
Rajsamand Roadways Update : विश्व प्रसिद्ध भगवान चारभुजानाथ मंदिर आने वाले हजारों श्रद्धालुओं और स्थानीय निवासियों को राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम की मनमानी के कारण भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कस्बे के मुख्य बस स्टैंड तक आने के बजाय रोडवेज बसें सीधे बाईपास से होकर गुजर रही हैं। इससे यात्रियों को मंदिर से करीब एक किलोमीटर दूर ही उतार दिया जाता है, जिससे बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को पैदल चलकर मंदिर तक पहुंचना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि बस परिचालक यात्रियों को कस्बे के अंदर छोड़ने के नाम पर बैठाते हैं, लेकिन बाईपास पहुंचते ही उन्हें वहीं उतार देते हैं। इस अव्यवस्था से आक्रोशित ग्रामीणों ने अब राजसमंद आगार प्रबंधक को ज्ञापन सौंपकर प्रदर्शन की चेतावनी दी है। कस्बेवासियों के अनुसार पूर्व में चारभुजा बस स्टैंड पर रोडवेज की व्यवस्थित बुकिंग खिड़की संचालित थी। उस दौरान उदयपुर, राजसमंद, फालना, देसूरी, पाली, सादड़ी और जोधपुर की बसें नियमित रूप से बस स्टैंड के अंदर तक आती थीं। करीब 8 वर्ष पहले रोडवेज ने यहां से अपनी बुकिंग खिड़की हटा ली, जिसके बाद धीरे-धीरे बसों का कस्बे के अंदर आना बंद हो गया। वर्तमान में स्थिति यह है कि यात्रियों को बसों की समय-सारणी तक की जानकारी नहीं मिल पाती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि खिड़की हटने से न केवल राजस्व का नुकसान हो रहा है, बल्कि कस्बे की परिवहन व्यवस्था भी पूरी तरह चरमरा गई है।
समाधान नहीं होने पर हाईवे जाम करने की चेतावनी
Roadways Bypass Issue charbhuja : इस समस्या को लेकर पूर्व जिला महामंत्री सत्यनारायण वैष्णव, जगदीश गुर्जर और मनीष पालीवाल सहित कई ग्रामीणों ने अरुण कुमार हसीजा और राजसमंद डिपो प्रबंधक को ज्ञापन सौंपा है। ग्रामीणों ने मांग की है कि चारभुजा बस स्टैंड पर पुनः बुकिंग खिड़की शुरू की जाए और सभी बसों का कस्बे के अंदर से गुजरना अनिवार्य किया जाए। कस्बेवासियों ने प्रशासन को आगाह किया है कि यदि जल्द ही बसों का संचालन सुचारू नहीं हुआ, तो गोमती -पाली नेशनल हाईवे पर धरना-प्रदर्शन कर रास्ता रोका जाएगा। ग्रामीणों ने स्पष्ट किया कि इस दौरान होने वाली किसी भी जनहानि या अव्यवस्था की पूरी जिम्मेदारी रोडवेज प्रशासन की होगी।

धोखे में रखे जा रहे यात्री
Charbhuja Temple Devotees Problem : ग्रामीण ने गंभीर आरोप लगाया है कि उदयपुर, फालना और कांकरोली जैसे शहरों से बस में बैठते समय परिचालक यात्रियों को चारभुजा बस स्टैंड तक ले जाने का भरोसा देते हैं। लेकिन बस जैसे ही बाईपास पहुंचती है, चालक बस को कस्बे के अंदर मोड़ने के बजाय सीधे हाईवे पर ही खड़ी कर देते हैं। भारी सामान के साथ श्रद्धालुओं को एक किलोमीटर का सफर पैदल तय करना पड़ता है, जो धार्मिक पर्यटन के लिहाज से कस्बे की छवि खराब कर रहा है। Charbhuja Temple Bus Problem



