
राजसमंद। Panchayati Raj Election 2026 : पंचायतीराज चुनाव में जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के टिकट वितरण को लेकर भाजपा और कांग्रेस में खींचतान तेज हो गई है। कई वार्डों में तीन-तीन दावेदार होने से दोनों पार्टियों के सामने प्रत्याशी चयन की चुनौती खड़ी हो गई है। किसी एक दावेदार को टिकट देने पर दूसरे के बागी होने और भीतरघात की आशंका के चलते दोनों दलों ने अभी तक प्रत्याशियों की आधिकारिक सूची जारी नहीं की है। कांग्रेस पर्यवेक्षक की मौजूदगी में होने वाली बैठक के बाद पहली सूची जारी कर सकती है, जबकि भाजपा नामांकन के अंतिम दिन 13 अक्टूबर को प्रत्याशियों को चुनाव चिह्न सौंपेगी।
पंचायतीराज चुनाव के पहले चरण में खमनोर, देलवाड़ा, आमेट, चारभुजा और कुंभलगढ़ पंचायत समितियों के 81 वार्डों तथा जिला परिषद के 13 वार्डों के लिए नामांकन की अंतिम तिथि 13 अक्टूबर निर्धारित है। ऐसे में दोनों राजनीतिक दलों के सामने प्रत्याशियों के नाम तय करने के साथ ही असंतुष्ट दावेदारों को मनाने की चुनौती भी है। पहले चरण में इन पांच पंचायत समितियों की 133 ग्राम पंचायतों में सरपंच और 1,155 वार्डों में वार्ड पंच के चुनाव भी होंगे। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, मतदान दल 22 अक्टूबर को रवाना होंगे। 23 अक्टूबर को जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के साथ सरपंच एवं वार्ड पंच पदों के लिए मतदान होगा। वहीं, पंच-सरपंच पदों के लिए 24 अक्टूबर को नामांकन, 25 अक्टूबर को मतदान एवं मतगणना और 26 अक्टूबर को उपसरपंच का चुनाव कराया जाएगा।
भाजपा ने तैयार किया संभावित प्रत्याशियों का पैनल
Rajsamand Zila Parishad Election : भाजपा ने जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के संभावित प्रत्याशियों का पैनल तैयार कर लिया है। जिलाध्यक्ष जगदीश पालीवाल के नेतृत्व में चारों विधायकों और पर्यवेक्षकों के साथ चर्चा के बाद अंतिम सूची लगभग तैयार बताई जा रही है। हालांकि, पार्टी ने अभी तक प्रत्याशियों को चुनाव चिह्न नहीं दिए हैं। पार्टी की रणनीति के अनुसार, 13 अक्टूबर को नामांकन के अंतिम दिन प्रत्याशियों को चुनाव चिह्न सौंपे जाएंगे। जिन वार्डों में दावेदारों की संख्या अधिक है, वहां नाराजगी दूर करने और सभी को साथ लेकर चलने की जिम्मेदारी पार्टी नेताओं को दी गई है, ताकि टिकट नहीं मिलने पर कोई दावेदार बगावत न करे।

कांग्रेस की नजर पर्यवेक्षक की बैठक पर
Rajsamand Panchayat Samiti Election 2026 : कांग्रेस में भी जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के टिकट को लेकर मंथन जारी है। पार्टी ने दावेदारों से आवेदन लेकर संभावित प्रत्याशियों का पैनल तैयार किया है। जिलाध्यक्ष आदित्यप्रताप सिंह के नेतृत्व में गठित कमेटी पैनल आगे भेज चुकी है, लेकिन कई वार्डों में अब तक एक नाम पर सहमति नहीं बन पाई है। अब पर्यवेक्षक की मौजूदगी में होने वाली बैठक में प्रत्याशियों के नामों पर अंतिम निर्णय होने की संभावना है। पार्टी के सामने टिकट वितरण में संतुलन बनाने के साथ ही नाराज कार्यकर्ताओं और समर्थकों को मनाने की चुनौती भी बनी हुई है।
क्रॉस वोटिंग के बाद कांग्रेस के सामने एकजुटता की चुनौती
Rajsamand Panchayat Election 2026 : नाथद्वारा नगर पालिका चुनाव में पार्षदों की क्रॉस वोटिंग के बाद कांग्रेस की एकजुटता को लेकर सवाल उठे थे। ऐसे में आगामी पंचायतीराज चुनाव में पार्टी के लिए कार्यकर्ताओं और समर्थकों को एकजुट रखना अहम होगा। टिकट वितरण के दौरान असंतोष दूर नहीं हुआ तो बगावत और भीतरघात का असर चुनावी नतीजों पर पड़ सकता है।
निर्दलीय प्रत्याशियों से बिगड़ सकते हैं चुनावी समीकरण
राजसमंद विधानसभा क्षेत्र में कुमावत समाज की ओर से पंचायत समिति और जिला परिषद के विभिन्न वार्डों में निर्दलीय प्रत्याशी उतारने की तैयारी भी भाजपा के लिए चुनौती बन सकती है। समाज की ओर से दावेदारों की सूची तैयार किए जाने की चर्चा है। यदि निर्दलीय प्रत्याशी मैदान में उतरते हैं, तो संबंधित वार्डों में मुकाबला दिलचस्प हो सकता है और प्रमुख राजनीतिक दलों के चुनावी समीकरण प्रभावित होने की संभावना रहेगी।
Rajsamand Panchayat Election Latest News : फिलहाल भाजपा और कांग्रेस दोनों के सामने टिकट वितरण को लेकर संतुलन बनाने, असंतुष्ट दावेदारों को मनाने और संगठन में एकजुटता बनाए रखने की चुनौती है। ऐसे में नामांकन के अंतिम दिन प्रत्याशियों की घोषणा और चुनाव चिह्न वितरण पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।



