Skip to content
August 23, 2026
  • Home
  • ई-पेपर
  • ई-पत्रिका
  • तकनीकी
    • ऑटो
    • मोबाइल
  • क्राइम/हादसे
    • अजब गजब
  • फाइनेंस
    • बैंक
    • कमाई टिप्स
  • मौसम
    • स्वास्थ्य
  • बायोग्राफी
  • सरकारी योजना
    • शिक्षा
    • भर्ती
  • विविध
    • देश-दुनिया
    • इतिहास / साहित्य
    • Jaivardhan TV
  • धार्मिक
  • दिन विशेष
  • कानून
  • वेब स्टोरी
  • Privacy Policy
jaivardhannews.com

jaivardhannews.com

Jaivardhan news

Nai Jindagi education Foundation

Connect with Us

  • Home
  • ई-पेपर
  • ई-पत्रिका
  • तकनीकी
    • ऑटो
    • मोबाइल
  • क्राइम/हादसे
    • अजब गजब
  • फाइनेंस
    • बैंक
    • कमाई टिप्स
  • मौसम
    • स्वास्थ्य
  • बायोग्राफी
  • सरकारी योजना
    • शिक्षा
    • भर्ती
  • विविध
    • देश-दुनिया
    • इतिहास / साहित्य
    • Jaivardhan TV
  • धार्मिक
  • दिन विशेष
  • कानून
  • वेब स्टोरी
  • Privacy Policy
Primary Menu
  • Home
  • ई-पेपर
  • ई-पत्रिका
  • तकनीकी
    • ऑटो
    • मोबाइल
  • क्राइम/हादसे
    • अजब गजब
  • फाइनेंस
    • बैंक
    • कमाई टिप्स
  • मौसम
    • स्वास्थ्य
  • बायोग्राफी
  • सरकारी योजना
    • शिक्षा
    • भर्ती
  • विविध
    • देश-दुनिया
    • इतिहास / साहित्य
    • Jaivardhan TV
  • धार्मिक
  • दिन विशेष
  • कानून
  • वेब स्टोरी
  • Privacy Policy
  • इतिहास / साहित्य

kuldhara village story : राजस्थान का रहस्यमयी गांव, जहां आज भी भटकती हैं 200 साल पुरानी कहानियां

Parmeshwar Singh Chundwat June 2, 2026 1 minute read

जैसलमेर। kuldhara village story : राजस्थान के जैसलमेर जिले में फैले सुनहरे रेगिस्तान के बीच एक ऐसा गांव मौजूद है, जो पिछले करीब दो सौ वर्षों से वीरान पड़ा है। यह गांव है कुलधरा, जिसे देश के सबसे रहस्यमयी और चर्चित गांवों में गिना जाता है। कभी खुशहाली, समृद्धि और सांस्कृतिक वैभव का प्रतीक रहा यह गांव आज खंडहरों में तब्दील हो चुका है। लेकिन इसकी वीरानी के पीछे छिपी कहानी आज भी लोगों को रोमांचित कर देती है।

कुलधरा केवल एक उजड़ा हुआ गांव नहीं है, बल्कि यह इतिहास, लोककथाओं, रहस्यमयी मान्यताओं और सामाजिक संघर्षों का जीवंत दस्तावेज माना जाता है। यही कारण है कि हर वर्ष हजारों पर्यटक इस गांव को देखने और इसकी रहस्यमयी कहानी को करीब से जानने पहुंचते हैं। कुलधरा गांव जैसलमेर शहर से लगभग 18 किलोमीटर Kuldhara village story in hindi दक्षिण-पश्चिम दिशा में स्थित है। गांव लगभग 861 मीटर लंबा और 261 मीटर चौड़ा क्षेत्रफल में फैला हुआ था। यहां का पूरा बसावट ढांचा सुनियोजित तरीके से विकसित किया गया था। गांव के मध्य में माता रानी का मंदिर स्थित था और उसके चारों ओर मकान, गलियां और सार्वजनिक स्थान बनाए गए थे। गांव में उत्तर-दक्षिण दिशा में तीन प्रमुख मार्ग थे, जिन्हें पूर्व-पश्चिम की छोटी गलियां जोड़ती थीं। आज भी इन गलियों और मकानों के अवशेष उस दौर की उन्नत नगर योजना की झलक प्रस्तुत करते हैं।

13वीं शताब्दी में हुई थी कुलधरा की स्थापना

इतिहासकारों के अनुसार कुलधरा की स्थापना 13वीं शताब्दी में पालीवाल ब्राह्मणों द्वारा की गई थी। पाली क्षेत्र से आकर बसने के कारण इन्हें पालीवाल ब्राह्मण कहा गया। ऐतिहासिक ग्रंथ “तवारीख-ए-जैसलमेर” में उल्लेख मिलता है कि कधान नामक पालीवाल ब्राह्मण ने इस गांव को बसाया था और यहां उधानसर नामक तालाब का निर्माण करवाया था। पुरातात्विक साक्ष्य बताते हैं कि गांव में मिले शिलालेख 13वीं शताब्दी के हैं, जो इसकी प्राचीनता को प्रमाणित करते हैं। गांव में कई स्मारक पत्थर, श्मशान स्थल और धार्मिक अवशेष आज भी मौजूद हैं।

कभी जैसलमेर का सबसे समृद्ध गांव माना जाता था कुलधरा

Kuldhara village mystery : स्थानीय परंपराओं और ऐतिहासिक विवरणों के अनुसार कुलधरा अपने समय का बेहद समृद्ध गांव था। यहां के लोग कृषि, व्यापार, बैंकिंग और वित्तीय गतिविधियों में दक्ष थे। पालीवाल ब्राह्मणों ने रेगिस्तान में जल संरक्षण की अनूठी तकनीक विकसित की थी, जिसे “खड़ीन प्रणाली” कहा जाता था। इस प्रणाली के माध्यम से वर्षा जल को एकत्र कर खेती की जाती थी। गांव के दक्षिण में लगभग 2.5 किलोमीटर लंबी और 2 किलोमीटर चौड़ी खड़ीन मौजूद थी। इसी वजह से रेगिस्तानी क्षेत्र होने के बावजूद यहां गेहूं, चना और ज्वार जैसी फसलें उगाई जाती थीं। कुलधरा के लोग मिट्टी के आकर्षक बर्तन भी बनाते थे और दूर-दराज के क्षेत्रों में व्यापार करते थे। गांव आर्थिक रूप से इतना मजबूत था कि जैसलमेर रियासत को यहां से अच्छा राजस्व प्राप्त होता था।

सलीम सिंह और मुखिया की बेटी की कहानी

Kuldhara village history : कुलधरा के उजड़ने को लेकर सबसे प्रसिद्ध किंवदंती जैसलमेर रियासत के दीवान सलीम सिंह से जुड़ी हुई है। कहा जाता है कि गांव के मुखिया की एक बेहद सुंदर पुत्री थी। उसकी सुंदरता की चर्चा दूर-दूर तक फैली हुई थी। जब यह बात जैसलमेर के प्रभावशाली दीवान सलीम सिंह तक पहुंची तो वह उस युवती से विवाह करने के लिए अड़ गया। उसने गांव वालों पर दबाव बनाना शुरू कर दिया और चेतावनी दी कि यदि उसकी इच्छा पूरी नहीं की गई तो गांव को गंभीर परिणाम भुगतने पड़ेंगे। स्थानीय लोगों के अनुसार सलीम सिंह अपनी कठोरता और अत्याचारों के लिए बदनाम था। गांववाले जानते थे कि यदि उसका विरोध किया गया तो पूरे गांव पर संकट आ सकता है।

सम्मान बचाने के लिए लिया गया ऐतिहासिक फैसला

Kuldhara Rajasthan Ghost Town : कहा जाता है कि संकट की इस घड़ी में गांव के मंदिर परिसर में एक विशाल पंचायत आयोजित की गई। केवल कुलधरा ही नहीं, बल्कि आसपास के कई पालीवाल गांवों के प्रतिनिधि भी इसमें शामिल हुए लंबी चर्चा के बाद सभी ने एकमत होकर फैसला किया कि वे अपनी बेटी और समाज के सम्मान से समझौता नहीं करेंगे। इसके बजाय वे हमेशा के लिए गांव छोड़ देंगे। इसके बाद एक रात ऐसा दृश्य देखने को मिला, जिसने इतिहास में अपनी अलग जगह बना ली।

एक ही रात में खाली हो गया पूरा गांव

स्थानीय मान्यताओं के अनुसार रात के अंधेरे में गांव के सभी परिवार अपने पशुधन, अनाज, जरूरी सामान और परिवार के सदस्यों के साथ कुलधरा छोड़कर निकल गए। सुबह जब लोग जागे तो पूरा गांव खाली मिल चुका था। सबसे बड़ा रहस्य यह है कि वे लोग आखिर कहां गए? इसके बारे में कोई ठोस ऐतिहासिक प्रमाण उपलब्ध नहीं है। माना जाता है कि पालीवाल ब्राह्मण विभिन्न क्षेत्रों में जाकर बस गए, लेकिन कुलधरा कभी दोबारा आबाद नहीं हुआ।

क्या सचमुच दिया गया था श्राप?

लोककथाओं के अनुसार गांव छोड़ते समय पालीवाल ब्राह्मणों ने कुलधरा को श्राप दिया था कि यहां दोबारा कोई बस नहीं पाएगा। यही वजह है कि आज भी कुलधरा को “शापित गांव” कहा जाता है। हालांकि इतिहासकार इस दावे को प्रमाणित नहीं मानते, लेकिन यह कथा आज भी स्थानीय लोगों और पर्यटकों के बीच बेहद लोकप्रिय है।

पानी की कमी भी हो सकती है असली वजह

कुछ शोधकर्ताओं का मानना है कि कुलधरा के उजड़ने का कारण केवल सलीम सिंह नहीं था। क्षेत्र में लगातार बढ़ते जल संकट, सूखती ककनी नदी और खेती की घटती संभावनाओं ने भी लोगों को पलायन के लिए मजबूर किया होगा। ऐतिहासिक अध्ययनों में संकेत मिले हैं कि उस समय पूरे क्षेत्र में जल संसाधनों की उपलब्धता कम होती जा रही थी। इसलिए कई विशेषज्ञ कुलधरा के उजड़ने के पीछे सामाजिक और पर्यावरणीय कारणों को भी महत्वपूर्ण मानते हैं।

आज भी खड़े हैं 400 से अधिक मकानों के खंडहर

कुलधरा में आज लगभग 400 मकानों के अवशेष मौजूद हैं। पत्थरों से बने ये मकान उस समय की स्थापत्य कला और समृद्ध जीवनशैली की कहानी सुनाते हैं। कई घरों में आज भी चूल्हे, पानी रखने के स्थान, बैठने की चौकियां और कमरों की संरचना स्पष्ट दिखाई देती है। इन्हें देखकर ऐसा महसूस होता है जैसे गांववाले अभी कुछ समय पहले ही यहां से गए हों।

भूतिया गांव की पहचान ने बढ़ाया रोमांच

कुलधरा को लेकर कई रहस्यमयी कहानियां भी प्रचलित हैं। स्थानीय लोग बताते हैं कि रात के समय यहां अजीब आवाजें सुनाई देती हैं। कुछ लोगों ने कदमों की आहट, फुसफुसाहट और अनजानी गतिविधियों का अनुभव होने का दावा भी किया है। हालांकि इन दावों की कोई वैज्ञानिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन इन्हीं कहानियों ने कुलधरा को भारत के सबसे चर्चित “हॉन्टेड विलेज” में शामिल कर दिया है।

Chand Baori mystery : राजस्थान की रहस्यमयी बावड़ी, जहां सुरंग में समा गई थी पूरी बारात; अनसुलझा है रहस्य

पर्यटन का प्रमुख केंद्र बन चुका है कुलधरा

राजस्थान सरकार ने कुलधरा को संरक्षित पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया है। पुरातत्व विभाग इसकी देखरेख करता है और गांव के कई हिस्सों का संरक्षण किया गया है। आज यहां रोजाना बड़ी संख्या में देशी और विदेशी पर्यटक पहुंचते हैं। सूर्यास्त के समय सुनहरी रेत और खंडहरों का दृश्य पर्यटकों को विशेष रूप से आकर्षित करता है।

इतिहास, रहस्य और विरासत का अनूठा संगम

कुलधरा केवल एक वीरान गांव नहीं, बल्कि राजस्थान की सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा है। यहां इतिहास और लोककथाएं एक-दूसरे में इस तरह घुली हुई हैं कि सच और कल्पना के बीच की रेखा धुंधली पड़ जाती है। करीब 200 वर्षों बाद भी कुलधरा के सूने रास्ते, टूटे मकान और खामोश मंदिर मानो उस रात की कहानी सुनाते हैं, जब पूरा गांव अचानक गायब हो गया था। यही रहस्य आज भी कुलधरा को राजस्थान के सबसे अनोखे और आकर्षक पर्यटन स्थलों में शामिल करता है।

About the Author

Parmeshwar Singh Chundwat

Editor

Parmeshwar Singh Chundwat ने डिजिटल मीडिया में कॅरियर की शुरुआत Jaivardhan News के कुशल कंटेंट राइटर के रूप में की है। फोटोग्राफी और वीडियो एडिटिंग में उनकी गहरी रुचि और विशेषज्ञता है। चाहे वह घटना, दुर्घटना, राजनीतिक, सामाजिक या अपराध से जुड़ी खबरें हों, वे SEO आधारित प्रभावी न्यूज लिखने में माहिर हैं। साथ ही सोशल मीडिया पर फेसबुक, इंस्टाग्राम, एक्स, थ्रेड्स और यूट्यूब के लिए छोटे व बड़े वीडियो कंटेंट तैयार करने में निपुण हैं।

Visit Website View All Posts
Visitor Views : 150

Post navigation

Previous: LIC New Jeevan Saathi : पति-पत्नी को मिलेगा लाइफ कवर, LIC ने लॉन्च किए 2 नए धमाकेदार प्लान, जानिए फायदे
Next: Ration Card Latest Update : राशन कार्ड धारकों के लिए बड़ा ऐलान, जानिए कैसे मिलेगा सीधा फायदा

Related Stories

Shivnal Mahadev Temple
  • इतिहास / साहित्य

Shivnal Mahadev Temple : 5 हजार साल पुराना त्रिशूल! महाभारत काल का यह शिव मंदिर आज भी समेटे है अनगिनत रहस्य

Parmeshwar Singh Chundwat August 3, 2026
Maharana Pratap Haldighati
  • समाचार
  • इतिहास / साहित्य

Maharana Pratap Haldighati : इस मिट्टी से तिलक करो, ये धरती है बलिदान की… हल्दीघाटी और यहां की मिट्‌टी को नमन करते हैं लोग

Laxman Singh Rathor June 18, 2026
Fathers Day Special Article
  • इतिहास / साहित्य

Fathers Day Special Article : फादर्स डे पर हर बेटे-बेटी को पढ़नी चाहिए ये भावुक बात, दिल छू जाएगी कहानी

Parmeshwar Singh Chundwat June 11, 2026
  • Poltical
  • अजब गजब
  • इतिहास / साहित्य
  • ऑटो
  • कमाई टिप्स
  • कानून
  • क्राइम/हादसे
  • तकनीकी
  • दिन विशेष
  • देश-दुनिया
  • धार्मिक
  • फाइनेंस
  • बायोग्राफी
  • बैंक
  • बॉलीवुड
  • भर्ती
  • मोबाइल
  • मौसम
  • विविध
  • शिक्षा
  • समाचार
  • सरकारी योजना
  • सोना चांदी भाव
  • स्वास्थ्य

Jaivardhan TV

श्रीनाथजी थाना पुलिस की बड़ी कार्रवाई, चोरी की 9 मोटरसाइकिलें बरामद #bikechori #nathdwaranews Jaivardhan News : यह चैनल राजस्थान सहित देश-दुनिया की ताजा, विश्वसनीय और निष्पक्ष खबरों के लिए समर्पित है।Owner & Editor: Laxman Singh Rathore (Journalist)🌐 Website: http://www.jaivardhannews.com
📘 Facebook: Jaivardhannews9
📸 Instagram: @jaivardhannews
🐦 X (Twitter): @jaivardhannews
📧 Business Email: businessjaivardhannews@gmail.com
📞 Mobile: +91 96729 80901सत्य • निष्पक्षता • जनहित
Jaivardhan News : यह चैनल राजस्थान सहित देश-दुनिया की ताजा, विश्वसनीय और निष्पक्ष खबरों के लिए समर्पित है।Owner & Editor: Laxman Singh Rathore (Journalist)🌐 Website: http://www.jaivardhannews.com
📘 Facebook: Jaivardhannews9
📸 Instagram: @jaivardhannews
🐦 X (Twitter): @jaivardhannews
📧 Business Email: businessjaivardhannews@gmail.com
📞 Mobile: +91 96729 80901सत्य • निष्पक्षता • जनहित
श्रीनाथजी थाना पुलिस की बड़ी कार्रवाई, चोरी की 9 मोटरसाइकिलें बरामद #bikechori #nathdwaranews
Jaivardhan News : यह चैनल राजस्थान सहित देश-दुनिया की ताजा, विश्वसनीय और निष्पक्ष खबरों के लिए समर्पित है।Owner & Editor: Laxman Singh Rathore (Journalist)🌐 Website: http://www.jaivardhannews.com
📘 Facebook: Jaivardhannews9
📸 Instagram: @jaivardhannews
🐦 X (Twitter): @jaivardhannews
📧 Business Email: businessjaivardhannews@gmail.com
📞 Mobile: +91 96729 80901सत्य • निष्पक्षता • जनहित
मानसून में बारिश को तरसा राजसमंद, गौमती-बनास में पानी की आवक नहीं#monsoon #rajsamand #jaivardhannews
Jaivardhan News : यह चैनल राजस्थान सहित देश-दुनिया की ताजा, विश्वसनीय और निष्पक्ष खबरों के लिए समर्पित है।Owner & Editor: Laxman Singh Rathore (Journalist)🌐 Website: http://www.jaivardhannews.com
📘 Facebook: Jaivardhannews9
📸 Instagram: @jaivardhannews
🐦 X (Twitter): @jaivardhannews
📧 Business Email: businessjaivardhannews@gmail.com
📞 Mobile: +91 96729 80901सत्य • निष्पक्षता • जनहित
दूध से भरा टैंकर पकड़ा, 1600 लीटर दूध पर मिलावट का शक #milk #udaipurnews #jaivardhannews
Subscribe

वेब स्टोरी

  • Home
  • ई-पेपर
  • ई-पत्रिका
  • तकनीकी
    • ऑटो
    • मोबाइल
  • क्राइम/हादसे
    • अजब गजब
  • फाइनेंस
    • बैंक
    • कमाई टिप्स
  • मौसम
    • स्वास्थ्य
  • बायोग्राफी
  • सरकारी योजना
    • शिक्षा
    • भर्ती
  • विविध
    • देश-दुनिया
    • इतिहास / साहित्य
    • Jaivardhan TV
  • धार्मिक
  • दिन विशेष
  • कानून
  • वेब स्टोरी
  • Privacy Policy