
Rajsamand Murder Case राजसमंद जिले में खमनोर थाना क्षेत्र के गांवगुड़ा में चमत्कार चौराहे पर मंगलवार दोपहर सरेआम तलवार व अन्य धारदार हथियारों से सिर पर ताबड़तोड़ वार कर एक युवक की हत्या कर दी। घटना के बाद गंभीर घायल को अस्पताल पहुंचाया, जहां मृत घोषित कर दिया, जबकि हमलावर मौके से फरार हो गए। घटना के बाद राजसमंद से एएसपी महेंद्र पारीक ने घटना स्थल का मुआयना करते हुए हमलावरों की धरपकड़ के लिए अलग अलग पुलिस टीमों का गठन किया है।
Khamnor Police Station Murder : खमनोर थाना प्रभारी नरेंद्रसिंह भाटी ने बताया कि झालो की मदार पंचायत के सरवड़ियो की भागल निवासी 32 वर्षीय हिम्मतसिंह दसाणा पुत्र प्रतापसिंह दसाणा के सिर पर कुछ युवकों ने धारदार हथियारों से हमला कर दिया। घटना के बाद घायल को नाथद्वारा स्थित गोवर्धन राजकीय जिला चिकित्सालय पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। इधर, प्रत्यक्षदर्शी लोगों से पूछताछ करते हुए हमलावरों को पकड़ने के लिए चारों तरफ पुलिस नाकाबंदी करवा दी गई है। साथ ही राजसमंद से अतिरिक्त जिला पुलिस अधीक्षक महेंद्र पारीक और नाथद्वारा पुलिस उप अधीक्षक शिप्रा राजावत ने भी घटना स्थल का मुआयना किया। घायल हिम्मतसिंह को अस्पताल पहुंचाने वाले लक्ष्मणसिंह, मोहनसिंह व अन्य युवकों के बयान पंजीबद्ध किए हैं और कुंभलगढ़ क्षेत्र के पासुन निवासी आरोपियों को नामजद कर लिया है। साथ ही उनकी धरपकड़ के प्रयास किए जा रहे हैं और जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। Rajsamand Crime News Today
आक्रोशित लोग तत्काल गिरफ्तारी पर अड़े

Sharp Weapon Murder Case : हिम्मतसिंह दसाणा की हत्या के बाद आक्रोशित लोग बड़ी तादाद में परिजन, ग्रामवासी व राजपूत समाज के लोग नाथद्वारा अस्पताल के मोर्चरी के पास पहुंच गए। करणी सेना के अध्यक्ष सोहनसिंह गांवगुड़ा, खमनोर ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष केसरसिंह गौड़ सहित बड़ी तादाद में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। ग्रामवासी बोले कि जब तक आरोपी गिरफ्तार नहीं होंगे, तब तक शव का पोस्टमार्टम नहीं करवाएंगे। मौके पर खमनोर थाना प्रभारी नरेंद्रसिंह भाटी, उप निरीक्षक पन्नालाल मेनारिया द्वारा आक्रोशित लोगों से समझाइश के प्रयास किए जा रहे हैं।
पालनहार की हत्या से पूरा परिवार स्तब्ध
Brutal Killing in Rajsamand : बताया कि हिम्मतसिंह ही परिवार का मुख्य पालनहार था। उनके बड़े भाई शिवसिंह (36) गुजरात में रहते हैं, जबकि दो छोटे भाई वजेसिंह (27) व महेंद्रसिंह (23) पढ़ाई के साथ छुटकर काम कर रहे हैं। परिवार में एक बड़ी बहन सीता का निधन हो गया, जिनके बच्चों का पालन पोषण भी हिम्मतसिंह ही कर रहा था। वह अविवाहित था और उसके दो छोटे भाई भी अविवाहित है। वृद्ध पिता प्रतापसिंह व मां चन्दरी बाई भी हिम्मतसिंह पर ही आश्रित थी।



