
Rajsamand Election 2026 : राजसमंद नगर परिषद चुनाव में नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब भाजपा और कांग्रेस के सामने टिकट से नाराज दावेदारों को साधने की चुनौती है। सोमवार को दोनों प्रमुख दलों ने पार्षद प्रत्याशियों की सूची जारी की। इसके बाद कई वार्डों में टिकट की उम्मीद लगाए बैठे दावेदारों ने निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में मैदान में उतरकर राजनीतिक दलों की चिंता बढ़ा दी है।
भाजपा में नगर उपाध्यक्ष हिम्मत मेहता सहित कुछ वार्डों के दावेदार टिकट नहीं मिलने के बाद निर्दलीय चुनाव लड़ रहे हैं। ऐसे में पार्टी संगठन के सामने बागी प्रत्याशियों को मनाने और अधिकृत उम्मीदवारों के पक्ष में माहौल बनाने की चुनौती है। कांग्रेस में भी टिकट वितरण के बाद नाराज दावेदारों को साधना पार्टी के लिए जरूरी होगा। टिकट वितरण को लेकर मंगलवार को सेन समाज के पदाधिकारियों ने प्रेस वार्ता कर अपनी नाराजगी जाहिर की। पदाधिकारियों ने भाजपा पर सेन समाज को राजनीतिक प्रतिनिधित्व नहीं देने का आरोप लगाया। उनका कहना है कि राजसमंद जिले की पांचों निकायों में चुनाव हो रहे हैं, लेकिन भाजपा ने किसी भी निकाय में सेन समाज के प्रतिनिधि को टिकट नहीं दिया। इससे समाज में नाराजगी का माहौल है। पदाधिकारियों के अनुसार, राजसमंद नगर परिषद चुनाव के लिए समाज की ओर से 8 से 10 टिकटों की मांग की गई थी, लेकिन पार्टी की ओर से एक भी टिकट नहीं दिया गया। अब समाज की बैठक में आगे की रणनीति को लेकर निर्णय लिया जाएगा।
इन दावेदारों के लिए मांगा गया था टिकट
Rajsamand Nagar Parishad Election : सेन समाज के पदाधिकारियों ने बताया कि भाजपा से वार्ड 15 के लिए टीना सेन, वार्ड 28 से प्रमोद सेन और वार्ड 18 से संजय सेन के नाम पर टिकट की मांग की गई थी। इसके अलावा हेमा सेन, कैलाश सेन और दिनेश सेन के परिवार से भी टिकट की मांग रखी गई थी। हालांकि, पार्टी ने इनमें से किसी को भी पार्षद प्रत्याशी नहीं बनाया।
समाज के पदाधिकारियों का कहना है कि समाज की संख्या और राजनीतिक भागीदारी को देखते हुए प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए था। टिकट वितरण में उपेक्षा से समाजजनों और कार्यकर्ताओं में नाराजगी है। प्रेस वार्ता में सेन समाज मेवाड़ अध्यक्ष प्रहलाद सेन, सेन समाज फरारा चोखला अध्यक्ष संपत सेन, राष्ट्रीय नाई महासभा के जिला अध्यक्ष बाबूलाल सेन, सेन समाज उपाध्यक्ष कैलाश सेन, महिला उपाध्यक्ष टीना सेन, हरिशंकर सेन, सोनू सेन सहित बड़ी संख्या में समाजजन मौजूद रहे। Rajasthan Local Body Election 2026

अब बागियों को मनाने की चुनौती
Sen Samaj Rajsamand : नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद चुनावी तस्वीर काफी हद तक साफ हो चुकी है। अब भाजपा और कांग्रेस दोनों के लिए अगले कुछ दिन अहम रहने वाले हैं। पार्टियां अधिकृत प्रत्याशियों के पक्ष में माहौल बनाने के साथ ही टिकट से नाराज दावेदारों और उनके समर्थकों को मनाने की कोशिश करेंगी। ऐसे में सेन समाज की नाराजगी और निर्दलीय प्रत्याशियों की मौजूदगी चुनावी समीकरणों पर कितना असर डालती है, यह आने वाले दिनों में साफ होगा। Rajsamand Political News



