
Rain Alert : राजस्थान के विभिन्न हिस्सों में मंगलवार को बारिश ने लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत दिलाई। सवाई माधोपुर, अलवर, और दौसा जैसे जिलों में सुबह से ही रिमझिम और झमाझम बारिश का दौर शुरू हुआ, जिसने मौसम को सुहावना बना दिया। जयपुर, टोंक, और अन्य कई जिलों में सुबह से घने काले बादल छाए रहे, जिससे दिन की शुरुआत ठंडी और नम रही। मौसम विभाग ने जयपुर सहित 29 जिलों के लिए आज, 1 जुलाई को बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। इसके साथ ही, 2 जुलाई से एक नया लो-प्रेशर सिस्टम सक्रिय होने की संभावना है, जिसके प्रभाव से पूरे राज्य में बारिश की गतिविधियों में और वृद्धि होगी।
अलवर जिले में मंगलवार तड़के 3 बजे से रिमझिम बारिश शुरू हुई, जो सुबह 7:30 बजे के आसपास तेज हो गई। अरावली की पहाड़ियों पर काले घने बादल छाए, जिसने शहर को तरोताजा कर दिया। हालांकि, तेज बारिश के कारण कई इलाकों में जलभराव की स्थिति पैदा हो गई। महिला थाना और जिला अस्पताल जैसे महत्वपूर्ण स्थानों पर करीब एक फीट तक पानी भर गया। अलवर के भगत सिंह सर्किल के पास सड़कों पर पानी का तेज बहाव देखा गया। स्थानीय निवासियों ने बताया कि कई घरों में भी पानी घुस गया, जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
सवाई माधोपुर में हल्की बूंदाबांदी
Rajasthan ka Mosam : सवाई माधोपुर में पिछले कुछ दिनों से बारिश का सिलसिला रुका हुआ था, लेकिन मंगलवार सुबह 6:30 से 7:00 बजे के बीच हल्की बूंदाबांदी ने मौसम को फिर से सुहाना बना दिया। राजबाग इलाके में घने बादल छाए रहे, और स्थानीय लोगों ने बारिश के बाद ताजगी का अनुभव किया। यह बारिश भले ही हल्की थी, लेकिन उमस से राहत देने में कारगर साबित हुई।
दौसा में सोमवार रात से ही आसमान में बादल मंडरा रहे थे। तड़के हल्की बूंदाबांदी के बाद सुबह 7 बजे से मध्यम बारिश का दौर शुरू हुआ, जो रुक-रुक कर जारी रहा। इस बारिश ने मौसम को और अधिक सुखद बना दिया। स्थानीय निवासियों ने बताया कि बारिश के कारण तापमान में कमी आई और उमस से छुटकारा मिला।
जयपुर और टोंक में बादल छाए
Mosam : जयपुर शहर में सुबह से ही काले घने बादल छाए रहे, जिसके कारण हल्की उमस महसूस की गई। बजाज नगर इलाके में सुबह का नजारा बादलों से ढका रहा। टोंक में भी सुबह से बादल छाए रहे, जिसने मौसम को ठंडा और आल्हादकारी बना दिया। हालांकि, इन शहरों में बारिश की तीव्रता अन्य जिलों की तुलना में कम रही। भरतपुर में सोमवार देर रात हुई तेज बारिश ने कई कॉलोनियों में जलभराव की स्थिति पैदा कर दी। न्यू पुष्प वाटिका कॉलोनी में सुबह लोग घरों से निकले तो सड़कों पर पानी भरा मिला। एक स्थानीय निवासी को अपने बच्चे को गोद में लेकर स्कूल छोड़ने जाना पड़ा।
मौसम विभाग का पूर्वानुमान
Weather Update : मौसम केंद्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में एक नया लो-प्रेशर सिस्टम विकसित हुआ है, जो वर्तमान में झारखंड की ओर बढ़ रहा है। यह सिस्टम अगले कुछ दिनों में पश्चिमी दिशा में आगे बढ़ेगा, जिसके प्रभाव से 2 जुलाई से राजस्थान में बारिश की गतिविधियों में तेजी आएगी। विशेष रूप से बीकानेर, बाड़मेर, जैसलमेर, और जोधपुर जैसे जिलों में, जहां अभी बारिश कम हुई है, 3 और 4 जुलाई को अच्छी बारिश की संभावना है।
इस मानसून सीजन में राजस्थान में बारिश ने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। मौसम विभाग के अनुसार, 1 से 29 जून तक औसतन 50.7 मिलीमीटर बारिश होने की उम्मीद थी, लेकिन इस बार 119.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य से 136% अधिक है। यह आंकड़ा राज्य में मानसून की सक्रियता को दर्शाता है।
पूर्वी जिलों में रिकॉर्ड बारिश
Rain Storm Alert : 30 जून को पूर्वी राजस्थान के कई जिलों में भारी बारिश दर्ज की गई। धौलपुर के बाड़ी में 158 मिलीमीटर बारिश हुई, जो इस सीजन की सबसे अधिक बारिश में से एक है। धौलपुर शहर में 145 मिलीमीटर, सैंपऊ में 115 मिलीमीटर, और सरमथुरा में 98 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई। भरतपुर के उच्चैन में 108 मिलीमीटर और करौली में 42 मिलीमीटर बारिश हुई। कोटा, उदयपुर, सीकर, और अन्य कई जिलों में भी हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई।

उमस और गर्मी का प्रकोप
30 जून को राज्य के कई हिस्सों में उमस ने लोगों को परेशान किया। जयपुर, दौसा, अजमेर, जोधपुर, और चित्तौड़गढ़ जैसे जिलों में ह्यूमिडिटी का स्तर 80% से अधिक रहा। डूंगरपुर और प्रतापगढ़ में ह्यूमिडिटी 100% के करीब पहुंच गई, जिसके कारण लोगों को भारी असुविधा हुई। श्रीगंगानगर में अधिकतम तापमान 40.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ, जो राज्य में सबसे अधिक था। जैसलमेर, बाड़मेर, और बीकानेर में भी तापमान 37-38 डिग्री के बीच रहा।
राजस्थान में बारिश का यह सिलसिला लोगों के लिए राहत और चुनौतियां दोनों लेकर आया है। जहां एक ओर बारिश ने उमस और गर्मी से निजात दिलाई, वहीं जलभराव ने कई इलाकों में परेशानी खड़ी की। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, अगले कुछ दिनों में बारिश की तीव्रता और बढ़ेगी, जिससे पूरे राज्य में मानसून की सक्रियता और अधिक देखने को मिलेगी। लोगों को जलभराव और अन्य मौसम संबंधी परेशानियों से निपटने के लिए तैयार रहने की सलाह दी जाती है।
बारिश का अपडेट
1 जुलाई 2025 को बारिश का येलो अलर्ट:
- जयपुर, गंगानगर, हनुमानगढ़, चूरू, सीकर, झुंझुनूं, अलवर, दौसा, भरतपुर, करौली, सवाई माधोपुर, अजमेर, टोंक, भीलवाड़ा, बूंदी, कोटा, बारां, डालावाड़ा, चित्तौड़गढ़, प्रतापगढ़, उदयपुर, राजसमंद, पाली, जालोर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, Sirohi, बाड़मेर, और नागौर में बारिश की संभावना।
- मौसम विभाग ने पूरे राज्य में येलो अलर्ट जारी किया है।
2 जुलाई 2025 को बारिश का येलो अलर्ट:
- जोधपुर, बिकानेर, गंगानगर, हनुमानगढ़, चूरू, सीकर, झुंझुनूं, जयपुर, अलवर, दौसा, भरतपुर, करौली, सवाई माधोपुर, अजमेर, टोंक, भीलवाड़ा, बूंदी, कोटा, बारां, डालावाड़ा, चित्तौड़गढ़, प्रतापगढ़, उदयपुर, राजसमंद, पाली, और जालोर में बारिश की चेतावनी।
- नया लो-प्रेशर सिस्टम 2 जुलाई से सक्रिय होने की संभावना।
3 जुलाई 2025 को बारिश का येलो अलर्ट:
- पूरे राजस्थान में सभी जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी।
- बंगाल की खाड़ी से आए लो-प्रेशर सिस्टम के प्रभाव से व्यापक बारिश की संभावना।
- पूर्वी और पश्चिमी दोनों क्षेत्रों में बारिश की गतिविधियों में वृद्धि।
4 जुलाई 2025 को बारिश का येलो अलर्ट:
- राज्य के सभी जिलों में बारिश की चेतावनी जारी।
- मौसम विभाग ने पूरे प्रदेश में संभावित बारिश के लिए सतर्कता बरतने की सलाह दी।
