
Imran Khan Death News : पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान को लेकर बुधवार देर रात सोशल मीडिया पर अचानक अफवाह फैल गई कि अदियाला जेल में उनकी हत्या कर दी गई है। अफगानिस्तान के कुछ मीडिया आउटलेट्स और अनजान सोशल मीडिया अकाउंट्स ने यह दावा किया, जिसके बाद पाकिस्तान में अफरा-तफरी मच गई। हजारों लोग सड़कों पर उतर आए, कई जगह प्रदर्शन शुरू हो गए और पुलिस अलर्ट पर आ गई। यह अफवाह इतनी तेजी से फैली कि देखते ही देखते देश में राजनीतिक उथल-पुथल का माहौल बन गया।
अदियाला जेल प्रशासन ने अफवाहों को पूरी तरह खारिज कर दिया। अधिकारियों का कहना है कि इमरान खान जेल में सुरक्षित हैं और उनकी सेहत को लेकर किसी तरह की चिंता नहीं है। जेल प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया कि उन्हें किसी अन्य स्थान पर शिफ्ट नहीं किया गया है। मेडिकल टीम लगातार उनकी देखभाल कर रही है। यह बयान तब जारी किया गया जब सोशल मीडिया पर ‘Imran Khan Death Rumors’ ट्रेंड कर रहा था और लोग भारी तनाव में थे।
मुलाकात बंद होने के खिलाफ धरने पर बैठीं बहनों पर पुलिस लाठीचार्ज
Imran Khan Death Rumors : यह पूरा विवाद तब भड़क उठा जब इमरान खान की तीनों बहनें—नूरीन नियाज़ी, अलीमा खान और डॉ. उज़्मा खान—एक महीने से मुलाकात बंद होने के विरोध में जेल के बाहर शांतिपूर्ण धरना दे रही थीं। अचानक जेल की लाइटें बंद कर दी गईं और पंजाब पुलिस ने महिलाओं पर लाठीचार्ज कर दिया। 71 वर्षीय नूरीन नियाज़ी ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उन्हें बाल पकड़कर घसीटा और कई महिलाओं पर हाथ उठाया।
पीटीआई समर्थकों का जेल की ओर मार्च
Imran Khan Adiala Jail News : लाठीचार्ज की खबर फैलते ही हजारों पीटीआई कार्यकर्ता अदियाला जेल की ओर बढ़ने लगे। कई समर्थकों ने बैरिकेड्स तोड़ने की कोशिश की, जिससे पुलिस की अतिरिक्त टुकड़ियाँ मौके पर बुलानी पड़ीं। स्थिति बेकाबू होती देख जेल प्रशासन ने इमरान खान की बहनों से मुलाकात के लिए जल्द अनुमति देने का आश्वासन दिया। इसके बाद धरना खत्म किया गया, लेकिन माहौल अभी भी तनावपूर्ण है।
पीटीआई की मांग
Imran Khan Today News : पीटीआई नेताओं ने सरकार पर आरोप लगाया कि वह जानबूझकर इमरान की सेहत को लेकर भ्रम फैलने दे रही है। पार्टी ने सरकार से इमरान खान की स्वास्थ्य स्थिति पर आधिकारिक मेडिकल रिपोर्ट जारी करने और जेल के बाहर हुए पुलिस बर्बरता की निष्पक्ष जांच की मांग की है। पीटीआई ने समर्थकों से शांति बनाए रखने की अपील की है, लेकिन कहा है कि वह इस मुद्दे को संसद से लेकर अदालत तक उठाएगी।

इमरान के बेटे-बेटियों का आरोप
इमरान खान के परिवार ने गंभीर आरोप लगाया है कि उन्हें एकांत कारावास (Solitary Confinement) में रखा गया है, जहां न रोशनी है और न ही उचित वेंटिलेशन। परिवार का दावा है कि मेडिकल सुविधाओं को भी सीमित कर दिया गया है और जेल प्रशासन मिलने नहीं देता। परिवार और वकीलों ने कहा है कि इमरान खान मानसिक और शारीरिक रूप से दबाव में रखे जा रहे हैं।
सरकार का जवाब
रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि इमरान खान को पहले की तुलना में बेहतर मेडिकल सुविधा और सुरक्षा मिली हुई है। सरकार ने कहा कि पीटीआई केवल सहानुभूति बटोरने के लिए झूठे आरोप लगा रही है। सरकार का दावा है कि इमरान की स्वास्थ्य स्थिति स्थिर है और उन्हें किसी भी प्रकार की खतरे की आशंका नहीं है।
अफवाहें क्यों फैलीं? विशेषज्ञों ने बताई बड़ी वजह
राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि इमरान खान की लोकप्रियता लगातार बढ़ रही है, खासकर जेल में रहते हुए भी। इससे सेना, राजनीतिक दलों और सत्ता में बैठे लोगों पर दबाव बढ़ गया है। ऐसे माहौल में किसी भी छोटी घटना या अफवाह का इस्तेमाल देश में अस्थिरता फैलाने के लिए किया जा सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार इमरान की मौत की झूठी खबरें राजनीतिक षड्यंत्र का हिस्सा हो सकती हैं।
