
  • दिन विशेष
  • कानून
  • वेब स्टोरी
  • Privacy Policy
jaivardhannews.com

jaivardhannews.com

Jaivardhan news

Nai Jindagi education Foundation

Connect with Us

  • Home
  • तकनीकी
    • ऑटो
    • मोबाइल
  • क्राइम/हादसे
    • अजब गजब
  • फाइनेंस
    • बैंक
    • कमाई टिप्स
  • मौसम
    • स्वास्थ्य
  • बायोग्राफी
  • सरकारी योजना
    • शिक्षा
    • भर्ती
  • विविध
    • देश-दुनिया
    • इतिहास / साहित्य
    • Jaivardhan TV
  • धार्मिक
  • दिन विशेष
  • कानून
  • वेब स्टोरी
  • Privacy Policy
Primary Menu
  • Home
  • तकनीकी
    • ऑटो
    • मोबाइल
  • क्राइम/हादसे
    • अजब गजब
  • फाइनेंस
    • बैंक
    • कमाई टिप्स
  • मौसम
    • स्वास्थ्य
  • बायोग्राफी
  • सरकारी योजना
    • शिक्षा
    • भर्ती
  • विविध
    • देश-दुनिया
    • इतिहास / साहित्य
    • Jaivardhan TV
  • धार्मिक
  • दिन विशेष
  • कानून
  • वेब स्टोरी
  • Privacy Policy
  • फाइनेंस
  • बायोग्राफी

Airtel Earnings increase : एयरटेल का 3 माह में 11,022 करोड़ का मुनाफा, एप्पल से बड़ी डील | Airtel Profit

Laxman Singh Rathor May 13, 2025 1 minute read

Airtel Earnings increase : देश की दिग्गज टेलीकॉम कंपनी भारती एयरटेल ने अपने ताजा प्रदर्शन से सबको चौंका दिया है। मंगलवार को घोषित जनवरी-मार्च 2025 की तिमाही के नतीजों में कंपनी ने 11,022 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा कमाया, जो पिछले साल की समान तिमाही के 2,071.6 करोड़ रुपये से करीब पांच गुना ज्यादा है। यह उछाल मुख्य रूप से टैरिफ बढ़ोतरी और कंपनी की रणनीतिक पहल का नतीजा है। इसके साथ ही, एयरटेल ने एप्पल के साथ एक बड़ी डील साइन की है, जो इसके ग्राहकों के लिए एप्पल टीवी+ और एप्पल म्यूजिक जैसी प्रीमियम सेवाएं लेकर आएगी। आइए, इस खबर को और गहराई से समझते हैं।

Bharti Airtel profit : एयरटेल ने इस तिमाही में न केवल मुनाफे में बल्कि परिचालन राजस्व में भी शानदार वृद्धि दर्ज की। कंपनी का परिचालन राजस्व 27% बढ़कर 47,876.2 करोड़ रुपये हो गया, जो पिछले साल की मार्च तिमाही में 37,599.1 करोड़ रुपये था। भारत में एयरटेल का राजस्व सालाना आधार पर 28.8% की छलांग लगाकर 36,735 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। इस वृद्धि का श्रेय जुलाई 2024 में लागू किए गए टैरिफ वृद्धि को जाता है, जिसने कंपनी की आय को मजबूती दी।

airtel share price : एयरटेल का प्रति उपयोगकर्ता औसत राजस्व (ARPU) भी इस तिमाही में 17% बढ़कर 245 रुपये हो गया, जो पिछले साल 209 रुपये था। यह आंकड़ा कंपनी की प्रीमियम सेवाओं और बेहतर ग्राहक अनुभव पर जोर देने की रणनीति को दर्शाता है। इसके अलावा, कंपनी का ग्राहक आधार भी बढ़कर 42.4 करोड़ हो गया, जो इसकी बाजार में मजबूत पकड़ को दिखाता है।

पूरे साल का प्रदर्शन भी लाजवाब

Airtel 5G expansion : न केवल तिमाही, बल्कि पूरे वित्तीय वर्ष 2024-25 में भी एयरटेल ने शानदार प्रदर्शन किया। कंपनी ने इस साल 33,556 करोड़ रुपये का एकीकृत शुद्ध लाभ कमाया, जो पिछले वित्तीय वर्ष (2023-24) के 7,467 करोड़ रुपये से लगभग पांच गुना है। परिचालन राजस्व भी 15.33% की वृद्धि के साथ 1,72,985.2 करोड़ रुपये तक पहुंच गया, जो पिछले साल 1,49,982.4 करोड़ रुपये था। यह आंकड़े एयरटेल की मजबूत वित्तीय स्थिति और बाजार में उसकी बढ़ती लोकप्रियता को दर्शाते हैं।

एप्पल के साथ नई साझेदारी

Airtel Apple partnership : एयरटेल ने हाल ही में टेक दिग्गज एप्पल के साथ एक महत्वपूर्ण करार किया है। इस साझेदारी के तहत एयरटेल अपने ग्राहकों को एप्पल टीवी+ स्ट्रीमिंग सर्विस और एप्पल म्यूजिक की सुविधा देगी। यह कदम एयरटेल के डिजिटल पोर्टफोलियो को और मजबूत करेगा। कंपनी की डिजिटल टीवी सेवा ने पहले ही 15.9 मिलियन ग्राहकों के साथ 764 करोड़ रुपये का राजस्व दर्ज किया है। इस नई डील से एयरटेल के प्रीमियम ग्राहक आधार में और इजाफा होने की उम्मीद है।

क्या है एयरटेल की सफलता का राज?

Airtel revenue growth : एयरटेल की इस शानदार सफलता के पीछे कई कारक हैं। सबसे पहले, टैरिफ वृद्धि ने कंपनी की आय को बढ़ाने में बड़ी भूमिका निभाई। दूसरा, कंपनी ने 5G नेटवर्क के विस्तार पर भारी निवेश किया है, जिससे ग्राहकों को बेहतर कनेक्टिविटी और तेज इंटरनेट स्पीड मिल रही है। तीसरा, डिजिटल सेवाओं पर फोकस, जैसे कि डिजिटल टीवी और अब एप्पल के साथ साझेदारी, ने कंपनी को प्रीमियम बाजार में मजबूत स्थिति दिलाई है।

इसके अलावा, एयरटेल का ग्राहक-केंद्रित दृष्टिकोण भी इसकी सफलता का एक बड़ा कारण है। कंपनी ने न केवल अपने नेटवर्क को मजबूत किया है, बल्कि ग्राहकों के लिए आकर्षक ऑफर और प्रीमियम सेवाएं भी पेश की हैं। यह सब मिलकर एयरटेल को भारत के टेलीकॉम बाजार में एक अग्रणी खिलाड़ी बनाता है।

भविष्य की संभावनाएं

एयरटेल की यह उपलब्धि न केवल इसके वर्तमान प्रदर्शन को दर्शाती है, बल्कि भविष्य के लिए भी बड़े संकेत देती है। एप्पल के साथ साझेदारी और 5G सेवाओं के विस्तार से कंपनी को और मजबूती मिलेगी। साथ ही, बढ़ता ARPU और ग्राहक आधार यह दिखाता है कि एयरटेल अपने प्रीमियम मार्केट को और विस्तार देने के लिए तैयार है।

Bal Jeevan Bima Scheme : पोस्ट ऑफिस की बाल जीवन बीमा स्कीम: बच्चों के लिए गारंटीड रिटर्न

एयरटेल के संघर्ष से सफलता तक कहानी

Airtel Struggle Story : देश की टेलीकॉम दिग्गज भारती एयरटेल आज न केवल देश की सबसे बड़ी टेलीकॉम कंपनियों में से एक है, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी शीर्ष तीन मोबाइल ऑपरेटरों में शामिल है। लेकिन इस कंपनी की नींव एक छोटे से सपने और असाधारण संघर्ष से पड़ी थी। एयरटेल की कहानी सुनील भारती मित्तल की दूरदर्शिता, नवाचार और कठिन परिस्थितियों में हार न मानने की जिद की कहानी है। आइए, जानते हैं कि कैसे एक छोटा सा व्यवसाय वैश्विक टेलीकॉम कंपनी बना।

Bharti Airtel Story : एयरटेल की कहानी की शुरुआत 1980 के दशक में होती है, जब पंजाब के लुधियाना में जन्मे सुनील भारती मित्तल ने अपने उद्यमी सफर की शुरुआत की। 1970 के दशक में उन्होंने साइकिल के पुर्जों का छोटा-मोटा व्यापार शुरू किया। लेकिन उनकी नजर हमेशा कुछ बड़ा करने पर थी। 1984 में, जब भारत में पुराने रोटरी फोन का बोलबाला था, सुनील ने सिंगापुर की कंपनी सिंगटेल से पुश-बटन टेलीफोन आयात करने का फैसला किया। यह वह समय था जब भारत में आधुनिक टेलीकॉम तकनीक की शुरुआत भी नहीं हुई थी।

1986 में, सुनील ने भारती टेलीकॉम लिमिटेड (BTL) की स्थापना की और जर्मनी की कंपनी सीमेंस एजी के साथ मिलकर भारत में पुश-बटन फोन का निर्माण शुरू किया। यह भारत में टेलीकॉम के क्षेत्र में उनकी पहली बड़ी उपलब्धि थी। 1990 के दशक की शुरुआत में, भारती टेलीकॉम ने फैक्स मशीन और कॉर्डलेस फोन जैसे उत्पादों का निर्माण शुरू किया। लेकिन सुनील का सपना केवल हार्डवेयर निर्माण तक सीमित नहीं था; वे भारत में मोबाइल क्रांति लाना चाहते थे।

टेलीकॉम क्षेत्र में पहला कदम

Airtel Share Price : 1992 में, जब भारत सरकार ने मोबाइल टेलीकॉम लाइसेंस के लिए बोली शुरू की, सुनील ने इस अवसर को दोनों हाथों से थामा। लेकिन चुनौतियां कम नहीं थीं। दिल्ली के लिए मोबाइल लाइसेंस हासिल करने की शर्त थी कि बोली लगाने वाली कंपनी को टेलीकॉम ऑपरेटर का अनुभव हो। सुनील के पास यह अनुभव नहीं था, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। उन्होंने फ्रांस की टेलीकॉम कंपनी विवेंडी के साथ साझेदारी की और दिल्ली में मोबाइल नेटवर्क स्थापित करने का लाइसेंस हासिल कर लिया।

7 जुलाई 1995 को भारती टेली-वेंचर्स लिमिटेड की स्थापना हुई, जिसके तहत एयरटेल ब्रांड की शुरुआत हुई। उसी साल दिल्ली में एयरटेल ने अपनी मोबाइल सेवाएं शुरू कीं। यह भारत में निजी टेलीकॉम सेवाओं की शुरुआत थी, और एयरटेल ने इसे संभव बनाया। लेकिन शुरुआती दिन आसान नहीं थे। उस समय भारत में मोबाइल फोन एक विलासिता माना जाता था, और कॉल दरें इतनी महंगी थीं कि आम आदमी के लिए यह सपना था।

संघर्ष और नवाचार

एयरटेल के शुरुआती वर्षों में सबसे बड़ी चुनौती थी लागत को कम करना और मोबाइल सेवाओं को आम जनता के लिए सुलभ बनाना। सुनील मित्तल ने एक अभूतपूर्व रणनीति अपनाई, जिसे बाद में “मिनट्स फैक्ट्री” मॉडल के नाम से जाना गया। इस मॉडल में, कंपनी ने अपने ज्यादातर ऑपरेशंस, जैसे नेटवर्क मैनेजमेंट और तकनीकी सहायता, को आउटसोर्स कर दिया, केवल मार्केटिंग, सेल्स और फाइनेंस को अपने नियंत्रण में रखा। इस रणनीति ने लागत को इतना कम किया कि एयरटेल ने 1 रुपये प्रति मिनट की कॉल दर पेश की, जो उस समय क्रांतिकारी थी।

इसके अलावा, सुनील ने एरिक्सन के साथ एक अनोखा समझौता किया, जिसमें एरिक्सन को उपकरण स्थापना और रखरखाव के लिए प्रति मिनट के हिसाब से भुगतान किया गया, न कि एकमुश्त। इस नवाचार ने एयरटेल को वित्तीय बोझ से बचाया और उसे तेजी से विस्तार करने में मदद की, लेकिन प्रतिस्पर्धा भी कम नहीं थी। उस समय सरकारी कंपनी बीएसएनएल और अन्य निजी कंपनियां बाजार में थीं। साथ ही, नियामक नीतियों और लाइसेंस शुल्क की जटिलताएं एयरटेल के लिए लगातार चुनौती बनी रहीं। 2002 में, जब कंपनी ने अपनी सेवाओं को राष्ट्रीय स्तर पर विस्तार देने की कोशिश की, तब उसे भारी कर्ज और नियामक जांच का सामना करना पड़ा। एक समय तो ऐसा था कि कंपनी के अस्तित्व पर ही सवाल उठने लगे थे।

वैश्विक विस्तार और चुनौतियां

1999 से 2005 तक, एयरटेल ने तेजी से भारत में विस्तार किया। कंपनी ने कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, चेन्नई, कोलकाता और राजस्थान जैसे क्षेत्रों में अधिग्रहण के जरिए अपनी मौजूदगी बढ़ाई। 2002 में, एयरटेल भारत में 20 लाख मोबाइल ग्राहकों का आंकड़ा पार करने वाली पहली टेलीकॉम कंपनी बनी। 2005 तक, इसने पूरे भारत में अपनी सेवाएं शुरू कर दीं।

2009 में, एयरटेल ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कदम रखा और श्रीलंका में अपनी पहली मोबाइल सेवा शुरू की। 2010 में, कंपनी ने जैन टेलीकॉम के अफ्रीकी कारोबार को 10.7 बिलियन डॉलर में खरीदा, जो किसी भारतीय टेलीकॉम कंपनी द्वारा सबसे बड़ा अधिग्रहण था। लेकिन इस विस्तार ने नई चुनौतियां भी लाईं। अफ्रीका में मुद्रा अवमूल्यन और स्थानीय प्रतिस्पर्धा ने कंपनी के मुनाफे को प्रभावित किया।

2016 में रिलायंस जियो के बाजार में प्रवेश ने एयरटेल के लिए सबसे बड़ा संकट पैदा किया। जियो की मुफ्त कॉल और डेटा ऑफर ने टेलीकॉम बाजार में कीमतों का युद्ध शुरू कर दिया। एयरटेल को अपनी कीमतें कम करनी पड़ीं, जिससे उसका मुनाफा प्रभावित हुआ। लेकिन सुनील मित्तल ने हार नहीं मानी। उन्होंने 5G नेटवर्क में निवेश और डिजिटल सेवाओं पर ध्यान केंद्रित करके कंपनी को फिर से मजबूत किया।

आज की स्थिति

आज एयरटेल 18 देशों में अपनी सेवाएं दे रही है और इसके 50 करोड़ से ज्यादा ग्राहक हैं। कंपनी ने 5G, ब्रॉडबैंड, डिजिटल टीवी और एंटरप्राइज सॉल्यूशंस जैसे क्षेत्रों में अपनी मजबूत मौजूदगी बनाई है। सुनील मित्तल की अगुवाई में, एयरटेल ने न केवल भारत में टेलीकॉम क्रांति लाई, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी अपनी पहचान बनाई। एयरटेल की कहानी यह सिखाती है कि सपने कितने भी बड़े हों, कड़ी मेहनत, नवाचार और सही समय पर सही निर्णय लेने की क्षमता से उन्हें हकीकत में बदला जा सकता है। सुनील मित्तल का यह सफर हर उस उद्यमी के लिए प्रेरणा है जो चुनौतियों के बीच कुछ बड़ा करना चाहता है।

SBI PPF account opening online : YONO SBI ऐप पर PPF अकाउंट कैसे खोलें? स्टेप-बाय-स्टेप गाइड

About the Author

Laxman Singh Rathor

Administrator

Laxman Singh Rathor को पत्रकारिता के क्षेत्र में दो दशक का लंबा अनुभव है। 2005 में Dainik Bhakar से कॅरियर की शुरुआत कर बतौर Sub Editor कार्य किया। वर्ष 2012 से 2019 तक Rajasthan Patrika में Sub Editor, Crime Reporter और Patrika TV में Reporter के रूप में कार्य किया। डिजिटल मीडिया www.patrika.com पर भी 2 वर्ष कार्य किया। वर्ष 2020 से 2 वर्ष Zee News में राजसमंद जिला संवाददाता रहा। आज ETV Bharat और Jaivardhan News वेब पोर्टल में अपने अनुभव और ज्ञान से आमजन के दिल में बसे हैं। लक्ष्मण सिंह राठौड़ सिर्फ एक नाम नहीं, बल्कि खबरों की दुनिया में एक ब्रांड हैं। उनकी गहरी समझ, तथ्यात्मक रिपोर्टिंग, पाठक व दर्शकों से जुड़ने की क्षमता ने उन्हें पत्रकारिता का चमकदार सितारा बना दिया है। jaivardhanpatrika@gmail.com

Visit Website View All Posts
Visitor Views : 374

Post navigation

Previous: PF withdrawal rules : PF Account से कितना पैसा निकाल सकते हैं? जानें 2025 के लेटेस्ट नियम और शर्तें
Next: Personal loan in Benefits and correct use : लोन का सही व गलत उपयोग, क्यों डूबता है कर्जदार, देखिए

Related Stories

TRAI New Recharge Rules 2026
  • फाइनेंस

TRAI New Recharge Rules 2026 : ₹300 का रिचार्ज अब ₹100 में? TRAI के नए प्रस्ताव से मिलेगी राहत

Parmeshwar Singh Chundwat July 11, 2026
EPF New Rules 2026
  • फाइनेंस

EPF New Rules 2026 : सरकार का बड़ा फैसला! EPF में अब सिर्फ ₹1,800 जमा करना होगा अनिवार्य, जानिए पूरा नया नियम

Parmeshwar Singh Chundwat July 3, 2026
Petrol Diesel Price Cut
  • फाइनेंस

Petrol Diesel Price Cut : पेट्रोल-डीजल होगा सस्ता? सरकार ने बता दी तारीख, 2-3 महीने में आ सकता है बड़ा फैसला!

Parmeshwar Singh Chundwat July 3, 2026
  • Poltical
  • अजब गजब
  • इतिहास / साहित्य
  • ऑटो
  • कमाई टिप्स
  • कानून
  • क्राइम/हादसे
  • तकनीकी
  • दिन विशेष
  • देश-दुनिया
  • धार्मिक
  • फाइनेंस
  • बायोग्राफी
  • बैंक
  • बॉलीवुड
  • भर्ती
  • मोबाइल
  • मौसम
  • विविध
  • शिक्षा
  • समाचार
  • सरकारी योजना
  • सोना चांदी भाव
  • स्वास्थ्य

Jaivardhan TV

YouTube Video UCkaBxhzSvuqEmluN5aAXxtA_4cgjcO_lm8Q प्रॉपर्टी और नौकरी के लालच में बेटी बनी कातिल? जयपुर ह$त्याकांड की पूरी कहानी
.
जयपुर के प्रताप नगर इलाके में हुए नीरज शर्मा हत्याकांड में पुलिस जांच के बाद चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। पुलिस के अनुसार, 45 वर्षीय नीरज शर्मा की हत्या उनकी बेटी आयुषी शर्मा ने प्रॉपर्टी और सरकारी नौकरी पाने के लालच में करवाई। आरोप है कि आयुषी ने अपने ताऊ मोहन स्वरूप और चचेरे भाई बलराम उर्फ रवि के साथ मिलकर पूरी साजिश रची। हत्या के लिए 7 लाख रुपए की सुपारी दी गई और कई दिनों तक महिला की रेकी की गई। 3 जुलाई को जब नीरज शर्मा अपने बेटे को कोचिंग छोड़कर घर लौट रही थीं, तभी करीब 130 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आई स्कॉर्पियो ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस जांच में सामने आया कि आयुषी अपने पिता की मृत्यु के बाद उनकी सरकारी नौकरी चाहती थी, लेकिन नीरज शर्मा ने स्वयं अनुकंपा नियुक्ति स्वीकार कर ली। इसी के साथ संपत्ति को लेकर भी परिवार में विवाद चल रहा था।#Jaipurneerajsharmacase #JAivardhannewsJaivardhan News : यह चैनल राजस्थान सहित देश-दुनिया की ताजा, विश्वसनीय और निष्पक्ष खबरों के लिए समर्पित है।Owner & Editor: Laxman Singh Rathore (Journalist)🌐 Website: http://www.jaivardhannews.com
📘 Facebook: Jaivardhannews9
📸 Instagram: @jaivardhannews
🐦 X (Twitter): @jaivardhannews
📧 Business Email: businessjaivardhannews@gmail.com
📞 Mobile: +91 96729 80901सत्य • निष्पक्षता • जनहित
प्रॉपर्टी और नौकरी के लालच में बेटी बनी कातिल? जयपुर ह$त्याकांड की पूरी कहानी
.
जयपुर के प्रताप नगर इलाके में हुए नीरज शर्मा हत्याकांड में पुलिस जांच के बाद चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। पुलिस के अनुसार, 45 वर्षीय नीरज शर्मा की हत्या उनकी बेटी आयुषी शर्मा ने प्रॉपर्टी और सरकारी नौकरी पाने के लालच में करवाई। आरोप है कि आयुषी ने अपने ताऊ मोहन स्वरूप और चचेरे भाई बलराम उर्फ रवि के साथ मिलकर पूरी साजिश रची। हत्या के लिए 7 लाख रुपए की सुपारी दी गई और कई दिनों तक महिला की रेकी की गई। 3 जुलाई को जब नीरज शर्मा अपने बेटे को कोचिंग छोड़कर घर लौट रही थीं, तभी करीब 130 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आई स्कॉर्पियो ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस जांच में सामने आया कि आयुषी अपने पिता की मृत्यु के बाद उनकी सरकारी नौकरी चाहती थी, लेकिन नीरज शर्मा ने स्वयं अनुकंपा नियुक्ति स्वीकार कर ली। इसी के साथ संपत्ति को लेकर भी परिवार में विवाद चल रहा था।#Jaipurneerajsharmacase #JAivardhannewsJaivardhan News : यह चैनल राजस्थान सहित देश-दुनिया की ताजा, विश्वसनीय और निष्पक्ष खबरों के लिए समर्पित है।Owner & Editor: Laxman Singh Rathore (Journalist)🌐 Website: http://www.jaivardhannews.com
📘 Facebook: Jaivardhannews9
📸 Instagram: @jaivardhannews
🐦 X (Twitter): @jaivardhannews
📧 Business Email: businessjaivardhannews@gmail.com
📞 Mobile: +91 96729 80901सत्य • निष्पक्षता • जनहित
प्रॉपर्टी और नौकरी के लालच में बेटी बनी कातिल? जयपुर ह$त्याकांड की पूरी कहानी #aayushsharma
Jaivardhan News : यह चैनल राजस्थान सहित देश-दुनिया की ताजा, विश्वसनीय और निष्पक्ष खबरों के लिए समर्पित है।Owner & Editor: Laxman Singh Rathore (Journalist)🌐 Website: http://www.jaivardhannews.com
📘 Facebook: Jaivardhannews9
📸 Instagram: @jaivardhannews
🐦 X (Twitter): @jaivardhannews
📧 Business Email: businessjaivardhannews@gmail.com
📞 Mobile: +91 96729 80901सत्य • निष्पक्षता • जनहित
लूट के आरोपियों का सिर मुंडवाकर फटे कपड़ों में घुमाया #Rajasthannews
Jaivardhan News : यह चैनल राजस्थान सहित देश-दुनिया की ताजा, विश्वसनीय और निष्पक्ष खबरों के लिए समर्पित है।Owner & Editor: Laxman Singh Rathore (Journalist)🌐 Website: http://www.jaivardhannews.com
📘 Facebook: Jaivardhannews9
📸 Instagram: @jaivardhannews
🐦 X (Twitter): @jaivardhannews
📧 Business Email: businessjaivardhannews@gmail.com
📞 Mobile: +91 96729 80901सत्य • निष्पक्षता • जनहित
जमीन के झगड़े में एयरफोर्स जवान पर जानलेवा हमला #Rajasthannews
Subscribe

वेब स्टोरी

  • Home
  • तकनीकी
    • ऑटो
    • मोबाइल
  • क्राइम/हादसे
    • अजब गजब
  • फाइनेंस
    • बैंक
    • कमाई टिप्स
  • मौसम
    • स्वास्थ्य
  • बायोग्राफी
  • सरकारी योजना
    • शिक्षा
    • भर्ती
  • विविध
    • देश-दुनिया
    • इतिहास / साहित्य
    • Jaivardhan TV
  • धार्मिक
  • दिन विशेष
  • कानून
  • वेब स्टोरी
  • Privacy Policy