
Free Ration Scheme : राजस्थान के राजसमंद जिले ने खाद्य सुरक्षा योजना के तहत चलाए जा रहे गिव अप अभियान में शानदार प्रदर्शन करते हुए प्रदेश में चौथा स्थान हासिल किया है। इस उपलब्धि पर राज्य के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री सुमित गोदारा ने जिले के अधिकारियों और कर्मचारियों की जमकर सराहना की है। शुक्रवार देर शाम राजसमंद पहुंचे गोदारा ने एक समीक्षा बैठक में इस अभियान की प्रगति की समीक्षा की और इसे पारदर्शी और प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए जिले की टीम को बधाई दी।
गिव अप अभियान: पात्रों को अधिकार, अपात्रों को बाहर करने की मुहिम
Rajasthan Food Security Scheme : राज्य सरकार द्वारा शुरू किया गया गिव अप अभियान खाद्य सुरक्षा योजना को और अधिक पारदर्शी और न्यायसंगत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सरकारी योजनाओं का लाभ केवल वास्तविक पात्र और जरूरतमंद परिवारों तक पहुंचे। इसके तहत अपात्र व्यक्तियों को खाद्य सुरक्षा सूची से हटाने और पात्र व्यक्तियों को इसमें शामिल करने का कार्य तेजी से किया जा रहा है। राजसमंद जिले ने इस अभियान में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रदेश में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज की है।
1.51 लाख अपात्र व्यक्तियों को सूची से हटाया गया
Rajasthan Food Supply Department : मंत्री सुमित गोदारा ने समीक्षा बैठक में बताया कि राजसमंद जिले में गिव अप अभियान के तहत अब तक कुल 1,51,362 अपात्र व्यक्तियों को खाद्य सुरक्षा सूची से बाहर किया गया है। इसमें से 81,696 व्यक्तियों ने स्वेच्छा से खाद्य सुरक्षा योजना का लाभ छोड़कर इस अभियान में सहयोग किया है, जबकि 69,666 व्यक्तियों के नाम ई-केवाईसी (e-KYC) प्रक्रिया पूरी न करने के कारण सूची से हटाए गए हैं। इस पहल से योजना का लाभ उन लोगों तक पहुंचने में आसानी होगी, जो वास्तव में इसके हकदार हैं।
94,428 नए पात्र लाभार्थियों को जोड़ा गया
Khadya Suraksha Yojana : अभियान के तहत न केवल अपात्र व्यक्तियों को हटाया गया है, बल्कि जरूरतमंद लोगों को योजना का लाभ देने के लिए भी प्रभावी कदम उठाए गए हैं। गोदारा ने बताया कि राजसमंद में 94,428 नए पात्र लाभार्थियों को खाद्य सुरक्षा सूची में शामिल किया गया है। इससे यह सुनिश्चित होगा कि सरकारी योजनाओं का लाभ वास्तविक जरूरतमंदों तक पहुंचे और सामाजिक न्याय की भावना को बढ़ावा मिले।
अधिकारियों की मेहनत को मिली सराहना
मंत्री गोदारा ने जिले के अधिकारियों और कर्मचारियों की मेहनत की प्रशंसा करते हुए कहा कि राजसमंद ने इस अभियान में न केवल उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है, बल्कि इसे पारदर्शी और प्रभावी ढंग से लागू करने में भी कोई कसर नहीं छोड़ी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। गोदारा ने कहा, “यह अभियान प्रदेश में एक सतत और न्यायसंगत वितरण प्रणाली की स्थापना के लिए एक मिसाल बन रहा है। राजसमंद ने इस दिशा में सराहनीय कार्य किया है।”

जरूरतमंदों तक लाभ पहुंचाना ही लक्ष्य
मंत्री ने अपने संबोधन में जोर देकर कहा कि गिव अप अभियान का मूल उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सरकारी योजनाओं का लाभ केवल पात्र और जरूरतमंद परिवारों तक पहुंचे। उन्होंने कहा, “हमारी सरकार का संकल्प है कि कोई भी पात्र व्यक्ति योजना के लाभ से वंचित न रहे और कोई अपात्र व्यक्ति इसका अनुचित लाभ न उठाए। राजसमंद ने इस दिशा में एक उल्लेखनीय उदाहरण प्रस्तुत किया है।”
समीक्षा बैठक में जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की मौजूदगी
यह समीक्षा बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई, जिसमें जिले के प्रमुख जनप्रतिनिधि और अधिकारी शामिल रहे। बैठक में विधायक हरि सिंह रावत, जिला अध्यक्ष जगदीश पालीवाल, जिला कलेक्टर अरुण कुमार हसीजा, समाजसेवी माधव जाट और जिला रसद अधिकारी विजय सिंह सहित कई विभागीय अधिकारी उपस्थित थे। सभी ने एकजुट होकर इस अभियान को सफल बनाने में योगदान दिया।
