
राजसमंद। Rajsamand CDEO controversy ; राजसमंद के मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी (CDEO) रामेश्वर लाल बाल्दी के एक वायरल वीडियो को लेकर जिले में सियासी माहौल गरमा गया है। शनिवार को जिला कांग्रेस कमेटी ने कलेक्ट्रेट परिसर के बाहर प्रदर्शन करते हुए सीडीईओ के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि एक जिम्मेदार प्रशासनिक अधिकारी द्वारा राजनीतिक बयान देना सरकारी सेवा आचार संहिता के खिलाफ है। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए जिला कलेक्टर को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा और मामले की निष्पक्ष जांच कर सख्त कार्रवाई की मांग की।
पूरा विवाद नाथद्वारा विधानसभा क्षेत्र के खमनोर ब्लॉक स्थित गांवगुड़ा के एक सरकारी स्कूल में आयोजित कार्यक्रम के दौरान दिए गए भाषण के बाद शुरू हुआ। कार्यक्रम में मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी रामेश्वर लाल बाल्दी मंच से पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी की जीत को लेकर टिप्पणी करते नजर आए थे। इस कार्यक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद कांग्रेस ने इसे सरकारी पद की गरिमा के खिलाफ बताते हुए विरोध शुरू कर दिया। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी एक निष्पक्ष अधिकारी की बजाय भाजपा प्रवक्ता की तरह कार्य कर रहे हैं। ज्ञापन में कहा गया कि जिले के हजारों विद्यार्थियों के भविष्य की जिम्मेदारी संभालने वाले अधिकारी से इस प्रकार के राजनीतिक बयान की अपेक्षा नहीं की जा सकती। कांग्रेस जिलाध्यक्ष आदित्य प्रताप सिंह चौहान, पूर्व जिला प्रमुख नारायण सिंह भाटी और पूर्व जिलाध्यक्ष हरिसिंह राठौड़ सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता प्रदर्शन में शामिल हुए।
कलेक्ट्रेट के बाहर नारेबाजी
Rajasthan education officer viral video : कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट परिसर के बाहर जमकर नारेबाजी की और शिक्षाधिकारी के खिलाफ आक्रोश जताया। प्रदर्शन के बाद प्रतिनिधिमंडल ने जिला कलेक्टर अरुण कुमार हसीजा को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में मामले की जांच कर संबंधित अधिकारी को तत्काल हटाने की मांग की गई।

कलेक्टर बोले- होगी जांच

Congress protest against CDEO : जिला कलेक्टर अरुण कुमार हसीजा ने कहा कि मामले की जांच अतिरिक्त जिला कलेक्टर (ADM) को सौंपी जाएगी। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों के लिए एक निर्धारित आचार संहिता होती है और प्रथम दृष्टया उसका उल्लंघन प्रतीत हो रहा है। यदि जांच में तथ्य सामने आते हैं तो सिविल सेवा नियमों के तहत कार्रवाई की जाएगी।
पुराने मामलों की जांच की भी मांग
Rameshwar Lal Baldi news : कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने ज्ञापन में मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी के पुराने कार्यकाल और कार्यशैली को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने भीलवाड़ा जिले के शाहपुरा में ड्यूटी के दौरान एपीओ रहने का उल्लेख करते हुए पुराने मामलों की भी जांच कराने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान शांतिलाल कोठारी, गोविंद सनाढ्य, योगेंद्र सिंह परमार, मुकेश भार्गव, खमनोर के निवर्तमान प्रधान भैरूलाल वीरवाल, कुलदीप शर्मा, हरिवल्लभ पालीवाल, अजीत सिंह भीम, लक्ष्मण गुर्जर, प्रेमदेवी जाट, बहादुर सिंह चारण सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे। Rajsamand political controversy



