
Rajasthan Roadways : राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम (RSRTC) ने सेवानिवृत्त परिचालकों (Retired Conductors) के लिए एक अहम और राहतभरी योजना लागू की है। रोडवेज प्रशासन ने बस संचालन को बेहतर बनाने, यात्रीभार (Passenger Load) बढ़ाने और आय में सुधार के उद्देश्य से “स्पाय योजना (SPY Scheme)” की शुरुआत की है। इस योजना के तहत अब राजस्थान रोडवेज अपने अनुभवी और भरोसेमंद सेवानिवृत्त कंडक्टरों को दोबारा सेवा में लेने जा रहा है।
इस फैसले को रोडवेज के इतिहास में एक सकारात्मक और व्यावहारिक कदम माना जा रहा है, क्योंकि इससे जहां एक ओर रोडवेज को अनुभवी मानव संसाधन मिलेगा, वहीं दूसरी ओर रिटायर्ड कर्मचारियों को दोबारा सम्मानजनक आय का अवसर भी प्राप्त होगा।
34 डिपो में होगी संविदा नियुक्ति
RSRTC SPY Scheme : स्पाय योजना के तहत प्रदेशभर के 34 डिपो में सेवानिवृत्त परिचालकों की संविदा (Contract Basis) पर नियुक्ति की जाएगी। इस संबंध में राजस्थान रोडवेज की कार्यकारी निदेशक (यातायात) ज्योति चौहान ने सभी डिपो प्रबंधकों को दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि प्रत्येक डिपो में कितने सेवानिवृत्त परिचालकों की आवश्यकता होगी, इसकी संख्या पहले ही तय कर दी गई है।
रोडवेज प्रबंधन का मानना है कि पुराने और अनुभवी परिचालकों के जुड़ने से बसों का संचालन अधिक सुचारू होगा और यात्रियों को बेहतर सेवाएं मिलेंगी।

18,000 रुपये फिक्स सैलरी, साथ में आकर्षक इंसेंटिव
Rajasthan Roadways News : योजना के तहत चयनित सेवानिवृत्त परिचालकों को हर महीने 18,000 रुपये का निश्चित वेतन (Fixed Salary) दिया जाएगा। इसके अलावा उन्हें यात्रीभार के आधार पर अतिरिक्त प्रोत्साहन राशि (Incentive) भी प्रदान की जाएगी।
- यदि कोई परिचालक पूरे महीने 100% Passenger Load बनाए रखता है, तो उसे 4,000 रुपये अतिरिक्त इंसेंटिव मिलेगा।
- वहीं अगर यात्रीभार 91% से 99% के बीच रहता है, तो उसे 2,000 रुपये प्रति माह अतिरिक्त दिए जाएंगे।
इस व्यवस्था से परिचालकों को बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रोत्साहन मिलेगा और रोडवेज की आय में भी बढ़ोतरी होने की उम्मीद है।
अच्छी कमाई और बेहतर रिकॉर्ड वालों को मिलेगी प्राथमिकता
कोटा डिपो के मुख्य प्रबंधक अजय कुमार मीणा ने बताया कि सेवानिवृत्त परिचालकों को दोबारा सेवा में लेने के आदेश प्राप्त हो चुके हैं। चयन प्रक्रिया में उन्हीं परिचालकों को प्राथमिकता दी जाएगी, जिनका सेवाकाल के दौरान यात्रीभार अच्छा रहा हो, जिनकी कार्यशैली अनुशासित रही हो और जिनके खिलाफ कोई गंभीर शिकायत दर्ज न हो।
उन्होंने स्पष्ट किया कि रोडवेज का उद्देश्य केवल संख्या बढ़ाना नहीं, बल्कि गुणवत्ता और भरोसेमंद सेवा सुनिश्चित करना है।
सुरक्षा राशि और शर्तें भी तय
RSRTC Salary Incentive : स्पाय योजना के अंतर्गत चयनित सेवानिवृत्त परिचालकों को कार्य प्रारंभ करने से पहले कुछ औपचारिकताएं पूरी करनी होंगी।
- 15,000 रुपये की सुरक्षा राशि (Security Deposit) जमा करानी होगी।
- इसके अतिरिक्त 20,000 रुपये की ATM मशीन राशि भी जमा करवानी होगी।
ये दोनों राशियां अनुबंध की शर्तों के अनुसार सुरक्षित रखी जाएंगी। रोडवेज प्रबंधन ने साफ किया है कि यदि किसी परिचालक के आचरण, कार्यप्रणाली या यात्रीभार को लेकर शिकायत मिलती है, तो उसका अनुबंध तत्काल प्रभाव से समाप्त किया जा सकता है।
पुराने अनुभव से बढ़ेगा यात्रीभार और राजस्व
रोडवेज अधिकारियों का कहना है कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य घाटे में चल रही बस सेवाओं को सुधारना, यात्रियों को बेहतर अनुभव देना और राजस्व (Revenue) में वृद्धि करना है। सेवानिवृत्त परिचालकों का वर्षों का अनुभव यात्रियों के साथ व्यवहार, टिकटिंग और रूट मैनेजमेंट में अहम भूमिका निभाएगा।
इस योजना से एक ओर जहां रिटायर्ड कर्मचारियों को दोबारा रोजगार और अतिरिक्त आय का अवसर मिलेगा, वहीं दूसरी ओर राजस्थान रोडवेज की आर्थिक स्थिति को भी मजबूती मिलेगी। कुल मिलाकर, स्पाय योजना को RSRTC के लिए एक Win-Win Model माना जा रहा है, जो अनुभव और आय—दोनों को साथ लेकर आगे बढ़ने की दिशा में एक ठोस पहल है।
